जिला मुंगेर से विपिन कुमार जी कहते है कि मुंगेर प्रखंड क्षेत्र के सरकारी विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चो को निजी स्कूलो की तर्ज पर अब हर महीना जाँच परीक्षा देनी होगी, बच्चो के मासिक एवं बौद्धिक विकास के लिए मानव संसाधन विकास की और से यह पहल की गयी है। परीक्षा में कमजोर बच्चो को शिक्षकों के द्वारा बेहतर शिक्षा मुहैया कराने की योजना है ताकि बच्चो के प्रतिभा को बेहतर बनाया जा सके साथ ही उसे निखारा भी जा सके।

जमालपुर से इम्तियाज़ आलम जी कहते कि जमालपुर-भागलपुर रेलखंड के रतनपुर स्टेशन के पास रविवार को रेल पटरी क्रैक होने से एक घंटा तक ट्रेनों का परिचालन बाधित रहा। ट्रैन के बाधित होने से यात्रीगण परेशान नजर आये। दिन के दो बजे ट्रैक मैन ने निरिक्षण के दौरान देखा कि रतनपुर स्टेशन के पास पटरी क्रैक हो गया है , इन्होंने तत्काल इसकी सुचना उच्चाधिकारी को दी और इसकी खबर मिलते है जालमपुर से पी.डब्ल्यू.आई विभाग के टीम पहुंची और ट्रेनों का आवागमन बंद कर पटरी दुरुस्त का काम शुरू करने का निर्देश दिया । करीब एक घंटे के मसक्कत के बाद रेल पटरी दुरुस्त कर ट्रैन परिचालन शुरू किया गया। दोस्तो अगर आप भी हमसे इस तरह की जानकारी साझा करना चाहते है तो मिस्ड कॉल दे हमारे निशुल्क नंबर 08800984861 पर .

जमालपुर से प्रिंस जी मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते है कि श्रावणी मेला शुरू होते ही मोरल स्टेशन जमालपुर से गुजरने वाली अधिकांश ट्रेनो में कावंरियो की भीड़ उमड़ने लगी है सबसे ज्यादा भीड़ श्रावणी मेला स्पेशल गोरखपुर-देवघर एवं सारदा-भागलपुर ट्रेनों में देखी गयी है। गोरखपुर-देवघर सुबह पौने आठ बजे स्टेशन पहुंची जबकि सारदा-भागलपुर दिन के डेढ़ बजे। स्टेशन पर बोलबम का स्वर गूंजने लगी।हर जगह कावंरियो के भीड़ देखे गए,ट्रेन घुसते ही कावंरियो को पानी के लिए मारा-मारी करते देखे गए,हालाँकि स्टेशन अधीक्षक ने बताया कि कावंरियो एवं यात्रियों के लिए स्टेशन में पानी की कोई किल्लत नही है।

प्रखंड-जमालपुर,मुंगेर,बिहार से इम्तिआज आलम जी मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे है कि 20 जुलाई से शुरू हो रहे विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला को लेकर 300 जवानों को रेल जिला जमालपुर क्षेत्र में सुरक्षा सेवा में तैनात किया गया है,रेल जिला जमालपुर क्षेत्र के सभी कानून व अपराध नियंत्रण केंद्रों पर 20-20 जवान तैनात किए गए है, रेल एस.पी. स्वप्न जी ने बताया कि तुरंत अनुक्रिया टीम का गठन किया गया है ओर कहा कि सुल्तानगंज में महिला काँवरियो के लिए खास मदद केंद्र स्थापित किया गया है, इसके साथ एक एम्बुलेंस, दण्डाधिकारी, चिकित्सा कंट्रोल रूम आदिं मौजूद होंगे।

जमालपुर से इम्तियाज़ आलम जी मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते है कि 20 जुलाई से शुरू हो रही प्रशिद्ध श्रावणी मेला को लेकर पूर्व रेलवे मंडल की और से दो स्पेशल चलाये जाएगी,19 जुलाई से गोरखपुर-देवघर और 20 जुलाई से सहरसा -भागलपुर के लिए श्रावणी मेला स्पेशल ट्रेनों का परिचालन होगी। श्रावणी मेला को लेकर अभी से ही कावंरियों के भीड़ ट्रेनों में देखी जा रही है, रेल प्रशासनों ने कावंरियों के सुरक्षा के लिए विशेष इंतज़ाम किया है।इसी तरह आप भी बाँट सकते है अपना विचार और अनुभव हमारे निःशुल्क 08800984861 पर मिस्ड देकर।

जमालपुर से इम्तियाज़ आलम जी मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे है की "दक्षता परीक्षा में 50 शिक्षक लेंगे भाग" बिना दक्षता परीक्षा पास किये नौकरी कर रहे शिक्षकों के लिए परीक्षा पास करने का अंतिम मौका 19 जुलाई होगा | इस परीक्षा में फेल करने पर नौकरी खत्म हो जाएगी | सरकार ने दक्षता पास नहीं करने वाले शिक्षकों के लिए 19 जुलाई को परीक्षा आयोजित की है |दक्षता परीक्षा में हिस्सा लेने वाले शिक्षकों का एडमिट कार्ड का वितरण करना शुरू कर दिया गया है | शिक्षकों की सुविधा के लिए एडमिट कार्ड संबंधित शिक्षक के स्कूल के सी.आर.पी. पर भेजा गया है | बी.ओ. मंजू कुमारी ने बताया की दक्षता परीक्षा के लिए जितने शिक्षकों ने आवेदन दिया है उन सभी का एडमिट कार्ड आ चूका है | ऐसे भी शिक्षक है जो दो बार दक्षता परीक्षा में फेल कर चुके है | उन्होंने बताया की सरकार ने बिना दक्षता परीक्षा पास किये शिक्षकों को दक्षता परीक्षा पास करने का अंतिम मौका दिया है |

जमालपुर से इम्तियाज़ आलम जी मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे है की तय समय में नहीं बन पाया बाईपास। वे बताते है की मुंगेर रेल ब्रिज होकर भागलपुर जाने वाली ट्रेनों का परिचालन के लिए दौलतपूर से रेलवे पुल नंबर 212 तक निर्माण किया जा रहा बाइपास को तय तिथि फिर से फ़ैल हो गई है। रेलवे बोर्ड ने कंस्ट्रक्शन विभाग को 30 जून के बाद इसकी समय सिमा बढ़ा कर 15 जुलाई कर दी फिर भी काम पूरा नहीं हुआ। डिप्टी चीफ कंस्ट्रक्शन इंजीनियर ने बताया की तय समय सीमा में कार्य पूरी करने की कोशिश की जा रही है ,लेकिन मानसून के कारण 15 दिन और लगने की उम्मीद है। उन्होंने यह भी बताया की पट्टी के बिछ जाने के बाद ट्रायल के रूप में माल गाड़ी चलाई जाएगी, उसके बाद सी.आर.एस जाँच के बाद ही निर्माण कार्य पूरा माना जाएगा। अगर आप भी हमसे इस तरह की जानकारी साझा करना चाहते है तो हमारे निशुल्क नंबर 08800984861 पर मिस्ड कॉल दे।

जमालपुर प्रखंड से प्रिन्स जी ने मोबाइल वाणी को बताया कि अब नगर परिषद के अधिकारियों व कर्मचारियों की हाज़री अंगूठे के निशान से ही बनेंगे। इसके लिए नगर परिषद जमालपुर में 1 जुलाई से बायोमैट्रिक एटेंडेंस सिस्टम लागू कर दी गई है। नगर परिषद में देर से आने वाले अधिकारियों व कर्मचारियों को देखते हुए दो बायोमैट्रिक मशीन लगाए गए है। इसके लिए कर्मचारियों का रजिस्ट्रेशन किया जायेगा। रजिस्ट्रेशन कराने के लिए आधार नंबर सहित अन्य आईडी भी लिखनी पड़ेगी। यदि मशीन का किसी कारणवस सर्वर डाउन रहा तो, उस स्थिति में विभाग के मुख्यालय को तत्काल सूचित किया जायेगा ताकि समय पर मशीन को ठीक किया जा सकेगा।

जमालपुर से प्रिंस जी ने मोबाइल वाणी को बताया कि जमालपुर के सरस्वती विद्यामंदिर दौलतपुर मे रविवार को अभिभावक गोष्ठी का अायोजन किया गया। गोष्ठी की अध्यक्षता राणा प्रताप सिंह ने की। कार्यक्रम की शुरुअात मुख्य अतिथि वीरेंद्र मंडल और प्रधानाध्यापक रविंद्र शर्मा ने संयुक्त रूप से द्वीप प्रज्वलित कर किया। कार्यक्रम के दौरान प्रधानाध्यापक रविंद्र शर्मा ने कहा कि संस्कार के बिना शिक्षा अधूरी है। अभिभावकों के सहयोग से ही विद्यालय मे पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को शिक्षा के शिखर की अंतिम उचाई तक पहुँचाया जा सकता है। बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ अन्य क्षेत्रों मे अग्रसर होन के लिए भी प्रेरित करने की जरूरत है। तभी बच्चों का समुचित विकास हो पाएगा। दोस्तों अगर अाप भी इस तरह की कोई जानकारी मोबाइल वाणी के साथ बाँटना चाहते हैं ,तो मिस्ड कॉल जरूर करें हमारा निःशुल्क नंबर -08800984861 पार्।

जिला मुंगेर से प्रिन्स कुमार जी मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते है की अब मरीजो को रेफर करना चिकित्सको को महंगा पड़ेगा। रेफर करने से पहले मरीज की चिकित्सा करनी है पीएचसी से लेकए सदर अस्पताल तक रेफर की स्थिति पर लगाम लगाने के लिए सिविल सर्जन डॉक्टर बैजनाथ ने आदेश जारी करते हुए कहा की अस्पताल की एमरजेंसी मे अनेवाली मरीजो की प्राथमिक चिकित्सा बेहतर होनी चाहिए।अस्पताल मे रेफर मरीज की केस स्टडी होगी उसमे लापरवाही पाए जाने पर कडी कारवाई होगी ,पीएचसी या सदर अस्पताल मे मरीजो को इलाज मे कोई दिक्कत नही होनी चाहिए। रेफर की स्थिति मे मरीजो का मानसिक शोषण ना हो.