बारिश के जल जमाव से आक्रोशित ग्रामीण
एसडीओ ने लिया बाढ़ प्रभावित पंचायतों का जायजा, समस्तीपुर। वैश्विक महामारी कोरोना के साथ-साथ बाढ़ की विभीषिका का दंश झेल रहे सिंघिया प्रखंड में सृष्टि संगम के सचिव नीरज कुमार सिंह ने एक दिन पूर्व ही सिंघिया प्रखंड के जायजा लिया था और प्रशासन से इस दिशा में ठोस कदम उठाने के लिए आग्रह किया था इस खबर के आलोक में अनुमंडल पदाधिकारी रोसड़ा अमन कुमार सुमन ने अगले ही दिन सिंघिया प्रखंड के विभिन्न बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों का जायजा लिया एवं बाढ़ के कारण स्थानीय जनता को हो रही असुविधाओं का आकलन किया। जिले के सिंघिया प्रखंड में धीरे - धीरे बाढ़ की स्थिति भयावह होती जा रही है। पिछले दिनो में हुई लगातार बारिश के कारण क्षेत्र होकर बहने वाली करेह , कमला व जीवछ नदी का जल स्तर खतरे के निशान से ऊपर आ गया है। जिस कारण दिन प्रति दिन नए नए इलाके में बाढ़ का पानी फैलता ही जा है। स्थिति यह है की प्रखंड के कुंडल टू , क्योटहर , महरा , हरदिया , बंगरहट्टा , वरि , पंचायतों के किसानों के धान की फसल पूरी तरह डूब चुके हैं वहीं निरपुर भररिया, सिंधिया टू, सालेपुर, विष्णुपुर डीहा, जहांगीरपुर, सिंघिया पंचायत के खेतों में भी बाढ़ का पानी बढ़ता जा रहा है। वहीं निचले इलाका के गांव कुंडल टू पंचायत के विपहरिया, मुशहरनिया, कविलासी, फुलवरिया, भरहर, भारसो, क्योटहर के मुंगेला, जीवुडुहुली, एवं सालेपुर के भरहर के लोगों की परेशानी बढ़ गई है। लोग दहशत में आ गए हैं । शनिवार को अनुमंडल पदाधिकारी अमन कुमार सुमन ने सिंघिया प्रखंड लोगों की व्यथा सुन कर सिंघिया 2 पंचायत के वार्ड 8 में बाढ़ के जल जमाव का जायजा लिया एवं जल्द से जल्द जल निकासी सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया।
विधायक अख्तरुल इस्लाम शाहीन ने रविवार को समस्तीपुर प्रखंड क्षेत्र में बूढ़ी गंडक नदी के तटबंध के संवेदनशील स्थलों का निरीक्षण किया। इस दौरान मगरदही घाट , चौधरी घाट , नीम गली , प्रसाद घाट , पेठिया गाछी , कोठी घाट जितवारपुर , हकीमाबाद घाट , मोरदीवा घाट तथा चकनूर घाट सहित अन्य स्थलों का निरीक्षण किया । उन्हाेंने नदी के बढ़ रहे जलस्तर के बारे में जनप्रतिनिधियों, ग्रामीणों तथा विभागीय अधिकारियों से जानकारी प्राप्त की। विधायक ने सभी लोगों से हमेशा सजग रहने की अपील की। उन्होंने विभाग द्वारा की गई तैयारियों को भी देखा तथा उसके बारे में पूछताछ की। इसके बाद वे मोरदीवा पंचायत के रसलपुर गांव के उस संवेदनशील स्थान को देखने पहुंचे जहां नदी की धारा प्रत्येक वर्ष बांध पर भारी दबाव बनाती है तथा वहां तेज कटाव भी होता है। यहां विधायक ने तटबंध के सभी संवेदनशील स्थल का बारीक निरीक्षण किया। इस स्थान पर बाढ़ को रोकने के लिए की गई तैयारी देखी एवं आवश्यक निर्देश दिए। विधायक ने वहां तैनात चौकीदारों को सदैव चौकस रहने को कहा। विधायक ने रसलपुर में नदी के तीव्र दबाव को देखते हुए वहां तत्काल तार की बनी जाली से बोल्डर को संरक्षित करने की मांग सरकार से की । मौके पर जिला राजद प्रवक्ता राकेश कुमार ठाकुर , राजद प्रखंड अध्यक्ष उमेश प्रसाद यादव उर्फ टुनटुन यादव , युवा राजद के प्रदेश महासचिव पप्पू यादव , उप प्रमुख राजेश कुमार , पैक्स अध्यक्ष सुनील कुमार शोले , पूर्व मुखिया वृजनंदन राय, जिला राजद नेता प्रमोद कुमार पप्पू , मनोज कुमार राय, रविन्द्र कुमार रवि , मनोज पटेल , ज्योतिष महतो , विजय कुमार महतो , रालोसपा नेता मुकेश कुमार , नगर राजद अध्यक्ष जितेन्द्र प्रसाद उर्फ नन्नकी, यादव सेना के प्रांतीय संयोजक सतीश यादव , अजित आनंद , ब्रजेश कुमार , नंदन यादव , समाजसेवी मोo अजहर, संजय कुमार मुन्ना , डाo निजाम, डब्लू कुमार तथा अहमद हुसैन भी मौजूद थे l
बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला के रेलवे ओवर ब्रिज के पुल से ले कर मोहनपुर तक के टूटे हुए रोड पर देखा गया की कई गड्ढें थे। बिते दिन जब इस खबर को मोबाइल वाणी पर प्रसारित किया गया और खबर का असर ये हुआ की अब टूटे हुए रोड पर मिटटी और बालू भर कर गड्ढे को बंद किया गया है,बल्कि मोहनपुर में भी कई गड्ढों को बंद किया गया है। मोबाइल वाणी पर चले खबर का ये असर दिखा।
मोहनपुर में गंगा नदी का जलस्तर खतरे के निशान तक पहुंचा
मोहनपुर में संभावित विधानसभा चुनाव को लेकर एसडीएम ने किया बूथों का सर्वेक्षण
कोरोना पाज़िटिव मिलने पर मोहिउद्दीननगर सीएचसी को किया सील
भाकपा माले के जिला कमिटी सदस्य सह अंचल सचिव रामचंद्र प्रधान एवं सामाजिक कार्यकर्ता नजरे आलम सिद्धीकी की टीम पानी में हेलकर सैकड़ों लोगों से मिलकर पुनर्वास एवं सरकारी राहत कार्य का जायजा रविवार को लिया. इस दौड़ान राहत सामग्री की मांग पर बाढ़ पीड़ितों द्वारा सड़क जाम स्थल पर जाकर बातचीत भी किया. इस दौड़ान बड़ी संख्या में लोगों ने उनसे मिलकर पीड़ा की इस घड़ी में अपना दुख-दर्द साझा किया. नेताद्वय ने कहा कि प्रखंड क्षेत्र के सभी पंचायतों में बाढ़ की स्थिति जानलेवा होती जा रही है. क्षेत्र में नदियों का जलस्तर दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है. ऐसी स्थिति में सरकार द्वारा किसी भी प्रकार का राहत सामग्री,स्वास्थ्य कैंप, जीवन रक्षक दवाई, पशु चारा, गर्भवती महिलाओं के लिए विशेष स्वास्थ्य कैंप, विस्थापित परिवारों को सूखा भोजन, रैन बसेरा, प्रभावित स्थानों से मुख्य सड़क तक आने के लिए नाव, नाविक की बहाली, शुद्ध पेयजल की व्यवस्था आदि अभी तक नहीं की गई है. इस कारण लोगों का जीवन-लीला बाढ़ की विभीषिका को झेलते हुए समाप्त होती दिख रही है.उन्होंने कहा कि एक तो कोरोना वायरस संक्रमण से संघर्ष करने में क्षेत्र के लोग काफी परेशान हैं. ऊपर से प्रकृति द्वारा बाढ़ की विभीषिका को झेलने को मजबूर हैं. नेताद्वय ने राज्य सरकार पर घोर आपत्ति व्यक्त करते हुए कहा कि प्रखंड क्षेत्र के प्रभावित क्षेत्रों में समता मूलक अधिकार से वंचित आम लोगों की जीवन बचाने में सरकार विफल रही है. यदि बाढ़ से परेशान लोगों को उचित एवं आवश्यक व्यवस्था पूरी नहीं की जाती है तो लोग आंदोलन करने पर विवश होंगे. माले नेता ने तुरत जिला से लेकर प्रखंड एवं पंचायत अनुश्रवण समिति की बैठक बुलाकर बाढ़ से बचाव एवं राहत चलाने की मांग पर यथाशीघ्र निर्णय लेने की मांग प्रशासन से की। सुनने के लिए ऊपर के ऑडियो पर क्लिक करें।
समस्तीपुर के बूढ़ी गंडक नदी के बढ़ते जलस्तर से लोगों में भय का माहौल उत्पन्न। नदी किनारे बसे लोगों के घरों में पानी घुस जाने के कारण मजबूरन बांध पर टेंट बनाकर रहने पर मजबूर।
* ताजपुर में मंदिर एवं सरकारी जमीन को हड़पने की कोशिश जारी, अधिकारी मौन, जनता उतरेगी सड़क पर- सुरेन्द्र सिंह ताजपुर 26 जुलाई '20 विभागीय अधिकारी के मेल से प्रखण्ड में लगातार सरकारी एवं मंदिर की जमीन को हड़पने की कोशिश जारी है. इसके तहत पोखर, सड़क की जमीन, विनोबा भाबे की दान की जमीन, मंदिर, स्थल, गुरूद्वारा आदि की जमीन पर भूमाफिया की नजर टीकी हुई है. ऐसे जमीन को फर्जी तरीके से कब्जा जमाने का खेल धड़ल्ले से जारी है. इसे लेकर कई जगह जनता एवं भूमाफिया के बीच खूनी टक्कर की भी संभावना है. मोतीपुर सुभाष चौक के ताजपुर- समस्तीपुर मुख्य सड़क से लगे शिव मंदिर की खाता संख्या- 104 एवं केसरी संख्या-236, रकबा -2 कट्ठा 6 धूर करोड़ रूपये की जमीन पर भूमाफिया की नजर लगी हुई है. इसे ऐन केन प्रकारेण हड़पने की कोशिश जारी है. स्थानीय सुरेन्द्र साह आदि के नेतृत्व में इसे बचाने की जीतोड़ कोशिश भी जारी है लेकिन स्थानीय भाजपा नेताओं द्वारा भूमाफिया को संरक्षण दिए जाने से मामला उलझ कर रह गया है. स्थानीय लोगों के पहल उच्चाधिकारी के आदेश के आलोक में सीओ एवं ताजपुर पुलिस द्वारा जमीन की मुआयना एवं भूमापी भी कराये जाने की जानकारी भी मिली है लेकिन रिपोर्ट अप्राप्त है. जांच के दौरान लोगों के सड़क पर उतरकर संघर्ष चलाने की घोषणा भी की है. भाकपा माले प्रखंड सचिव सुरेन्द्र प्रसाद सिंह ने बताया कि योगियामठ, मोतीपुर छठिआरी पोखर, बहादुरनगर, बाजार क्षेत्र के डाकबंगला के पास शिव मंदिर, पांडे पोखर, गुरूद्वारा, मुसाफ़िर खाना आदि की जमीन विभागीय अधिकारी, कर्मी आदि को मिलाकर भूमाफिया कब्जा कर लिए या कब्जा होने के कागार पर है. माले नेता ने बताया कि उक्त जमीन के पुराने किसी फरीक़ के सदस्य को खोजकर फर्जी रजिस्ट्री कराकर कब्जा जमा लेने का जबरदस्त खेल जारी है. माले नेता ने स्थानीय भाजपा नेताओं पर भूमाफिया को संरक्षण देने का आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा इस कुकृत्य से बाज आये वरणा स्थानीय जनता के साथ मिलकर भाकपा माले आंदोलन करेगी. उन्होंने कहा कि कई जगह स्वयं भाजपा नेताओं ने ही जमीन पर सीधे कब्जा किया है तो कई जगह लेनदेन कर माफिया को संरक्षण दिया है. उन्होंने जांच कर दोषियों पर कारबाई करने की मांग की है. माले नेता ने ताजपुर भाजपा को चैलेंज देते हुए कहा माले तैयार है,भाजपा नेता चाहे तो सामुहिक बैठक बुलाकर, जनगोलबंदी, प्रेस कॉन्फ्रेंस या अन्य माध्यमों से डीबेट कर लें.
