बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला से मोबाइल वाणी संवाददाता रत्न शंकर जानकारी दे रहे हैं की विद्यापतिनगर प्रखंड के सिमरी पंचायत व बंगराहा पंचायत में नल जल योजना का लाभ ग्रामीणों को नहीं मिल रहा हैं। सिमरी में 14 वार्ड हैं। जिनमें तीन वार्ड में पानी ठीक से पहुंचती हैं लेकिन बाकी के वार्डों में सभी कार्य अधूरे हैं। दूसरी तरफ़ बंगराहा पंचायत के अधिकांश गांव में योजनाएं बदतर स्थिति में हैं। हाल के दिनों में हर-घर नल का जल से लेकर गली नाली चमकाने में सिर्फ जनप्रतिनिधियों और अफसरों की चांदी कटी है, जनता आज भी बेहतरी की आस में आंखे फाड़े विकास के आने का राह ताक रही है।पंचायत में हर घर नल का जल योजना फेल हो चुकी है। ठेकेदार से लेकर अधिकारी तक एक दूसरे से मिले हुए हैं। 5 सालों में अब तक किसी ने भी शुद्ध पेयजल की व्यवस्था नहीं कराई है। लोग चापाकल का पानी पी रहें हैं। जबकि अधिकारी अपने कार्यालय में आरो का पानी मंगाते हैं। कई वार्ड में पाइप बिछा, तो कई में यह भी नदारद सिमरी पंचायत के सभी वार्डों को हर घर-नल का जल योजना से नहीं जोड़ा गया है। आलम यह है कि वार्ड में नागरिक शुद्ध पेयजल की आस में पाइप लाईनों पर नजर गड़ाएं हैं, तो कई वार्डों में पाइपलाईन तक नहीं बिछायी गयी है।

विद्यापतिनगर प्रखंड में 25 मई को होने वाले पंचायत उपचुनाव को लेकर एनआर रशिद काटने का कार्य शुरु हो गया है। तीसरे दिन मात्र एक पद के लिए बाजिदपुर पंचायत के वार्ड दो में रिक्त पड़े स्थान पर चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशी विभा देवी ने एनआर रशीद कटवायी है। एनआर रशीद काटने के दौरान किसी भी प्रकार की परेशानी न हो जिसको लेकर दो टेबल बना कर दो कर्मी नियुक्त किया गया है। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

विद्यापतिनगर नवनियुक्त प्रखंड खाद्य आपूर्ति पदाधिकारी के रूप में शनिवार को राजेश कुमार भगत ने पदभार ग्रहण किया, पदभार ग्रहण करने के बाद प्रखंड खाद्य आपूर्ति पदाधिकारी ने बताया कि हमारा पहला काम लोगों को समय पर अनाज दिलाने की व्यवस्था करना है, उपभोक्ताओं को समय पर राशन मिल सके, इस दिशा में डीलरों एवं अन्य संबंधित लोगों के साथ बात किया जाएगा। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

विद्यापतिनगर। प्रखंड स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रसव के लिए आईं महिलाओं को खाना या नाश्‍ता नहीं दिया जाता। स्‍वजन घर से ही खाना लेकर आते हैं। यहां भर्ती मरीज को सुबह में नाश्‍ता, दोपहर में खाना और रात का भोजन देने का प्रावधान है। लेकिन ऐसा हो नहीं रहा। रात्रि को भर्ती मरीजों को खाना या नाश्‍ता नहीं मिला। भर्ती मरीजों के स्‍वजनों ने बताया कि उन्‍हें नाश्‍ता या भोजन नहीं मिला। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में आउटसोर्सिंग के माध्यम से खाने की व्‍यवस्‍था है। इसके लिए संवेदक का चयन किया है। लेकिन संवेदक ने इस कार्य के लिए स्थानीय एक व्‍यक्ति को जिम्मेवारी सौंप दी है। इस कारण मनमर्जी चल रही है। स्थानीय हरपुर बोचहा निवासी मरीज नीतू कुमारी ने बताया कि बुधवार की शाम अस्पताल में पहुंची लेकिन रात में खाना नहीं दिया गया। सुबह 11 बजे तक नास्ता भी नहीं दिया गया और हमे छुट्टी भी कर दी गई। अन्य भर्ती मरीजों ने कहा कि यहां भर्ती किसी भी मरीज को रात में खाना और सुबह में नाश्‍ता नहीं मिला है। स्‍थानीय लोगों ने कहा कि अस्पताल में बड़े पैमाने पर अनियमितता है। मरीजों को खाना या नाश्‍ता नहीं मिलता।संवेदक के क्रियाकलाप की जांच होनी चाहिए। इधर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. मदन कुमार ने कहा कि खाना और नाश्‍ता नहीं मिलने की जानकारी मिली है। संवेदक की ओर से नियुक्‍त व्‍यक्ति से जवाब-तलब किया जा रहा है।इस खबर को सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।

विद्यापतिनगर। सरकार व जिला प्रशासन के द्वारा लगातार दी जा रही सख्त निर्देश के बावजूद भी आंगनबाड़ी केंद्र संचालन में कोई सुधार नहीं हो पा रहा है। मनियारपुर पंचायत के केंद्र संख्या 12 की सेविका सोभा कुमारी जहां केंद्र से गायब मिले जबकि केंद्र पर लगभग आधा दर्जन बच्चों संग सहायिका सिमा कुमारी केंद्र संचालन करते हुए पाया गया। पंचायत के वार्ड नं 5 में अवस्थित आंगनबाड़ी केंद्र पर बच्चों को न तो ड्रेस उपलब्ध था न ही बच्चों द्वारा मीनू के अनुसार आहार उपलब्ध देखी गई। स्थानीय लोगों ने बताया कि अक्सर बगैर सेविका के हीं सहायिका के भरोसे केंद्र की औपचारिक संचालन की जाती है। लगातार सीडीपीओ से शिकायत की जाती है लेकिन सेविका सुनने को राजी नहीं। प्रखंड में अधिकांश आंगनबाड़ी केंद्र का संचालन सिर्फ कागजों पर संचालित होने की शिकायत निरंतर होती हैं। पंचायत के जनप्रतिनिधियों सहित राजनितिक दलों के कार्यकर्ताओं ने बताया कि बाल विकास परियोजना के सीडीपीओ का महज प्रभार में रहने के कारण सही समय से नीरीक्षण नहीं हों पा रही हैं। इस बाबत जब सीडीपीओ से संपर्क करने की कोशिश मोबाइल बंद रहने के कारण विफल रही।इस खबर को सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें। 

विद्यापतिनगर। प्रखंड मुख्यालय के वाया नदी पर बने बांध के बाएं सड़क जो बाजिदपुर पंचायत होते साहिट, बलकृष्णपुर मड़वा, मऊ धनेशपुर दक्षिण पंचायत होते शेरपुर तक जाने वाली सड़क की स्थिति काफी जर्जर हो गई है। इससे वहां की बड़ी आबादी को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। यह पथ कई पंचायतों को प्रखंड मुख्यालय से जोड़ने वाला मुख्य संपर्क पथ है। इसके बावजूद 5 वर्षों से यह पथ उपेक्षित पड़ा हुआ है। सड़क की कुल लंबाई लगभग 8 किमी है। सड़क पर जगह-जगह गड्‌ढे बन गए हैं और गिट्टी निकली हुई है। सड़क की खस्ताहाल को देखते हुए लोगों ने अब इस सड़क से आना-जाना छोड़ दिया हैं। जबकि बहुत बड़ी आबादी इस सड़क पर निर्भर है। अनाज उत्पादन कर बाजार पहुंचाना, बच्चों का स्कूल आना-जाना, रोगियों को डॉक्टर के पास ले जाने में ग्रामीणों को इन दिनों कड़ी मशक्कत करनी पड़ती है। सड़क की हालात बद से बदतर बनी हुई है। इस रास्ते से किसी भी चार पहिया वाहन को ले जाने से पहले 10 बार सोचना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना हैं कि बराबर दुर्घटना होती रहती हैं। जर्जर सड़क के कारण आवागमन में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।इस खबर को सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें। 

विद्यापतिनगर। प्रखंड के राजकीयकृत मध्य विद्यालय गढ़सिसई के प्रांगण में क्षमतालय फाउंडेशन एवं विद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में बाल संसद के गठन के लिए लोकतांत्रिक प्रक्रिया अपनाते हुए विद्यालय में बच्चों के बीच मतदान की प्रक्रिया पूर्ण कराई गई। बच्चों ने विभिन्न पदों यथा प्रधानमंत्री, शिक्षा मंत्री, स्वास्थ्य एवं सफाई मंत्री, जल एवं कृषि मंत्री, खेल एवं संस्कृति मंत्री, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ मंत्री पद के लिए 4-4, आपदा प्रबंधन मंत्री के लिए 3 तथा पुस्तकालय एवं विज्ञान मंत्री के पद के लिए 2 कुल 49 बाल संसद उम्मीदवारों के लिए मतपत्र के माध्यम से अपना मतदान दिया। चुनाव की प्रक्रिया में पीठासीन पदाधिकारी के रूप में कुमारी प्रीति भारती, प्रथम मतदान पदाधिकारी के रूप में कुमारी सपना स्वराज, द्वितीय मतदान पदाधिकारी के रूप में मानसी राय, तृतीय मतदान पदाधिकारी के साथ-साथ प्रभारी एचएम रूणम कुमार ने अपनी सक्रिय भागीदारी निभाकर अपने कर्तव्य को परिभाषित किया। बाल संसद के प्रधानमंत्री पद की उम्मीदवार बनकर छात्र एवं छात्राएं काफी हर्षित थे। इस बाल संसद निर्वाचन में 300 से ज्यादा बच्चों ने भाग लेकर अपने-अपने मताधिकार का प्रयोग किया। क्षमतालय फाउंडेशन के अभिषेक तिवारी ने बताया कि वोटो की गिनती एवं विजयी उम्मीदवारों को प्रमाण पत्र शनिवार को दिया जायेगा। जबकि मंत्रिमंडल का गठन एवं शपथ ग्रहण समारोह सोमवार को होगा। चुनावी प्रक्रिया में शिक्षक प्रकाश कुमार, मंजू कुमारी, प्रणव कुमार, राहुल कुमार, रीता कुमारी, रेखा रानी, राजा कुमार ठाकुर सहित छात्र-छात्रा उपस्थित थे।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर। 

विद्यापतिनगर बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के निर्देश पर प्रखंड के सभी उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों में बुधवार से ग्यारवीं में अध्ययनरत सभी संकायों की आंतरिक जांच परीक्षा प्रारंभ हुई । इंटरमीडिएट (सत्र 2022-24) के प्रथम वर्ष की आंतरिक जांच परीक्षा के आयोजन को लेकर प्रखंड मुख्यालय स्थित विद्यापति उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मऊ वाजिदपुर दक्षिण, विद्यापति उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मऊ वाजिदपुर उत्तर, उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बढ़ौना एवं उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बालकृष्ण पुर मड़वा में परीक्षा के पहले दिन छात्र छात्राओं में खासा उत्साह देखने को मिला। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

विद्यापतिनगर प्रखंड के पांच पंचायतों में वार्ड सदस्य व पंच पदों के रिक्त सीटों पर होने वाले उपचुनाव की तिथि निर्धारित होते ही प्रशासनिक तैयारी पूरी कर ली गई हैं। यह जानकारी देते हुए सांखिकी पदाधिकारी सह एआरओ रंजीत कुमार ने बताया कि प्रपत्र पांच में सूचना का प्रकाशन के अनुसार तीन से नौ मई तक नामांकन, 10 से 12 मई तक नामांकन पत्रों की संवीक्षा, 15 मई को नामांकन वापसी की तिथि तथा मई को ही अभ्यर्थियों की सूची का प्रकाशन एवं प्रतीक चिह्न का आवंटन, 25 मई को मतदान तथा 27 मई को मतगणना की तिथि निर्धारित की गई है। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला से मोबाइल वाणी संवाददाता रत्न शंकर जानकारी दे रहे हैं की विद्यापतिनगर प्रखंड अंतर्गत सिमरी पंचायत क्षेत्र के आसपास के ग्रामीण क्षेत्र को जोड़ने वाली अधिकांश सड़कें जर्जर हो गई। सिमरी के समीप मजार से गढ़सिसई होते हुए प्रखंड पथ में मिलने वाली रोड में जगह-जगह गढ्ढ़े बन गए हैं। इससे आए दिन सड़क हादसे होते रहते हैं। बरसात के दिनों में तो अक्सर हादसे होते रहते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों को प्रखंड मुख्यालय से जोड़ने वाली इस मुख्य सड़क की अनदेखी का मलाल लोगों में देखा जा रहा है। जबकि इस सड़क में दिनभर वाहनों की आवाजाही लगी रहती है। सिमरी पंचायत सहित आसपास के कई गांवों के आवागमन का मुख्य सड़क होने के चलते लोगों को इस मार्ग से सफर करने में भारी कठिनाई हो रही है। छोटे वाहन चालकों को तो इस मार्ग से गुजरने में खासी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। वहीं पैदल राहगीरों को यह डर हर समय बना रहता है कि बगल से वाहन निकलते समय उखड़ी हुई गिट्टी छिटककर उसे घायल ना कर दें।