विद्यापतिनगर में बाढ़ आने से गंगा नदी में उफान आई है। लगातार अपने लाल निशान से ऊपर बह रही है। वहीं बढ़ते गंगा के जलस्तर के कारण प्रखंड के वाया नदी उफान पर है और यहां के दस गांव की परेशानी काफी बढ़ गयी है लेकिन, अधिकारियों के द्वारा अभी तक इस पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। ग्रामीण बताते हैं कि गंगा का जल स्तर बढ़ गया है जिससे वाया नदी भी उफान पर है और लगातार जल स्तर बढ़ रहा है इसलिए पशुओं को अब चिनिगिया तटबंध किनारे सड़क पर बांध कर रखना बेबसी बन गया है।वहीं ग्रामीणों का कहना है कि न रहने को ठिकाना है और न सोने को घर। ऐसी स्थिति में प्रभावित गांव के ग्रामीण सड़क पर बसेरा लेने को विवश हो गए हैं और अपनी पशुओं को सड़क पर बांधकर रख रहे है। साथ ही ग्रामीणों का यह भी कहना है कि पशुपालन विभाग भी पशुओं की सुरक्षा के लिए कोई बेहतर कदम नहीं उठा रहा है जबकि सभी ग्रामीण भी इस जलस्तर से काफी परेशान है।

विद्यापतिनगर थाना अंतर्गत मऊ धनेशपुर दक्षिण पंचायत में हुए किसान वयोवृद्ध बालदेव गिरि हत्याकांड में पुलिस चार नामजद आरोपी में से एक भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी है। हत्याकांड के 5 दिन बाद भी पुलिस का हाथ खाली है। आरोपी जमीनी विवाद के कारण वयोवृद्ध की हत्या किया था। बालदेव गिरि को 31 अगस्त की रात घर के दरबाजे पर सोए अवस्था में गोली मार कर हत्या कर दिया गया था।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

विद्यापतिनगर प्रखंड अंतर्गत वाया नदी में बाढ़ का जलस्तर बढ़ने के बाद जहां एक और युद्ध स्तर पर बाढ़ प्रभावित गांवों में राहत सामग्री वितरण कराए जाने को लेकर लेखपालों की अगुवाई में वितरण कार्य जोर शोर से चलाया जा रहा है। वहीं दूसरी ओर मवेशियों का बेहतर इलाज के लिए चिकित्सकों की टीम प्रखंड क्षेत्र के अंतर्गत लगाई गई हैं। जहाँ बाढ़ प्रभावितों के शरण स्थल पर जाकर पशुओं की उपचार कर दवाई व सलाह दे रहे हैं।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

ग्रामीणों से साक्षात्कार में ग्रामीणों ने बताया कि बेटा और बेटी दोनों को समान शिक्षा देने से दोनों का सर्वांगीण विकास होगा। यह विकास देश को गौरवान्वित करेगा इसीलिए हम सभी को बेटा बेटी दोनों के समान शिक्षा पर विशेष बल देनी चाहिए।

बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला के विद्यापति प्रखंड से मोबाइल वाणी संवाददाता राज कुमार ठाकुर जानकारी दे रहे हैं की विद्यापति नगर प्रखंड के बंगराहा एवं बढ़ौना पंचायत के मध्य अवस्थित फील्ड जाने वाले रास्ते में बहुत कीचड़ हो गया है। इससे लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही है।इस रास्ते को जल्द-से जल्द बनवाया जाना चाहिए विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

विद्यापतिनगर थाना क्षेत्र के दो अलग-अलग जगहों से मारपीट मामलों में फरार चल रहे दो आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। जानकारी देते हुए थानाध्यक्ष प्रसुनजय कुमार ने बताया कि थाना क्षेत्र के मलकलीपुर गांव में मारपीट के मामले में फरार चल रहे गुप्त सूचना के आधार पर किरचन पासवान के पुत्र कुमोद कुमार को थाना क्षेत्र के मलकलीपुर गांव स्थित उसके घर से गिरफ्तार कर लिया गया।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने चमथा दियारे के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लिया। केंद्रीय मंत्री ने चमथा पुल पर स्थानीय पंचायत प्रतिनिधियों व बाढ़पीड़ितों से मिलकर हालात की जानकारी ली। बाढ़ पीड़ितों ने कहा कि चमथा- एक, चमथा- दो, चमथा- तीन, दादुपुर व विशनपुर दियारे के कुल पांच पंचायतों की करीब 60 हजार आबादी यहां बाढ़ की पीड़ा से जूझने को विवश हैं। सभी बस्तियों की सड़कें पूरी तरह बाढ़ के पानी में डूबी हैं। मवेशियों के लिए चारे का घोर संकट उत्पन्न हो चुका है।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

बेहतर शैक्षणिक व्यवस्था बनाए रखने को लेकर विद्यापति राजकीय उच्च प्लस टू मऊ बाजिदपुर विद्यापतिनगर में प्रबंधन समिति एवं शिक्षकों के बीच बैठक हुई। जिसकी अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष भूपेंद्र नारायण सिंह संचालन शिक्षक मो0 सागीर उद्दीन ने किया। मौके पर प्रधानाध्यापक रामराजी पौद्दार ने विद्यालय से संबंधित बातों पर चर्चा किया।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

विद्यापति नगर प्रखंड के कांचा पंचायत से ग्रामीणों ने बताया कि अपने दिनचर्या में जल की पूर्ति सरकार द्वारा चल रहे नल जल योजना से कर पा रहे हैं। कल के निजी चापाकल और कुआं का भी उपयोग करते हुए देखने को मिला।

विद्यापतिनगर में गंगा के जलस्तर में बढ़ोत्तरी से दियारे क्षेत्र में लोगों का जन जीवन अस्त-व्यस्त हो गया हैं। चार दिनों से नाव चल रही है। लोडियाही, विशनपुर, मकरा, ददोपुर के बाढ़ प्रभावित परिवार घर के जरूरी सामान और मवेशियों को लेकर चिनिगिया तटबंध की ओर जाने लगे हैं। शेरपुर से मड़वा तक तटबंध पर प्रभावित परिवार के लोग अस्थायी रूप से टेंट बनाकर रह रहे हैं। बाढ़ का पानी दियारा क्षेत्र के गांवों के कई मुहल्लों में घुस गया है। यदि दो-तीन दिन और जलस्तर में वृद्धि हुई तो दियारे के गांवों की स्थिति दयनीय हो जायेगी।