बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला से विजय राज मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते हैं कि देशव्यापी कार्यक्रम के आह्वान पर अखिल भारतीय किसान सभा के 88 वा स्थापना दिवस के अवसर पर मोहिउद्दीन नगर अंचल किसान कौंसिल द्वारा टांडा में किसान सभा के जिलाध्यक्ष मनोज प्रसाद सुनील ने संगठन का झंडा फहराए। इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि 11 अप्रैल 1936 को लखनऊ में स्थापित किसान सभा के संघर्षों का लम्बा इतिहास है। अँग्रेजी हुकूमत के साथ साथ ज़मींदारों की क्रूरता के खिलाफ लड़ते हुए किसानों की खेती और किसानी बचाई है। वहीं आजादी के बाद शासक वर्गों की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ एक से एक बढ़कर कुर्बानी देते हुए संघर्ष को आगे बढ़ाते हुए मोदी सरकार तक को भी घुट ना टेकने पर मजबूर करते हुए तीन काला कृषि कानून वापस करने के लिए मजबूर कर दिया।

बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला विद्यापतिनगर से रतन शंकर मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते हैं कि प्रखंड स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में कस्तूरबा गांधी की जयंती एंव आठवीं पास छात्राओं का विदाई समारोह का आयोजन हुआ। सर्वप्रथम छात्रा मुन्नी कुमारी, रागनी कुमारी, सोनम कुमारी आदि ने स्वागत गान प्रस्तुत किया। वहीं प्रधानाध्यापक जयराज पासवान एवं वार्डन निशा कुमारी ने संयुक्त रूप से दिप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। वार्डन निशा कुमारी ने कहा कि कस्तूरबा में पिछड़े व कमजोर वर्ग की बालिका शिक्षा ग्रहण करती हैं, इनमें पढ़ने की जो ललक दिखाई देती है। उससे यह उम्मीद जगती है कि आने वाले भविष्य में ये बालिकाएं अवश्य कुछ कर दिखाएगी। यहां की बालिकाएं सीखी है कि समाज में अनुशासित रहना, जो कि भविष्य के लिए शुभ संकेत है। बालकों से कम बालिकाओं को न समझें। हम हमेशा तत्पर रहेंगे कि इन बालिकाओं को कोई तकलीफ हो तो उसे दूर करें। इस अवसर पर छात्राओं के द्वारा रंगोली, चित्रांकन एवं अन्य कार्यक्रम प्रस्तुत किये गए। संरक्षक सह मध्य विद्यालय मऊ धनेशपुर के प्रधानाध्यापक जयराज पासवान ने कस्तूरबा गांधी की जीवनी पर चर्चा करते हुए उनके विचारों को आत्मसात करने की बात कही। मौके पर शिक्षक प्रेमनाथ शर्मा, रविश कुमार, श्रवण कुमार रजक, शीला कुमारी, स्नेहा कुमारी, श्याम साह, अर्जुन रजक, संजय कुमार सिंह, राजीव कुमार सहित कस्तूरबा की छात्रा उपस्थित थीं।

बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला विद्यापतिनगर से रतन शंकर मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते हैं कि । देश में कोरोना के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। कोविड़ 19 संक्रमण के बढ़ते खतरे से निपटने को लेकर मंगलवार को पीएचसी मिर्जापुर में मॉकड्रिल किया गया। मॉकड्रिल के माध्यम से दिखाया गया कि अगर कोई कोविड़ मरीज पीएचसी आता है तो बिना किसी दूसरे रोगी के संपर्क में आये बिना कैसे जांच की जाती है। इसमें कोविड के गंभीर मरीज का वास्तविक चित्रण करते हुए स्वास्थ्य विभाग ने अपनी तैयारियों का जायजा लिया गया। ऑक्सीजन, बेड एवं मानव बल की तैयारियों का वास्तवीक चित्रण किया गया। प्रभारी मदन कुमार के नेतृत्व में मॉक ड्रिल में कोविड 19 से निपटने के तैयारियों का प्रदर्शन किया गया। मॉक ड्रिल में ऑक्सीजन कंसंट्रेटर, पल्स ऑक्सीमीटर, इंफ्रारेड थर्मोमीटर, वेट मशीन, एसेंशियल ड्रग, एंबुलेंस, कोविड-19 टेस्ट किट, लॉजिस्टिक्स, बेड एवं मानव बल तथा ट्रीटमेंट प्रोटोकोल की गहन समीक्षा की गई। मरीज के अस्पताल पहुंचने से लेकर वार्ड में शिफ्ट कर इलाज की शुरुआत तक का मॉक ड्रिल किया गया।इस खबर को सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।

बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला विद्यापतिनगर से रतन शंकर मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते हैं कि बिहार में जाति आधारित गणना कार्य के दूसरे चरण को लेकर प्रखंड मुख्यालय के पंचायत समिति सभागार में मंगलवार को आठवें बेच के पर्यवेक्षकों, प्रगणकों व सहायकों को प्रशिक्षण दिया गया। इस दौरान मास्टर ट्रेनर अमित कुमार बादल, सुनील कुमार चौधरी, दिनेश दास द्वारा जाति आधारित गणना से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। इस दौरान पदाधिकारियों ने बताया कि जाति आधारित गणना के दूसरे चरण की शुरुआत 15 अप्रैल से होनी है। गणना कार्य संबंधित पदाधिकारियों द्वारा अपने प्रखंड में किया जाएगा। इस दौरान सभी परिवारों से प्रगणकों को 17 बिंदुओं पर पूरा डिटेल लेकर प्रपत्र में भरना है। दूसरे चरण की गणना में भी सभी प्रगणक अपने-अपने निर्धारित गणना ब्लाक में डोर-टू-डोर जाएंगे और घर के दरवाजे पर जाकर परिवार के सदस्यों को जाति आधारित गणना के बारे में पूरी जानकारी देंगे। इसके उपरांत जनगणना कर्मी मोबाइल एप के माध्यम से तथा विभाग द्वारा उपलब्ध कराए गए फार्मेट पर परिवार के सदस्यों द्वारा दी गई जानकारी की एंट्री करेंगे। जिस घर में ताला लटका होगा, वहां की गणना वीडियो काल के माध्यम से की जाएगी। प्रगणक वहां 2-3 बार जाएंगे। बार-बार घर बंद मिलने की स्थिति में पड़ोसी से संबंधित परिवार के सदस्य का मोबाइल नंबर लेकर प्रगणक वीडियो काल कर सारी जानकारी प्रपत्र में भरकर पड़ोसी से हस्ताक्षर करवा लेंगे। अगर मोबाइल नंबर उपलब्ध नहीं हो पाता है तो उस घर की गणना नहीं हो पाएगी।

विद्यापतिनगर। निजी विद्यालयों के बढ़ते क्रेज के बीच सरकारी स्कूलों की दशा को सुधारने के लिए सरकारी स्तर पर प्रति वर्ष करोड़ों रुपये खर्च किए जाते हैं। इस प्रयास का नतीजा भी दिखा। सरकारी स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ गई। लेकिन प्राथमिक विद्यालयों में बच्चों की संख्या के अनुरूप डेस्क व बेंच उपलब्ध नहीं कराने से अब भी अधिकांश प्राथमिक विद्यालयों में बच्चे बोरा, त्रिपाल पर बैठकर ही पढ़ने को विवश हैं। सरकारी स्कूलों में संसाधन बढ़ाए जाने के बाद भी अभी तक प्राथमिकी विद्यालयों में बेंच की कमी को दूर करने के लिए कारगर प्रयास नहीं किया गया। ऐसा ही एक मामला विद्यापतिनगर प्रखंड अंतर्गत सुभानीपुर प्राथमिक विद्यालय में देखने को मिला जहां पढ़ने वाले बच्चे बेंच की कमी की मार झेल रहे हैं। बेंच की कमी से प्राथमिक विद्यालय में बच्चे जमीन पर बैठ कर शिक्षा ग्रहण करे को विवश हैं। स्कूल के वर्ग कक्ष एवं बरामदा में बोरा त्रिपाल पर बैठ कर बच्चे पढ़ते हैं तो कहीं कमरे में ही जमीन पर इन्हें पढ़ाया जाता है। इन स्कूलों में बच्चों को मध्याह्न भोजन योजना के तहत लाभान्वित किया जाता है। इसके अलावा भी बच्चों को प्रति वर्ष पोशाक योजना की राशि उपलब्ध कराई जाती है। साथ ही अनुसूचित जाति व जनजाति के छात्रों को छात्रवृति की भी राशि मिलती है। बावजूद इसके छात्रों के बैठने के लिए डेस्क व बेंच आदि की व्यवस्था आजतक नहीं की जा सकी है। प्रधानाध्यापक मनोज कुमार ने बताया कि विद्यालय में बेंच डेस्क की काफी कमी है। वर्ग एक से पांच के लिए विभाग द्वारा बेंच उपलब्ध नहीं कराया गया है।

आवशयक काम 10 बजे से पहले निपटा लें बिजली विभाग समस्तीपुर ग्रामीण अनुमंडल के पदाधिकारी द्वारा प्रेस विज्ञप्ति जारी कर यह बताया गया है कि चकनूर, धर्मपुर इलाका समेत शहर के आसपास के क्षेत्रों में सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक बिजली नहीं रहेगी। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

विद्यापतिनगर। जिला प्रशासन भले ही आंगनबाड़ी केंद्रों पर बड़ी संख्या में छह साल तक की उम्र के बच्चों को पोषण के साथ प्रारंभिक शिक्षा उपलब्ध कराने की बात करें। लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल उलट दिखाई देती है। स्थिति यह है कि प्रखंड के आंगनबाड़ी केंद्रों पर कहीं बीस, कहीं दस तो कहीं केवल एक-दो बच्चे दिखाई देते हैं। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

आज आपके क्षेत्र में कैसा गुजरा है दिन? क्या है सबसे अहम खबर? क्या है दिनभर की हलचल? जानने के लिए अभी करें क्लिक

बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला से से राजकुमार ठाकुर मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते हैं कि कोरोना से संभावित खतरों से निपटने को लेकर समस्तीपुर जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। राज्य नोडल अधिकारी मनीष रंजन के निर्देश पर सोमवार को कोविड संक्रमण के विरुद्ध जिले में स्वास्थ्य विभाग की तैयारी की जायज लेने के लिए मॉक ड्रिल का आयोजन किया

बिहार राज्य के समस्तीपुर जिला से राजकुमार ठाकुर मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते हैं कि कल्याणपुर बस्ती को वाटर प्यूरीफायर दिया ताकि स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों को सुध पये जल पिने को मिल सके। शनिवार को पूर्ववर्ती छत्र शिक्षक राकेश कुमार ,विद्यालय शिक्षक प्रदीप कुमार आदि लोगों प्यूरीफायर दिया