बायो-मेडिकल वेस्ट का उचित प्रबंधन जरूरी, राज्यस्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का हुआ समापन • चार दिवसीय राज्यस्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में 38 जिलों के प्रतिभागियों ने लिया हिस्सा • बायो-मेडिकल वेस्ट के उचित प्रबंधन नहीं होने से पर्यावरण को पहुँचता है नुकसान पटना/ 19,मार्च: बायो-मेडिकल वेस्ट यानी जैव चिकित्सा अपशिष्ट प्रबंधन का उचित प्रबंधन बेहद जरूरी होता है. इसको लेकर राज्य स्वास्थ्य समिति की ओर से राज्य स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण संस्थान में चल रहे जैव चिकित्सा अपशिष्ट प्रबंधन विषय पर चार दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का समापन शुक्रवार को हुआ। मंगलवार से शुरूआत हुए चार दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में बिहार के प्रत्येक जिलों से चार प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिसमें प्रत्येक जिले के डिस्ट्रिक्ट क्वालिटी कंसलटेंट, जिला योजना समन्वयक एवं दो प्रखंड स्वास्थ्य प्रबंधक शामिल हुए। बायो-मेडिकल वेस्ट का उचित प्रबंधन पर्यावरण को रखता है स्वच्छ: प्रशिक्षण के दौरान इन प्रतिभागियों को जैव चिकित्सा अपशिष्ट से होने वाले संभावित खतरों एवं उसके उचित प्रबंधन जैसे- अपशिष्टों का सेग्रिगेशन, कलेक्शन भंडारण एवं परिवहन आदि की जानकारी दी गई। राज्य स्वास्थ्य समिति के सहायक निदेशक, बायो मेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट, पीयूष कुमार चंदन ने बताया कि बायो-मेडिकल वेस्ट का उचित प्रबंधन जरूरी है, इसके सही तरीके से निपटान नही होने से पर्यावरण को नुकसान पहुँचता है। अगर इसका उचित प्रबंधन ना हो तो मनुष्य के साथ साथ पशु- पक्षीयों के को भी इससे खतरा है । इसलिए जैव चिकित्सा अपशिष्टों को उनके कलर-कोडिंग के अनुसार ही सेग्रिगेशन किया जाना चाहिए। इसके लिए प्रशिक्षण ही एक मुख्य माध्यम है, जिससे स्वास्थ्यकर्मियों का अवगत होना जरूरी है। वहीं प्रशिक्षण के दौरान राज्य स्वास्थ्य समिति के मैटर्नल हेल्थ की राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ. सरिता, बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद के जी. के मंडल, केअर इंडिया से डॉ. गुरिंदर ने भी प्रतिभागियों को विषय पर विस्तृत जानकारी दी।

शुक्रवार को शहीद स्मारक के पास बिहार राज कार्यपालक सहायक सेवा संघ बिहार के आह्वान पर संपूर्ण बिहार के सभी विभागों में कार्यरत कार्यपालक सहायकों द्वारा अपनी लंबी 8 सूत्री मांगों की पूर्ति तथा बिहार प्रशासनिक सुधार मिशन सोसाइटी के उच्च स्तरीय समिति की अनुशंसा से हटाए गए कार्यपालक सहायकों के हितों के के विरुद्धलिए गए निर्णय के विरोध में आज पांचवे दिन भी अनिश्चितकालीन हड़ताल के कारण बिहार के महत्वपूर्ण कार्य तथा 51 तरह की योजना बाधित है सभी कार्यपालक सहायक अपने वाजिब हक की नियमित करण हेतु गठित उच्च स्तरीय समिति की अनुशंसा का अनुपालन करने हेतु सरकार से कई बार आश्वासन भी मिला परंतु अब तक कोई भी लाभ हम लोगों को नहीं हुआ इसलिए पांचवे दिन धरना स्थल पर सरकार को सद्बुद्धि देने हेतु हवन किया गया इधर जिलाधिकारी का निर्देश मिला कि आप लोग शुक्रवार को 2:00 बजे तक अपने कार्यालय में योगदान करें

बिहार राज्य के जिला मुंगेर के हवेली खरगपुर के रघुनाथपुर गांव से राहुल कुमार ठाकुर ने बताया कि इस बार वह सोच समझ कर मतदान करेंगे वह अपना प्रतिनिधि ऐसे व्यक्ति को चुनेंगे जो हमेशा गरीबों का मदद करें, समाज मैं विकास का गंगा बहाए, सरकार के द्वारा मिलने वाले सुविधा को जमीन पर उतारने का कोशिश करें वैसे व्यक्ति को वह अपना मतदान करेंगे। उन्होंने यह भी बताया कि जो प्रतिनिधि अभी मुर्गा और शराब के द्वारा वोटर को लुभाने में लगे हुए हैं वे मुखिया प्रतिनिधि बनने के लायक नहीं है। इस बार सोच समझकर अपना मतदान डालेंगे और अच्छे व्यक्ति को वह अपना प्रधान बनाएंगे।

आंगनबाड़ी केंद्रों पर औषधीय पौधों के पौधारोपण के साथ ही छोटे बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार -पोषण वानिकी कार्यक्रम के तहत पौधारोपण- 16 से 31 मॉर्च तक पोषण पखवाडा ,आंगनबाड़ी केंद्रों सहित प्रखण्ड कार्यालय और जिलास्तर पर पोषण जागरूकता से सबंधित कई कार्यक्रम आइसीडीएस डीपीओ रेखा कुमारी ने बताया कि 16 से 31 मार्च तक गृह भ्रमण के दौरान गर्भवती और धातृ महिलाओं को पोषण के पांच सूत्र ( पहले एक हज़ार दिन एनीमिया, डायरिया से बचाव, स्वच्छता, हाथों की सफाई और पौष्टिक आहार )के बारे में जागरूक किया जा जाना है। इसके साथ ही प्रत्येक लाभार्थी गर्भवती महिला और 6 वर्ष तक के बच्चों का वजन लेने के साथ ही आवश्यक परामर्श भी देना है। बताया कि 21 से 31 मार्च तक छोटे- छोटे समूह में यक्ष्मा ( टीबी) पर समुदाय आधारित जागरूकता चौपाल का आयोजन किया जाना है। इसके साथ ही 29 - 31 मार्च तक होली मिलन समारोह में पोषण के पांच सूत्र की चर्चा, सभी विद्यालयों में किशोर- किशोरियों के साथ पोषण पर चर्चा, सभी प्रखंड मुख्यालय पर बीसीएपी की बैठक, प्रखंड और जिला मुख्यालय पर पोषण परामर्श केंद्र की स्थापना, प्रखंड के पोषक क्षेत्र में ई. रिक्शा, ऑटो रिक्शा और रिक्शा के माध्यम से 16 से 31 मार्च तक पोषक संदेशों का प्रचार- प्रसार, सम्पूर्ण पोषक क्षेत्र में जिला परियोजना स्तर के पदाधिकारियों के द्वारा सघन अनुश्रवण के साथ ही जिला मुख्यालय में 20- 24 मार्च को डीसीएपी की बैठक आयोजित की जाएगी। पूरे राज्य में निदेशालय के द्वारा टीवी, रेडियो, न्यूज़ पेपर, सोशल मास मीडिया के माध्यम से विज्ञापन के जरिये प्रचार- प्रसार किया जाएगा। इसके साथ ही राज्य स्तर पर 16 से 26 मार्च तक एससीएपी की बैठक और 20 - 31 मार्च तक कुपोषण रोकथाम और पोषण विविधता विषय पर राज्यस्तरीय पोषण सेमिनार का आयोजन किया जाना है।

जिले के विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्रों पर शुक्रवार को पोषण वानिकी कार्यक्रम के तहत औषधीय पौधों के पौधारोपण कार्यक्रम के साथ ही छह माह से अधिक उम्र के छोटे- छोटे बच्चों के लिए अन्नप्राशन संस्कार का आयोजन किया गया। समेकित बाल विकास सेवाएं (आईसीडीएस) निदेशालय पटना द्वारा पोषण पखवाडा 16 से 31 मार्च तक आयोजित किए जाने वाले विभिन्न गतिविधियों का एक विस्तृत कैलेंडर जारी किया गया। कैलेंडर के अनुसार 16 से 31 मार्च तक जिले के सभी आंगनबाड़ी से लेकर राज्य स्तर तक विभिन्न प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाने हैं। इसी के तहत शुक्रवार को जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर पोषण वानिकी कार्यक्रम के तहत औषधीय पोधों का पौधरोपण कार्यक्रम के साथ ही छोटे बच्चों को कुपोषण से मुक्ति दिलाने के लिए अन्नप्राशन संस्कार का आयोजन किया गया। मालूम हो कि प्रत्येक महीने के 19 तारीख को छह माह से अधिक उम्र के छोटे- छोटे बच्चों को मां से स्तनपान के साथ अनुपूरक आहार देने की शुरुआत करने के लिए जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर अन्नप्राशन संस्कार का आयोजन किया जाता है।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

महिला पर्यवेक्षिका स्मृति कुमारी ने बताया कि एक बार क्षेत्र भ्रमण के दौरान उन्होंने देखा कि एक दो साल का लड़का चाहत कुमार अपनी उम्र के हिसाब से काफी कम वजन और कुपोषण का शिकार है। दो वर्ष का होने के बावजूद वो वजन के हिसाब से सिर्फ एक वर्ष का लग रहा था| उसका वजन भी सिर्फ 5 से 7 किलो का प्रतीत हो रहा था। इसके बाद मैंने बच्चे के पिता रविंद्र कुमार और माता रेशमी देवी से बातकर बच्चे को कुपोषण से मुक्ति दिलाने और बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल मुंगेर स्थित पोषण और पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) केंद्र में भर्ती कराया । एनआरसी मुंगेर में सही देखभाल और बेहतर इलाज के बाद बच्चा पूरी तरह से स्वस्थ्य हो गया और उसके वजन में भी उम्र के अनुसार बढ़ोतरी हुई। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

समस्या को समाधान को लेकर के पासी समाज का बैठक का किया गया आयोजन खगरिया जिला के गोगरी प्रखंड के जमालपुर के कांग्रेस कार्यालय में समस्या को समाधान को लेकर के पासी समाज के बुद्धिजीवी व्यक्तियों के द्वारा बैठक का किया गया आयोजन इस बैठक में प्रखंड भर से अलग-अलग गांव के हिस्से से पासी समाज के लोग उपस्थित हुए और अपनी समस्याओं को रखें और संगठन को मजबूती पर विशेष चर्चा किया गया .विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

मनोज पौदार अपनी समस्या को लेकर के गोगरी एसडीओ सुभाष चंद्र मंडल से मिले खगरिया जिला के गोगरी प्रखंड के महेश कूट निवासी मनोज कुमार पोद्दार पिता महेंद्र कुमार पोद्दार कुमार पौदार महेशपुर के कुशवाहा नगर वार्ड नंबर 17 निवासी अपने आधार की समस्या को लेकर के गोगरी एसडीओ सुभाष चंद्र मंडल से मिले अपनी समस्या से अवगत कराएं वहीं एसडीओ सुभाष चंद्र मंडल के द्वारा समस्या सुनते हैं उसकी समस्या को तत्परता से समाधान कर दिया गया .विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

बाल विकास परियोजना कार्यालय में संसाधन समूह की बैठक खगड़िया जिला के गूगल प्रखंड के बाल विकास परियोजना कार्यालय में महिला पर्यवेक्षिका को खगरिया जिला के टीम के द्वारा कोविड-19 पर विशेष बचाव को लेकर प्रशिक्षण दिया गया इसका मुख्य उद्देश्य था कि बच्चे और किशोरियों में खून की कमी एनीमिया की रोकथाम किस प्रकार के आ जाए इस पर विशेष रूप से चर्चा किया गया इस बैठक में खगरिया जिला के चंदन कुमार जिला परियोजना सहायक के द्वारा प्रशिक्षण दिया गया प्रशिक्षण में मोना श्री रचना लक्ष्मी प्रतिमा सुनीता किरण अंबुज कुमार अमित कुमार अनुज कुमार विकास कुमार आशुतोष कुमार के अलावे कई महिलाएं उपस्थित रहे .विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

शुक्रवार को सदर प्रखंड के नवागढ़ी दक्षिणी पंचायत बजरंगबली नगर में आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 135 के पोषक क्षेत्र में महिलाओं को जागरूक हेतु केयर इंडिया के माध्यम से महिलाओं को रैली निकालकर जागरूक करने का काम किया गया इस रैली में मुख्य रूप से केयर इंडिया के विकास कुमार एवं मोहम्मद ताजीम के साथ आंगनवाड़ी सेविका सीता कुमारी ,आशा फैस लेटर लक्ष्मी कुमारी ,आशा प्रीति कुमारी ,अन्य दर्जनों महिला उपस्थित थे.विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।