बुढ़मू : कांके विधानसभा क्षेत्र के विधायक सुरेश कुमार बैठा ने रांची जिला ग्रामीण लीगल सेल के अध्यक्ष अधिवक्ता सरफराज़ अहमद को बुढ़मू प्रखंड के ग्रामीण विकाश विभाग का विधायक प्रतिनिधि नियुक्त किया है। इस दौरान विधायक सुरेश बैठा ने कहा कि अधिवक्ता सरफराज़ अहमद अपने कार्य के प्रति सजग एवं कर्मठ व्यक्ति है। इनकी कार्य कुशलता को देखते हुए मैं उनको ग्रामीण विकाश विभाग के विधायक प्रतिनिधि नियुक्त किया हूं। उन्होंने ने कहा कि हमें उम्मीद है की कांके विधानसभा में विकास की गति प्रदान करने में इनकी भूमिका अहम होगी। सरफराज अहमद का विधायक प्रतिनिधि बनने पर पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोध कांत सहाय, विधायक प्रतिनिधि गोपाल तिवारी, कांग्रेस नेता बलराम साहू, कांग्रेस पार्टी के रांची जिला के ग्रामीण कोषाध्यक्ष तनवीर आलम, रांची जिला कांग्रेस पार्टी के महासचिव जाकिर हुसैन, बबलू मुंडा, ईदु खान, आरजेडी नेता युनुस खान, मोनू रजक, गौरी शंकर महतो, पत्रकार सुदीप सिंह, पंकज सिंह, शिक्षा विद रत्न प्रकाश सिंह, उमेडंडा महावीर मंडल के पूर्व अध्यक्ष सुदामा नायक, सदन साहू, मिस्टर उर्फ समीर मियां, उमेडंडा के उप मुखिया पवन राम, चंद्रदीप साहू, शिवनंदन मुंडा ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दी है।

प्रखंड के चकमें मदरसा में जलसा-ए-दस्तारबंदी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि झारखंड सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री हफीजुल हसन, विशिष्ट अतिथि अल्पसंख्यक कल्याण आयोग के उपाध्यक्ष शमशेर आलम उपस्थित हुए। कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के स्वागत के बाद मुख्य अतिथि हफीजुल हसन के द्वारा फीता काटकर मंच का उद्घाटन किया गया। मौके पर वक्ताओं ने चकमें मदरसा की उपलब्धियों और इसके संचालन में हो रही कठिनाइयों से अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री को अवगत कराया।

सरकार की महत्वाकांक्षी योजना मनरेगा का लाभ पर्याप्त लोगों को नहीं मिल पा रहा है, जिससे मजदूर पलायन करने को विवश हैं. रांची जिले के खलारी प्रखंड के कई पंचायतों में मनरेगा अधिनियम की धज्जियां उड़ा कर कार्यों में जेसीबी का प्रयोग किया जा रहा है. मशीन से काम होने से मजदूरों को रोजगार नहीं मिल रहा है, और मजदूरों का हक मारा जा रहा है. मनरेगा के तहत संचालित तालाब, डोभा, मिट्टी खुदाई सहित अन्य योजनाओं में जेसीबी मशीन का प्रयोग हो रहा है.  प्रखंड प्रशासन जान कर भी अनजान बना हुआ है. बता दें कि मनरेगा के तहत एक मजदूर को चालू वित्तीय वर्ष में कम से कम 100 दिनों की गारंटीकृत रोजगार प्रदान करना है, लेकिन खलारी में ऐसा होता नहीं दिख रहा है. 

बुढ़मू : बुढ़मू प्रखंड के यादव समाज के लोगों के द्वारा 31 जनवरी को बुढ़मू में वनभोज सह प्रखंड स्तरीय मिलन समारोह कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने के लिए झारखंड सरकार के मंत्री श्री संजय प्रसाद यादव से मिलकर बात रखा गया है, और मंत्री संजय जी से यादव समाज के द्वारा आयोजित कार्यक्रम में आने को लेकर समय मांगा गया है। और इसके लिए मंत्री संजय प्रसाद यादव को यादव समाज के द्वारा जल्द आकर निमंत्रण पत्र देने की बात कही गई। इस दौरान मंत्री जी से मिलने वालों में यादव समाज के रांची जिला मीडिया प्रभारी राजेश यादव, यादव समाज के अजय कुमार यादव, सुनील यादव सहित यादव समाज के कई लोग शामिल थे।

बुढ़मू : इंडिया गठबंधन पार्टी के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने बुढ़मू सीओ सच्चिदानंद वर्मा और बुढ़मू बीडीओ धीरज कुमार से मिले। और क्षेत्र के समस्याओं से पदाधिकारियों को अवगत कराया। इस दौरान लोगों ने सरकारी योजनाओं को सभी लोगों तक पदाधिकारियों से पहुंचाने एवं क्षेत्र के विकास करने और समस्याओं को दूर करने को लेकर बात रखा। मौके पर गोपाल तिवारी, सदन साहू, अजय यादव, समेत इंडिया गठबंधन पार्टी के दर्जनों लोग उपस्थित थे।

बुढ़मू : बुढ़मू प्रखंड अंजुमन कमेटी एंड वेलफेयर ट्रस्ट बुढ़मू का एक प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष शमीम बड़ेहार के नेतृत्व में पूर्व केंद्रीय मंत्री श्री सुबोध कांत सहाय से शिष्टाचार मुलाकात कर उनको अखिल भारतीय पंचायती राज परिषद का अध्यक्ष बनाए जाने पर बधाई एवं शुभकामनाएं दी। साथ ही 10 फरवरी को बुढ़मू प्रखंड के चकमें मदरसा में दस्तारबंदी के मौके पर आने का दावत दिए। मौके पर श्री सहाय ने स्वीकार किया। मौके पर कमेटी के सेक्रेटरी तस्लीम अंसारी , उप सदर अमन राज ,मोहित खान, नसरुद्दीन अंसारी, जाकिर हुसैन, सरवर अंसारी, कुदूश अंसारी ,इदरीश अंसारी, जाकिर अंसारी, हाफिज अंसारी, नईम अंसारी, युनुस अंसारी, साजिबुल अंसारी सहित कई लोग उपस्थित थे।

बुढ़मू : कांग्रेस पार्टी के कांके विधानसभा क्षेत्र के नवनिर्वाचित विधायक सुरेश कुमार बैठा से बुढ़मू प्रखंड के राष्ट्रीय जनता दल पार्टी के युवा तेज तर्रार प्रखंड अध्यक्ष अजय कुमार यादव ने शिष्टाचार गुलदस्ता देकर मुलाकात की। और कांके विधानसभा क्षेत्र से विधायक बनने पर उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दी। इस दौरान प्रखंड अध्यक्ष अजय यादव ने विधायक सुरेश बैठा से मिलकर बुढ़मू एवं कांके विधानसभा क्षेत्र में विकास करने से संबंधित कई बातें को रखा। और बुढ़मू प्रखंड के साथ - साथ कांके विधानसभा क्षेत्र में सरकार के सभी सरकारी योजनाओं को जल्द धरातल पर उतारकर क्षेत्र में चहुंमुखी विकास करने को लेकर बात रखा। साथ ही प्रखंड अध्यक्ष अजय यादव ने बुढ़मू प्रखंड में ग्रामीणों के लिए जल्द जनता दरबार लगाकर गरीबों, असहायों के साथ ग्रामीणों की समस्या सुनने को लेकर भी विधायक से बात रखा। मौके पर दिवाकर यादव, समेत इंडिया गठबंधन पार्टी के कार्यकर्ता मौजूद थे।

बुढ़मू : कांग्रेस पार्टी के रांची जिला लीगल सेल के अध्यक्ष सरफराज अहमद ने शनिवार को कांग्रेस पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को पत्र लिखकर कांके विधानसभा क्षेत्र के नवनिर्वाचित विधायक सुरेश बैठा को झारखंड सरकार में मंत्री बनाये जाने की मांग की है। पत्र लिखकर आग्रह किया है कि सुरेश बैठा ने भाजपा के 35 वर्ष के अभेद्य किला को तोड़ने का कार्य किया है और वे कांग्रेस पार्टी के समर्पित और जुझारू सिपाही रहे है।

राजनैतिक सिंद्धांत औऱ प्रक्रियाओं में न्याय सबसे पुरानी अवधारणाओं में से एक है, न्याय के सिद्धांत को लेकर तमाम प्रकार की बातें कहीं गई हैं, जिसे लगभग हर दार्शनिक और विद्वान ने अपने समय के अनुसार समझाया है और सभी ने इसके पक्ष में अपनी आवाज को बुलंद किया है। न्याय को लेकर वर्तमान में भी पूरी दुनिया में आज भी वही विचार हैं, कि किसी भी परिस्थिति में सबको न्याय मिलना चाहिए। इसके उलट भारत में इस समय न्याय के मूल सिद्धामत को खत्म किया जा रहा है। कारण कि यहां न्याय सभी कानूनी प्रक्रियाओं को धता को बताकर एनकाउंटक की बुल्डोजर पर सवार है, जिसमें अपरधियों की जाति और धर्म देखकर न्याय किया जाता है। क्या आपको भी लगता है कि पुलिस को इस तरह की कार्रवाइयां सही हैं और अगर सही हैं तो कितनी सही हैं। आप इस मसले पर क्या सोचते हैं हमें बताइये अपनी राय रिकॉर्ड करके, भले ही इस मुद्दे के पक्ष में हों या विपक्ष में

नए नए आजाद हुए देश के प्रधानमंत्री नेहरू एक बार दिल्ली की सड़कों पर थे और जनता का हाल जान रहे थे, इसी बीच एक महिला ने आकर उनकी कॉलर पकड़ कर पूछा कि आजादी के बाद तुमको तो प्रधानमंत्री की कुर्सी मिल गई, जनता को क्या मिला, पहले की ही तरह भूखी और नंगी है। इस पर नेहरु ने जवाब दिया कि अम्मा आप देश के प्रधानमंत्री की कॉलर पकड़ पा रही हैं यह क्या है? नेहरू के इस किस्से को किस रूप में देखना है यह आप पर निर्भर करता है, बस सवाल इतना है कि क्या आज हम ऐसा सोच भी सकते हैं?