लोगों में हो रही है तरह-तरह की चर्चाएं

खगड़िया जिला के परबत्ता प्रखण्ड के देवरी मद्य विद्यालय के कोरेन्टीन सेंटरों में रखा गया था, जब इसका तबियत अचानक बिगड़ने लगा तो उसका सेम्पल जाँच के लिये भेजा गया था जिश्का रिपोट पोजेटिव आने से यहाँ के अधिक सरे हुऐ हे, मिली जानकारी के अनुसार 50 बर्षीय बृद्ध वेक्ति 13 मई को दुशरे राज्य से खगड़िया जिला अपने घर आये थे उसे देवरी पंचयत के मद्य विद्यालय देवरी स्कूलों में रखा गया था। इस खबर को सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें। 

उदासीन आश्रम जमालपुर के मंहथ गौतम मुनि की रहस्यमयी आत्महत्या से सनसनी। पुलिस के लिए बनी चुनौती। गंगा रजक की खास रिपोर्ट। मुंगेर/जमालपुर । रेल नगर में उदासीन आश्रम के परिसर में सोमवार रात्रि करीब 50 वर्षीय गौतम मुनि की आत्महत्या से लोग स्तब्ध है और चारों तरफ लॉग डाउन में भी सनसनी फैली हुई है तथा व्हाट्सएप सोशल मीडिया पर यह मामला छाया हुआ है क्योंकि यह आत्महत्या लोगों के जेहन में नहीं उतर रहा है। घटना की खबर मिलते ही थाना पुलिस मंदिर पहुंचे और शव को अपने कब्जा में लेकर मुंगेर पोस्टमार्टम को भेज दिया हैं।अब पुलिस के लिए रहस्यमय आत्महत्या का खुलासा करना चुनौती भरा है। हजारों लोग और हजार तरह की बातें हो रही है, क्योंकि एक वर्ष के अंदर 2 मौत हो चुकी है। इसके पूर्व मंहत भगवती नंदन जी का स्वर्गवास हुए थे। इसका संबंध मुख्यालय बनारस से है एवं इसका शाखा जमालपुर -मुंगेर में है संपत्ति ढेरों है। जमीन के अलावा दुकान मकान इस आश्रम के द्वारा किराए पर लगाया जाता हैं। इसके अलावा सलाना बड़ी दुर्गा की स्थापना की जाती रही है। जिससे चढ़ावा भी आश्रम को आता है। रहस्यमय आत्महत्या से लोग अचंभित तो है ही और कई राजनेताओं ने उच्चस्तरीय जांच की मांग कर दी है। जिससे पुलिस की चुनौती बढ़ गई है। जमालपुर पुलिस अंचल में ऐसे कई आत्महत्या है। जो बाद में हत्या का रूप ले लिया है और कई ऐसे भीआईपी की हत्या है। जिसे पुलिस आज तक नहीं सुलझा पाई है तथा ऐसे कई पुलिस पदाधिकारी की भी हत्या है। जिसे आज तक हत्यारों को सजा नहीं दिला पाई है। इसके पूर्व शहर में गौतम प्याली मुखर्जी दरोगा कुणाल हत्याकांड, बादल दास ठाकुरबाड़ी के महंत नारायणदास हत्याकांड, एसपी हत्या सहित दर्जनों ऐसे हत्याकांड है । जिसमें पुलिस खुद जनता के कठघरे में है। कई जिंदगानी अपराध की दुनिया में सिसक कर रह गई है और रेल नगर ऐसा क्षेत्र है जहां अपराधी अपराध करके चुनाव तक जीत जाते हैं। और सभी गंदी और काली घिनौना करतूत को छुपा लेते हैं और यहां जिले में पदस्थापित पुलिस साक्ष्य का हवाला देकर साक्ष्य नहीं जुटाते  हैं और न्यायालय को गुमराह करते हैं।      यह स्थिति सिर्फ हत्याओं में नहीं है बल्कि हर क्षेत्र में अपराधीकरण है। पुलिस अंचल में पुलिस ने आर्म्स तस्कर को भी बचाने का कार्य करते हैं और प्रतिबंधित शराब के मामले में किसी से छुपा नहीं है, बल्कि पूरे शहर में संध्या होते ही शराब तस्कर सक्रिय हो जाते हैं और लॉक डाउन में भी मोबाइल शराब के नशे की घंटी घनघनाने लगती है। राज्य के एक वरीय पुलिस पदाधिकारी जमालपुर आए थे । उस दिन भी शराब विक्रेताओं की मोबाइल की घंटी और शराबियों की चोंच में चोंच मिलती रही। अपराध यहां तक समाप्त नहीं हो जाता है । बल्कि नगर परिषद में आज लगातार 25 वर्षों से अपराध का राजनीतिकरण कर दिया है। और आज तक राज्य से लेकर स्थानीय मंत्री तक भ्रष्टाचार दूर नहीं कर पाए हैं। उक्त बातें भ्रष्टाचार से लड़ रहे मर्द नेता इंद्रदेव दास ने कही। यहां तक कि अपराधी का राजनीतिककरण इस कदर हुआ कि राजद से लेकर जदयू तक 25 वर्ष बीत गए और चेंबर ऑफ कॉमर्स ने अपनी आंदोलन में दम तोड़ दिया। लेकिन भ्रष्टाचार सरकार के चौखट पर नागिन की तरह नाच रही है। शहर में अपराध यहां तक समाप्त नहीं होता है। यदि आप थोड़ा सा अपराध प्रवृति का दिमाग रखते हैं तो आप गमछा और लोटा लेकर आइए और करोड़पति बन जाइए ।ऐसे अनेकों उदाहरण रेल नगर में देखने को मिल जाएंगे और यहां पर ट्रस्ट मंदिर मस्जिद सहित अन्य संगठनों की जमीन को बेच देते हैं और अंचल कार्यालय, रजिस्ट्री कार्यालय थाना पुलिस इसे कानून का अमलीजामा पहनाते हैं।          ऐसे तमाम लोग माकुल संपत्ति अर्जित कर न्याय को ठेंगा दिखा रहे हैं। और यदि जमीन बिक्री करनी हो तो शहर में एक हजार दलाल तैयार हो जाते हैं। और एक लाख की जमीन 10 लाख में बेचते हैं और तमाम विभाग कानून का पाठ पढ़ाते हैं ।            ऐसा भी नहीं है कि इस माटी ने ईमानदार लाल को नहीं दिया प्रशिक्षु आईपीएस शिवदीप लांडे जब जमालपुर में कार्यभार संभाला तो अपराधियों की रूह कांपने लगी थी और अपराध कम हो गए थे और स्थानांतरण के बाद लगता है जैसे जिला व शहर में चिराग बुझ गया।

मुंगेर क्षेत्र में सीपीआई का राष्ट्रव्यापी सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे ऑल इंडिया यूथ फेडरेशन के जिला सचिव लखन कुमार यादव से साक्षात्कार विस्तृत जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक कर पूरी खबर को सुनें और अधिक जानकारी के लिए 92787 01369 पर मिस कॉल कर जिले का हर छोटी बड़ी खबर सुने और तीन नंबर का बटन दबाकर अपनी समस्या या प्रतिक्रिया भी साझा करें यदि आप स्माटफोन उपयोग करता है तो मोबाइल वाणी ऐप प्ले स्टोर से डाउनलोड कर जिले से संबंधित हर छोटी-बड़ी खबर को ऐप पर सुने और लाल वाली माइक बटन दबाकर अपनी समस्या या प्रतिक्रिया भी रिकॉर्ड करें धन्यवाद

कोरोना संकटकाल में राज्य के लिए खुशखबरी आयी है. अब राज्य के सभी 38 जिलों में डायलिसिस यूनिट की सुविधा उपलब्ध हो सकेगी. इसके लिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत लोक निजी साझेदारी के अंतर्गत राज्य के 19 जिलों में डायलिसिस इकाई की स्थापना एवं संचालन करने के लिए राज्य स्वास्थ्य समिति, बिहार द्वारा नेफ्रोकेयर हेल्थ सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड, हैदराबाद के साथ एकरारनामा हस्ताक्षरित किया गया है. विस्तृत रिपोर्ट सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।श्रोताओं 9266673888 पर मिस कॉल कर जिले का हर छोटी बड़ी खबर सुने और 3 नंबर का बटन दबा कर अपनी समस्या या प्रतिक्रिया भी साझा करे। यदि आप समार्टफोन उपयोगकर्ता है! तो मोबाईल वाणी एप्प् प्ले स्टोर से डाउनलोड कर जिले से संबंधित हर छोटी बड़ी खबर को एप्प् पर सुने और लाल वाली माइक बटन दबा कर अपनी समस्या या प्रतिक्रिया भी रिकार्ड करे।

खगड़िया नगरपालिका इलाके में कोरोना संक्रमण मिलने से किया गया सील खगड़िया जिला के खगड़िया प्रखण्ड के स्टेशन रोड न एन सी मुर्गिया चक मुहल्ला को किया गया शील, प्राप्त मिली जानकारी के अनुसार यहाँ पर एक कोरोना पोजेटेबो का मरीज मिला जिस करण यहाँ क्षत्रो को शील कर दिया गया और यहाँ पर पुलिस बल कि तैनाती कर दिया गया है बता दे कि खगड़िया जिला पहले ग्रीन जॉन में था लेकिन, जब से दुशरे राज्यों का मजदूर खगड़िया आया है तभी से यहाँ पर संकरणो कि संख्या के लगातार बृद्धि देखा जा रहा है में रविन्द्र कुमार खगड़िया से

लॉकडाउन कि अस्थिती में खगड़िया के मानसी के मक्का उद्योग थप **************************खगड़िया जिला को भारत के मानचित्र पर मक्का उत्पादन में खगड़िया का स्थान है। यहां 50 हजार हेक्टेयर में मक्का की खेती की जाती है। यहां के लोग इसे 'पीला सोना' कहते हैं। लेकिन मक्का आधारित उद्योग नहीं रहने से जिले में आज भी विकास की गाड़ी रेंग रही है। विकास की गाड़ी सरपट दौड़े इसको लेकर मानसी के पास प्रिस्टीन मेगा फूडपार्क की स्थापना हुई। लेकिन यह कब पूर्ण रूप से कार्य करेगा यह सवाल अब भी भविष्य के गर्भ में है। लॉकडाउन को लेकर मक्का कारोबारी भी अन्य वर्षों की अपेक्षा यहां रूख नहीं किए हैं, जिससे किसानों को सही दाम भी नहीं मिल रहा है। उनके लिए त्रासद स्थिति है।मक्का किसानों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रहा है। बीते दिनों आंधी व बारिश ने मक्का फसल को व्यापक नुकसान पहुंचाया। जिससे किसानों को कम उपज की मार झेलनी पड़ी। बावजूद किसान अपनी मेहनत के बल पर जब फसल तैयार कर घर लाया, तो मक्का के खरीदार नहीं मिल रहे हैं। लॉकडाउन के कारण बाहर के व्यापारी जिले में आकर मक्का की खरीद नहीं कर रहे हैं और न ही स्थानीय व्यापारी अन्य जगहों पर भेज पा रहे हैं। मानसी रेलवे रैक प्वाइंट चालू हुआ है, लेकिन यहां भी कई तरह के गतिरोध हैं। इधर मांग कम होने के कारण मक्का की कीमत काफी कम है। अप्रैल माह में मक्का की कीमत 20-21 सौ रुपये प्रति क्विटल थी। वर्तमान में कीमत आधी हो गई है। उद्योग-धंधे बंद होने के कारण नहीं है मक्का की मांग कोरोना संक्रमण का प्रभाव और लॉकडाउन के कारण अधिकांश उद्योग-धंधे बंद हैं। जिस कारण मक्का की मांग में कमी आई है। जिससे व्यापार पर असर पड़ा है। पहले मांग के कारण बाहर के व्यापारी खेत पर पहुंचकर मक्का की फसल तैयार होते ही खरीद करते थे। परंतु, वर्तमान में बाहर के व्यापारी नहीं आ रहे हैं। स्थानीय व्यापारी भी कई कंपनियों के बंद होने व मांग कम होने के कारण मक्का खरीद कर बाहर नहीं भेज रहे हैं। व्यापारी बबलू मंडल, मनोज कुमार के अनुसार वर्तमान में मक्का की मांग बाहर प्रदेशों में कम है। सही दाम भी नहीं मिल पा रहा है। ट्रक वाले किराए अधिक मांगते हैं। जिससे व्यापार पर असर पड़ा है। क्या कहते हैं किसान किसानों के अनुसार बाहर के व्यापारी यहां नहीं आ रहे हैं। स्थानीय व्यापारी भी मक्का खरीद में रुचि नहीं ले रहे हैं। समय का फायदा देख जिन व्यापारियों के पास स्टॉक कर मक्का रखने की व्यवस्था है वे औने-पौने दाम बताते हैं। हाल यह है कि विवशता के मारे किसान 11-12 सौ रुपये क्विटल मक्का बेच रहे हैं। किसान सुनील कुमार, विकास सिंह ने कहा कि लागत खर्च भी निकलना मुश्किल है। कोट मक्का आधारित लघु उद्योग स्थापित करने को लेकर इच्छुक कारोबारी को प्रावधान के तहत सहायता प्रदान की जा सकती है। आनंद प्रसाद सिन्हा, महाप्रबंधक, उद्योग विभाग, खगड़िया

तारा मध्य विद्यालयों गोगरी में प्रवासी मजदूरों का खाना को लेकर हंगामा खगड़िया जिला के गोगरी तारा मध्य विद्यालयों गोगरी में प्रवासी मजदूरों के द्वारा जोरदार तरीके से स्कुल प्रभारी के सामने हाथो में थाली लेकर जोरदार बिरोध किया गया, यहाँ के कोरोंटिन सेंटरों के मजदूरों का गुस्सा उस समय फुट पड़ा जिस समय यहाँ के प्रभारी के द्वारा भूखे लचर मजदूरों के सामने दोपहर खाना परोसा गया, खाना खाने पहले खाने से बदबू आने कि बात आग कि तरह सभी मजदूरों में फिल गया तब जेक यहाँ के प्रभारी को बुलाया गया लेकिन यह मानने से साफ मना क्र दिया जबकि यहाँ पर जितने मजदूर है सभी के द्वारा हाथो में खाना का थाली लेकर प्रभारी को भद्दी भद्दी बाते सुनाई यह भी सही है कि यहाँ पर खाना थर्ड क्लस्व का परोसा गया में रविन्द्र कुमार mv न्यूज से

निःसहाय के बीच बांटा गया खाद्य समाग्री खगड़िया जिला के चौथम प्रखण्ड में कुछ गाँव में खगड़िया जिला के जाप अडियक्ष नागेंद्र सिंह त्यागी के द्वारा चौथम के तलैया के बिश्कर्मा टोला, शर्मा टोला, मुशहर टोला में सूखे अनाजों का बितरण किया गया।विस्तृत जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें। 

एक छोटे से वायरस ने एक वैश्विक दुनिया को पूरी तरह से बदल दिया है तमाम देशों की आर्थिक सामाजिक सांस्कृतिक गतिविधियां थम सी गई है जिसके कारण भूख गरीबी बेरोजगारी बीमारी अस मंजस से समाज का हर तबका प्रभावित हो रहा है विस्तृत जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक कर पूरी खबर तो सुने और बने रहे मोबाइल वाले के साथ धन्यवाद विशेष जानकारी के लिए 92787 01369 पर मिस कॉल कर जिले का हर छोटी बड़ी खबर सुने और तीन नंबर का बटन दबाकर अपनी समस्या या प्रतिक्रिया भी साझा करें यदि आप स्मार्टफोन उपयोग करता है तो मोबाइल वाणी ऐप प्ले स्टोर से डाउनलोड कर जिले से संबंधित हर छोटी-बड़ी खबर को ऐप पर सुने और लाल वाली माइक बटन दबाकर अपनी समस्या या प्रतिक्रिया भी रिकॉर्ड करें