सौंसर। रामाकोना के ग्राम बिछवी में जल मिशन योजना के तहत हो रहे निर्माण की घटिया निर्माण पर ग्रामीण भड़के, ग्राम पहुंचे पीएचई के उपयंत्री अनिल बंसोड का ग्रामीणों ने घेराव किया। वहीं जनपद सदस्य सुमन पातुरकर ने पीएचई विभाग के निष्क्रियता के खिलाफ ग्राम में हनुमान मंदिर के सामने धरना दिया। एसडीओ वाएएन वानखड़े के गांव पहुंचने पर ग्रामीणों ने उन्हें घटिया निर्माण दिखाया। अधिकारी ने स्वीकार किया कि निर्माण की गुणवत्ता ठीक नहीं है। अब तक किए गए निर्माण कार्यों को तोड़कर पुन्ह निर्माण की ग्रामीणों की मांग को अधिकारी ने स्वीकार करने पर ग्रामीण शांत हुए। योजना के घटिया निर्माण की शिकायत लेकर सोमवार की सुबह ग्रामीण जनपद सदस्य सुमन दिनकर पातुरकर के निवास पर पहुंचे। ग्रामीणों के आग्रह पर जनपद सदस्य गांव पहुंची और ठेकेदार ने किए घटिया निर्माण को देख कर दंग रह गई। इस पर जनपद सदस्य से पीएचई के एसडीओं को इसकी सूचना दी। मौके पर पहुंचे उपयंत्री अनिल बंसोड को घटिया निर्माण दिखाया गया। उपयंत्री द्वार संतोषजनक जबाब नहीं देने पर जनपद सदस्य और ग्रामीण भड़क उठे और उपयंत्री का घेराव कर विभाग के एसडीओ को मौक पर बुलया। इसी दौरान पीएचई विभाग के अधिकारियों पर भ्रष्टचार और योजना के सुपरविजन में निष्क्रयता बरतने का आरोप लगाते हुए जनपद सदस्य पातुरकर गांव के हनुमान मंदिर के सामने ग्रामीणों के साथ धरने पर बैठ गई। आधा घंटा चले धरने में ग्रामीणों ने पीएचई के अधिकारी व ठेकेदार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वही जनप्रतिनिधियों पर अधिकरियों को संरक्षण देने का आरोप लगाया। सौंसर विकास खंड के ग्राम पंचायत रामाकोना के आश्रीत ग्राम बिछवी में 14 लाख की जल मिशन योजना स्वीकृत हुई है। योजना के तहत गांव के घर-घर पानी पहुंचाने के लिए स्टैंड पोल खड़े किए जा रहे है। घटिया निर्माण का अंदाज इसी से लगाया जा सकता है, कि सीमेंट क्रांकिट से तैयार किए जा रहे स्टैंडपोल अभी से टूट रहे है, तो कोई टेढे-मेढे हो गए है। इस पर ग्रामीणों द्वारा आपत्ति लेेने पर ठेकेदार के कर्मचारियों द्वारा उल्टा ग्रामीणों को ही धमकाया जा रहा था। धरने में ग्रामीणों के साथ दिनकर पातुरकर, आकाष खंडाईत, स्वएंसेवी कार्यकर्ता अविनाष गुर्वे, उमेष मस्के, बिछवी की पंच भागीरथी तुमडाम, तर्कषील संस्था के सचिव पीकेएस गुर्वे उपस्थित थे। मामूल धक्के में टूट गया स्टैंडपोल उपयंत्री के सामने ही मामूली धक्के में ही एक स्टैंडपोल भरभराकर टूट गया। उस के उपयोग में लाई गई सामग्री घटिया होना बताते हुए ग्रामीणों ने हाथ से ही सीमेंट क्रांकिट को तोड़ कर बताया। इस पर उपयंत्री ने ठेकेदार का पक्ष लेने पर ग्रामीणों ने जमकर आक्रोश जताया। ग्राम में कुछ जगह लगाए स्टैंडपोल हवा में लटक रहे थे। पीएचई के अनुसार ग्राम में 177 परिवारों में स्टैंडपोल बनाए जाना है। इसमें 50 फीसदी कार्य पूरा किया गया। ग्रामीणों ने इसे तोड़कर दुबारा बनाने की मांग रखी।क्लिक कर आडियो सुन सकते हैं।