ढाका प्रखंड के उच्च विद्यालय ढाका स्थितक्वांरटाईन सेंटर में 57 प्रवासी मजदूर रह रहे हैं प्रभारी सीओ अशोक कुमार ने बताया कि सेंटर पर मेडिकल की व्यवस्था की गई है रविवार को 2 प्रवासी मजदूरों द्वारा क्वारन्टाई सेंटर के भवन की रंगाई पुताई का काम शुरू किया गया है। सुनने के लिए ऊपर के ऑडियो पर क्लिक करें। 

दिल्ली मुंबई सहित अन्य प्रदेशों से आने वाले लोगों को रहने के लिए प्रखंड में 300 बेड का क्वोरेटिन सेंटर बनाया गया जिसमें दूसरे प्रदेश से आए मजदूर परदेसियों को 21 दिनों के लिए कोरेंटिन केंद्र पर रखा जाएगा।सीओ रोहित कुमार ने बताया कि दूसरे प्रदेश से आने वाले मजदूरों को रहने को लेकर प्रखंड के सीधेश्वरी सेमिनरी उच्च विद्यालय में 100 बेड, प्रोजेक्ट कन्या उच्च विद्यालय पताही में 100 बेड एवं बखरी उच्च विद्यालय में 100 बेड क्वारन्टाईन सेंटर बनाया गया है। इस खबर को सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें। 

मोतिहारी जिले के प्रखंडों में प्रवासी मजदूरों के आवासन के लिए बने क्वॉरेंटिन केंद्रों की सीसीटीवी कैमरे से निगरानी की जाएगी मूलभूत सुविधाओं में कमी ना हो इसका खास ध्यान रखा जाएगा और शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। उक्त बातें डीएम शिर्सत कपिल अशोक ने रविवार को आयोजित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में कहीं प्रखंडों में बने क्वारन्टाई सेंटरों के वास्तविक स्थिति की गहन समीक्षा करते हुए अधिकारियों को मूलभूत सुविधाओं पर ध्यान देने एवं साफ-सफाई का ख्याल रखने का निर्देश दिया है। कोरोना वायरस से निपटने के लिए हर स्तर से एहतियाती कदम उठाने की जरूरत है कहा कि देश के विभिन्न इलाकों से आने वाले मजदूरों का निश्चित अवधि के लिए आवासन किया जाएगा उसके नियमित स्वास्थ्य जांच चिकित्सा पदाधिकारी करेंगे इस मामले में लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और शिकायत मिलने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।

शिकारगंज थाना क्षेत्र गोढिया पंचायत के एक गांव के दंपति सहित तीन कोरोना पॉजिटिव मरीज मिलने से आसपास के इलाकों में भय का माहौल है। एक युवक अपनी पत्नी के साथ शहर के मिसकॉट मोहल्ले के कैंसर पीड़ित ससुर का इलाज कराने दिल्ली गया था जहां ससुर का ऑपरेशन के बाद सभी लॉक डाउन में फस गये परेशानी को देखते हुए पूर्व से दिल्ली में रह रहे अपने दो ग्रामीणों के सहयोग से भाडा पर एंबुलेंस लिया 30 अप्रैल को सभी लोग एंबुलेंस से शहर के मुस्कान मोहल्ले पहुंचे रास्ते में इन लोगों का सैंपल लिया गया था जिसकी रिपोर्ट रविवार को आई।दंपत्ति सहित उनके गांव के एक रिश्तेदार की रिपोर्ट पोजिटिव है साथ में एक और महिला थी जिसकी रिपोर्ट निगेटिव हैं । विस्तृत जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें। 

प्रखंड के केकरवा निवासी महावीर कुमार हरियाणा से साइकिल चलाकर करीब बारह दिन पर सुगौली पहुंचा। वहीं प्रखंड के बुच्चा निवासी मो. मोतिउर्रहमान कोलकाता से साइकिल चलाकर पांच दिन में सुगौली पहुंचा। विस्तृत जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें। 

सुगौली के कुछ बजारों में सब्जी खरीदने के लिए लगी भीड के बाद पहुंची पुलिस जिसके बाद लोग नदारद दिखे। पुलिस ने लोगों से लॉकडाउन का उलंघन नही करने का अपील किया। विस्तृत जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें। 

पटना, 3 मई: जिला से बाहर गये प्रवासी मजदूरों, तीर्थयात्रियों, पर्यटकों, छात्र छात्राओं व विभिन्न स्थलों से आने वाले व्यक्तियों के आवागमन की अनुमति दे दी गयी है. इसके साथ ही उनके कोरोना संक्रमण के लिए आवश्यक स्क्रीनिंग के लिए भी तैयारियां की जा रही है. इसके तहत राज्य सरकार के स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव संजय कुमार ने सभी जिला के जिलाधिकारियों व सिविल सर्जन को पत्र के माध्यम से आवश्यक दिशानिर्देश दिये हैं. पत्र में कहा गया है कि राज्य के बाहर रहने वाले प्रवासी मजदूरों व आंगतुकों सहित अन्य नागरिकों के रेल, बस एवं अन्य साधनों से बिहार राज्य में वापस आने की व्यवस्था की जा रही है. कोरोना संक्रमण को देखते हुए बिहार राज्य में लौटने वाले सभी व्यक्तियों का अनिवार्य रूप से स्वास्थ्य परीक्षण किया जाना जरूरी है. संक्रमण के लक्षण पाये जाने पर वैसे व्यक्तियों को विधिवत क्वारेंटाइन करने तथा उनका सैंपल लेने व इसकी जांच के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के लिए कहा गया है. स्टेशन पर उतरने वाले सभी व्यक्तियों की होगी स्क्रीनिंग: पत्र में कहा गया है कि प्रवासी मजदूरों आंगतुकों को बिहार राज्य में लौटने हेतु विशेष ट्रेनों के परिचालन की व्यवस्था की जा रही है. और अपने जिलान्तर्गत विशेष ट्रेनों की ठहराव वाले सभी स्टेशनों की जानकारी प्राप्त कर ट्रेनों के आगमन होने पर उस स्टेशन पर उतरने वाले सभी व्यक्तियों की स्वास्थ्य जांच कराया जाना है. ऐसे में उन स्टेशनों पर सिविल सर्जन द्वारा पर्याप्त संख्या में चिकित्सकों का दल गठित कर प्रतिनियुक्त किये जाने का निर्देश दिया गया है. आवश्यक सामानों की उपलब्धता भी करानी है सुनिश्चित: पत्र में कहा गया है कि प्रतिनियुक्त चिकित्सक दल को स्वास्थ्य परीक्षण या स्क्रीनिंग के लिए इंफ्रारेड थर्मोमीटर व पल्स आॅक्सीमीटर उपलब्ध कराने चिकित्सक दल को संक्रमण से बचाव के लिए तीन स्तरीय सर्जिकल मास्क, नॉन स्ट्राइल ग्लोब्स, डिस्पोजल हेड कैप, सेनेटाइजर, साबुन आदि उपलब्ध कराया जाये. सभी प्रवासी व्यक्तियों आंगतुकों के स्वास्थ्य परीक्षण स्क्रीनिंग कार्य के साथ साथ पंजीकरण संबंधी कार्य भी अनिवार्य रूप से कराया जाने की भी बात कही गयी है. 21​ दिनों के लिए अनिवार्य क्वारेंटाइन में रखने का निर्देश: स्वास्थ्य परीक्षण स्क्रीनिंग के दौरान लक्षणात्मक पाये गये व्यक्यिों को संबंधित रेल स्टेशन से ही उनके गृह जिला के प्रखंड जिला स्थित चिन्हित आपदा विभाग द्वारा संचालित क्वारेंटाइन सेंटर में 21 दिनों के लिए अनिवार्य क्वारेंटाइन में रखा जायेगा. स्क्रीनिंग के दौरान संदिग्ध पाये गये व्यक्तियों का सैंपल कलेक्शन किया जाना है. कोरोना पॉजिटिव पाये गये व्यक्तियों को उनके लक्षणों की गंभीरता के आधार पर कोविड ट्रीटमेंट अस्पतालों में भरती कराया जायेगा. क्वारेंटाइन सेंटर व रहने की करनी है समुचित व्यवस्था: बस अथवा अन्य वाहन से आने वाले व्यक्ति सीधे अपने गृह जिला के गृह प्रखंड स्थित आपदा विभाग द्वारा संचालित क्वारेंटाइन सेंटर पर पहुंचेगे. बस अथवा अन्य वाहन द्वारा लाये गये व्यक्तियों की जिलास्तर पर गठित मेडिकल टीम द्वारा स्वास्थ्य जांच की जायेगी. प्रत्येक प्रखंड के क्वारेंटाइन सेंटर में चिकित्सक पाराचिकित्सा कर्मी की प्रतिनियुक्ति, उनके रहने व भोजन आदि की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाने की भी बात पत्र में कही गयी है. लक्षणों के आधार पर कोविड केयर में कराया जायेगा भरती: नमूना की जांच के बाद कोविड पॉजिटिव के लक्षणों के आधार पर कोविड केयर सेंटर में भरती करने के लिए कहा गया है. मोडेरेट सिम्टम वाले रोगियों को डेडिकेटेड कोविड हेल्थ सेंटर में उपचार किये जाने के लिए व गंभीर लक्षण मिलने पर चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल में बनाये गये डेडिकेटेड कोविड अस्पताल में उपचार करने के निर्देश दिये गये हैं. इसके साथ ही प्रत्येक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर एंबुलेंस की व्यवस्था की जानी है. 102 के तहत संचालित एंबुलेंस में कोविड 19 के संदिग्धों व पुष्टि हुए मामलों के लोगों के आवागमन के लिए परिचालन नहीं किया जाना है. मच्छर जनित बीमारियों की रोकथाम के लिए छिड़काव: क्वारेंटाइन सेंटर में अन्य राज्यों से आये व्यक्तियों के बीच अन्य संभावित महामारी बीमारी जैसे दस्त या अतिसार वेक्टर जनित बीमारियों की रोकथाम के लिए व्यापक उपाय करने हैं. क्वारेंटाइन सेंटर पर मच्छर जनित बीमारियों की रोकथाम के लिए नियमित छिड़काव किया जाना है. भवन के अनावश्य छिद्रों को भरने ताकि सांप व अन्य जहरीले जीव जंतु के दंश से आवासितों को बचाया जा सके, जिलांतर्गत सभी स्वास्थ्य केंद्रों में सर्पदंश की दवा व एंटी रैबीज वैक्सीन पर्याप्त मात्रा में भंडारण सुनिश्चित किया जाना हे. जिला के सभी स्वास्थ्य केद्रों में दस्त व अतिसार से संबंधित सभी प्रकार की दवाएं रखी जानी है. नजदीक प्रसव वाली गर्भवती महिलाओं की होगी लाइनलिस्टिंग: अन्य राज्यों से आने वाले वृद्ध गर्भवती महिलाओं, बच्चे व असाध्य रोग से पीड़ितों के संबंध में गृहमंत्रालय ने आवश्यक निर्देश दिये हैं. निर्देश में कहा गया है कि गर्भवती मातायें जिनका प्रसव नजदीक है उन्हें समुचित देखरेख व चिकित्सयी सुविधा उपलब्ध कराने के लिए लाइनलिस्टिंग किया जाये. क्वारेंटाइन किये गये वृद्ध गर्भवती महिलाओं, बच्चे व असाध्य रोग से पीड़ित व्यक्तियों की अनिवार्य विवरणी कोविड 19.बिहार.गव.व पोर्टल पर अपलोड किया जाये ताकि ऐसे चिन्हित मरीजों को स्वास्थ्य संंबंधी गतिविधियों की फोन से मॉनिटिरिंग कर समुचित कार्रवाई चिकित्सीय प्रबंधन की जा सके. इसके साथ ही संबंधित प्रखंड के क्वारेंटाइन सेंटर पर कोविड 19 से संबंधित प्रचार प्रसार क्वारेंटाइन सेंटर पर कोविड 19 से संबंधित मुख्य बातें जैसे सोशल डिस्टेंसिंग, हाथ धोने मास्क े उपयोग , होम क्वारेंटाइन में बरती जाने वाली सावधानी आदि से संंबंधित प्रचार प्रसार किया जाये.

घोड़ासहन पूर्वी चंपारण

घोड़ासहन, पूर्वी चम्पारण

मस्तिष्क ज्वर में बच्चों को जल्द से जल्द पहुचाएं अस्पताल: डॉ रविन्द्र -जिला भी बी डी सह कोविड 19 नियंत्रण नोडल पदाधिकारी ने किया नानपुर पीएचसी का निरीक्षण - चमकी वार्ड की सुविधाओं का लिया जायजा सीतामढ़ी। 2 मई डीएम के निर्देश पर जिला संचारी रोग नियंत्रण सह कोविड 19 नियंत्रण नोडल पदाधिकारी डॉ आर के यादव द्वारा शनिवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र,नानपुर का निरिक्षण किया गया। निरीक्षण में मष्तिष्क ज्वर वार्ड में ग्लूकोमीटर, ऑक्सीजन,पल्स ऑक्सिमीटर सहित सभी आवश्यक दवाइयां उपलब्ध पाई गई। उसके बाद उपस्थित स्वास्थ्य कर्मियों का एक आवश्यक बैठक भी की गई। जिसमें एईएस /जे ई के बारे मे कई महत्वपूर्ण दिशा निर्देश भी दिया गया। अनुमंडल पदाधिकारी पुपरी के साथ नानपुर , बोखरा और पुपरी में कोविड 19 से सम्बन्धित सेनेटाइजेशन और जेई, एईएस पर महत्वपुर्ण चर्चा भी की गयी। पुपरी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डा रमाशंकर प्रसाद एवं केयर इण्डिया के जिला संसाधन इकाई के टीम लीडर मानस कुमार भी पर्यवेक्षण में साथ थे । सभी को बताया गया कि चमकी की सूचना मिलते ही बिना वक़्त गँवाए सरकारी या निजी एम्बुलेन्स अथवा किसी भी गाडी से बच्चे को शीघ्र अस्पताल लाकर भर्ती होने को प्रेरित करें ।अस्पताल आने में देरी जानलेवा हो सकती हैं । बच्चों को रात में बिना भोजन किए नहीं सोने देना है ।आँगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, आशा एवं जीविका दीदी के साथ मिलकर घर घर में जानकारी दी जाय और व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जाय । बच्चों को शाम में गुड़ के साथ दूध या हलवा दिया जा सकता है । मौके पर प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ एके चौधरी, बीएचएम अवनिश कुमार्,बीसीएम सर्वानन्द पांडेय, भीबीडिएस दीपक कुमार, बीएम आलोक ,पूरेन्दु नारयण मिश्रा, हेमंत कुमार समेत कई स्वास्थ्य कर्मी मौजूद थे । लक्षणः अचानक तेज बुखार आना, मुंह से झाग आना, सुस्ती क्या करेंः चीनी और नमक का घोल तुरंत दें। ओआरएस दें, साथ ही तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल लेकर जाएं। मुफ्त एबुंलेंस सेवा के लिए 102 डायल करें। क्या न करेंः ओझा गुणी के पास न ले जाएं। झाड़ फूंक न कराएं। अस्पताल लेकर जाने में देरी न करें। झोला छाप डाक्टर के पास बिल्कुल न जाएं।