खगरिया जिला के परबत्ता प्रखंड के अंतर्गत स्वास्थ्य केंद्रों पर हेल्थ एंड वैलनेस केयर सेंटर के द्वारा शिविर लगाकर साठ साल से अधिक वाली वृद्धो को लगाया जाएगा वैक्सिंग,इसके लिए सभी तैयारियां शुरू कर लीजिए । विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
महिलाओं और बच्चों के कल्याण की सरकार की नई पहल महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की सभी योजनाएं अब तीन वृहद् परियोजनाओं के तहत होंगी संचालित • मिशन पोषण 2.0, मिशन वात्सल्य एवं मिशन शक्ति के तहत समाहित होंगी सभी योजनायें • वर्ष 2021 -22 के बजट में इन परियोजनाओं के लिए 24114 करोड़ रूपये आवंटित सभी अम्ब्रेला स्कीम्स के लिए बजट में 24114 करोड़ रूपये आवंटित : वर्ष 2021—22 के केन्द्रीय बजट में इन तीन परियोजनाओं में पूर्व से चल रहीं योजनाओं को शामिल करते हुए राशि का आवंटन किया गया है । सक्षम आंगनबाड़ी तथा पोषण 2.0 परियोजना में आईसीडीएस आंगनबाड़ी सेवा, पोषण अभियान, किशोरियों के लिए योजना व राष्ट्रीय क्रेश योजना को शामिल किया गया है । इसके लिए बजट में 20, 105 करोड़ रुपये आंवटित किये गए हैं । मिशन वात्सल्य, बाल सुरक्षा सेवाएं व बाल कल्याण सेवाओं को सम्मिलित करते हुए 900 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है । मिशन शक्ति (महिलाओं के सशक्तिकरण और सुरक्षा के लिए मिशन) में — संबल (वन स्टॉप सेंटर, महिला पुलिस वालंटियर , महिला हेल्पलाइन, स्वधर, उज्जवला, विधवा आश्रम) तथा समर्थ — (बेटी बचाओं, बेटी पढ़ाओ, पालना घर, प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना, जेंडर बजट, शोध) योजनाओं को शामिल करते हुए 3,109 करोड़ रुपये आंवटित किया गया है । इस तरह तीनों अम्ब्रेला स्कीम्स के लिए वर्ष 2021 — 22 के बजट में 24114 करोड़ रूपये आवंटित किए गए हैं ।
महिलाओं और बच्चों के कल्याण की सरकार की नई पहल महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की सभी योजनाएं अब तीन वृहद् परियोजनाओं के तहत होंगी संचालित • मिशन पोषण 2.0, मिशन वात्सल्य एवं मिशन शक्ति के तहत समाहित होंगी सभी योजनायें • वर्ष 2021 -22 के बजट में इन परियोजनाओं के लिए 24114 करोड़ रूपये आवंटित पटना, 12 मार्च । महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की सभी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए सरकार ने नई पहल की है । इसके तहत अब महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की योजनाओं को तीन वृहद परियोजनाओं में समाहित कर संचालित किया जाएगा, जिसमें मिशन पोषण 2.0, मिशन वात्सल्य एवं मिशन शक्ति शामिल होंगे । मिशन शक्ति महिला व बाल विकास मंत्रालय द्वारा संचालित सभी मिशन व योजनाओं का कंनर्वजेंस प्रोग्राम है । इसी में मिशन पोषण 2.0, मिशन वात्सल्य तथा मिशन सक्षम आंगनबाड़ी को शामिल किया गया है । देश में लगभग 68 फीसद आबादी महिलाओं एवं बच्चों की : एक सरकारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार देश में 67.70 फीसद आबादी सिर्फ महिलाओं एवं बच्चों की ही है । देश के सतत एवं न्यायसंगत विकास के लिए महिलाओं एवं बच्चों के अधिकारों की सुरक्षा एवं उनका सशक्तिकरण बेहद जरुरी है । महिला एवं बाल विकास मंत्रालय एक सुरक्षित माहौल में बच्चों की खुशहाली और सुपोषण सुनिश्चित करने के लिए कटिबद्ध है । इसके साथ ही महिलाओं को सशक्त करने के लिए सुलभ, सस्ता, विश्वसनीय एवं सभी तरह के भेदभाव एवं हिंसा मुक्त माहौल प्रदान करने के लिए प्रयासरत है । महिला एवं बाल विकास मंत्रालय का मुख्य उद्देश्य महिला एवं बाल विकास के लिए राज्य सरकार के कार्यों में कमी को दूर करने, महिलाओं का सम्मान व उनकी सुरक्षा तथा उनके अधिकारों का सर्मथन करने एवं उनके कौशल का क्षमतावर्धन कर उनमें आत्मविश्वास भरना है ताकि वह आगे के रास्ते को स्वयं तय कर सकें । विज्ञप्ति में कहा गया है कि देश का संविधान सभी महिलाओं व पुरुषों को स्वतंत्रता और अवसर का समान अधिकार देता है । एक महिला को अपने भाग्य निर्माण में सक्षम बनाने के लिए, सतत चलने वाले तरीकों को पूरे जीवनकाल तक अपनाया जा रहा है जो एक ऐसी व्यवस्था का निर्माण करता है जिसके माध्यम से प्राकृतिक तौर पर होने वाले भेदभाव और पक्षपात का समाधान किया जा सके । मिशन शक्ति से महिलाओं को मिलेगा समान अधिकार : महिलाओं का सम्मान और उनकी सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है । इसलिए एक समावेशी समाज के निर्माण की जरूरत है, जहां महिलाओं और बालिकाओं को संसाधनों व अवसरों के इस्तेमाल का बराबरी का अधिकार हो ताकि भारत की सामाजिक, आर्थिक व राजनीतिक विकास में भागीदारी देने में महिलाएं सक्षम हों । समावेशी विकास के लिए आर्थिक, सामाजिक और पर्यावरणीय बदलाव लाने में महिलाओं की मुख्य भूमिका है । इस उद्देश्य को प्राप्त करने के लिए वर्तमान में चल रही योजनाओं में आवश्यक बदलाव लाना जरूरी है । इसे मिशन शक्ति के तहत प्राप्त किया जा सकता है । बच्चों के कल्याण में मिशन वात्सल्य करेगा सहयोग देश के विकास के लिए बच्चों की खुशहाली बहुत जरूरी है । वह भविष्य में देश के मानव संसाधन के रूप में अपना योगदान देते हैं । सरकार द्वारा उनके पोषण, वितरण और इसकी पहुंच तथा इसके परिणाम को मजबूत करने के लिए सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन प्रोग्राम (पूरक पोषण कार्यक्रम) तथा पोषण अभियान को मिशन पोषण 2.0 के तहत विलय कर दिया गया है । बच्चों की सुरक्षा और कल्याण सुनिश्चित करने के लिए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने नई पहल की है, इन उद्देश्यों को मिशन वात्सल्य सुनिश्चित करता है ।
मुंगेर प्रमंडलीय मुख्यालय में मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल की स्थापना को लेकर जिला राजद मुंगेर द्वारा स्थानीय शहीद स्मारक किला मुंगेर में 16 मार्च 2021 को आयोजित महा धरना की तैयारी हेतु जिला राजद के अध्यक्ष डॉक्टर देवकीनंदन सिंह राज्य परिषद सदस्य नरेश सिंह यादव जिला राजद मुंगेर के उपाध्यक्ष प्रोफेसर विनय कुमार सुमन अन्य पिछड़ी जाति प्रकोष्ठ के प्रधान महासचिव रवि कुमार रवि ने धरहरा प्रखंड के विभिन्न गांव का दौड़ाकर लोगों से संपर्क स्थापित कर महा धरना में आकर धरना को सफल बनाने का अपील लोगों से किया जनसंपर्क के दौरान जिला परिषद सदस्य प्रोफेसर अरुणा राय के घटवारी स्थित निवास पर राजद कार्यकर्ताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक प्रखंड अध्यक्ष इंजीनियर रामबालक यादव की अध्यक्षता में हुई बैठक को संबोधित करते हुए जिला राजद अध्यक्ष डॉक्टर देवकीनंदन सिंह ने कहा कि मुंगेर में मेडिकल कॉलेज की स्थापना की सुकृति अभी तक राज सरकार द्वारा नहीं देना मुंगेर के साथ सौतेला व्यवहार को दर्शाता है राज्य परिषद सदस्य नरेश सिंह यादव ने कहा कि मुंगेर मुख्यालय में जब तक मेडिकल कॉलेज की स्थापना की स्वीकृति राज सरकार नहीं दे देती तब तक हमारा आंदोलन चलता रहेगा जिला उपाध्यक्ष प्रोफेसर विनय कुमार सुमन ने कहा कि बिहार के प्रमंडल में से आठ प्रमंडलीय मुख्यालय में मेडिकल कॉलेज की स्थापना हो चुकी है तो फिर मुंगेर में मेडिकल कॉलेज क्यों नहीं जिला परिषद सदस्य प्रोफेसर अरुणा राय ने अपना विचार रखते हुए प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया किधर आरा प्रखंड से अधिक से अधिक संख्या में कार्यकर्ता महा धरना में भाग लेंगे बैठक में धरहरा प्रखंड के पूर्व प्रमुख श्री अशोक यादव राजद नेता हिमांशु कुमार मुन्ना यादव सहित अनेकों लोग उपस्थित थे विदित हो कि महा धरना में पूर्व केंद्रीय मंत्री सह राजद के राष्ट्रीय महासचिव श्री जयप्रकाश नारायण यादव सहित जिले के अन्य वर्तमान एवं पूर्व जनप्रतिनिधि भाग लेंगे प्रोफेसर विनय कुमार सुमन जिला उपाध्यक्ष राष्ट्रीय जनता दल मुंगेर
जन अधिकार पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष का आज दोपहर मुंगेर में आगमन होगा मुंगेर जन अधिकार पार्टी के जिला अध्यक्ष पप्पू कुमार ने बताया कि जन अधिकार पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष महोदय का सड़क मार्ग से बख्तियारपुर लखीसराय होते हुए मुंगेर आगमन है दिन के लगभग 1:00 बजे राष्ट्रीय अध्यक्ष का आगमन मुंगेर में होगा मुंगेर खगड़िया रेल सड़क एप्रोच पथ के निर्माण क्षेत्र के लाल दरवाजा पहुंचकर वहां के किसानों से मुलाकात करेंगे लाल दरवाजा के किसान उचित मुआवजा को लेकर बीते कई दिनों से धरना पर बैठे हैं देर शाम पटना के लिए राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रस्थान करेंगे
आयुष्मान भारत योजना: अब 31 मार्च तक जिले के सभी कॉमन सर्विस सेंटर सहित अन्य स्वास्थ्य संस्थानों में निःशुल्क बनेगा लाभुकों का गोल्डन ई. कार्ड आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना मुंगेर कि जिला कार्यक्रम समन्वयक ज्योति कुमारी ने बताया कि पिछले साल चलाये गए आयुष्मान भारत पखवारा के दौरान जिस किसी भी लाभुक ने गोल्डन कार्ड बनाने के लिए अपना रजिस्ट्रेशन कराया था और कोरोना काल कि वजह से जो अपना गोल्डन कार्ड प्राप्त नहीं कर पाए थे उन सभी लाभुकों से से अपील है कि जिलाधिकारी के निर्देश के अनुसार वे सभी लोग जहां उन्होंने अपना रजिस्ट्रेशन कराया था वहां के अधिकारी जैसे अस्पताल में आरोग्य मित्र, सीएचसी और पीएचसी के अधिकारी और कॉमन सर्विस सेंटर के कार्यपालक सहायक से सम्पर्क कर अपना गोल्डन ई. कार्ड प्राप्त कर लें। इसके साथ ही जिस परिवार में किसी ब्यक्ति का गोल्डन ई. कार्ड बन चुका है वो लोग अपने परिवार में नए सदस्य जैसे बेटे की शादी के बाद बहू के आने या बच्चे के जन्म के बाद उसका नाम अपने नजदीकी किसी अस्पताल के आरोग्य मित्र से मिलकर अपने सदस्य का नाम गोल्डन ई. कार्ड में जुड़वा लें। उन्होंने बताया कि प्रखंड स्तर पर गोल्डन कार्ड बनाने और वितरण की देखरेख प्रखंड स्तर पर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, स्वास्थ्य प्रबंधक, जीविका के द्वारा जिले के सभी प्रखंड कार्यक्रम प्रबंधक और स्थानीय जनप्रतिनिधि करेंगे। इसके साथ ही जिलाधिकारी मुंगेर के निर्देशानुसार जिले के सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी को लगातार समीक्षा कर इसकी प्रगति सुनिश्चित करने और सम्बंधित अनुमंडल पदाधिकारी को इसकी प्रॉपर मॉनिटरिंग करने का निर्देश दिया गया है। बताया कि पंचायत स्तर पर लाभुकों को चिह्नित करने के लिए प्रखंड स्तर के पदाधिकारी एवं जनप्रतिनिधि, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी एवं आशा कार्यकर्ता और जीविका के अधिकारी और कर्मचारी को लाभुकों कि सूची सौंप दी गई है। इस कार्य में आईसीडीएस की आंगनबाड़ी सेविका और सहायिका से भी लाभुकों को चिह्नित करते हुए गोल्डन कार्ड बनवाने और वितरण करने में सहयोग की अपील की गई है। जिले के सभी सरकारी और दो सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में उपलब्ध है इलाज कि सुविधा : जिला कार्यक्रम समन्वयक ज्योति कुमारी ने बताया कि इस योजना के तहत सन 2011 के आर्थिक- सामाजिक जनगणना के अनुसार अनुसूचित जाति- जाति परिवार, किसी परिवार के दिव्यांग सदस्य जिसका देखभाल करने वाला कोई नहीं हो, जिसके घरों कि दीवारें कच्ची हो, जो भूमिहीन परिवार हो या फिर ऐसा परिवार जिसमें कोई वयस्क पुरुष सदस्य नहीं हो ऐसे सभी परिवार के लिए प्रतिवर्ष पांच लाख रुपये तक की इलाज कि सुविधा सभी सरकारी अस्पतालों और दो सूचीबद्ध निजी अस्पताल में उपलब्ध है। बताया कि जिले के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, अनुमंडल अस्पताल और सदर अस्पताल के साथ ही मुंगेर के लोहा पट्टी स्थित जीवन अवतार हॉस्पिटल में डिलीवरी सर्जरी और कौड़ा मैदान स्थित नवजात शिशु कल्याण केंद्र (सिटी क्लीनिक) में सामान्य सर्जरी कि सुविधा उपलब्ध है।
मुंगेर जिले के सभी 101 पंचायतों में कॉमन सर्विस सेंटर में भी कार्यपालक सहायक के द्वारा बनेगा गोल्डन ई. कार्ड - जिले भर में 10 मार्च तक बन पाया है 21, 675 लाभुकों का गोल्डन ई. कार्ड मुंगेर, 12 मार्च| आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत जिले के कुल 6, 25, 747 लाभुकों के निर्धारित लक्ष्य में से 10 मार्च तक कुल 21,675 लाभुकों का गोल्डन ई. कार्ड बनाया जा चुका है। शेष बचे लाभुकों के लिए 31 मार्च तक प्रतिदिन 10 हजार गोल्डन ई. कार्ड बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए जिले के सभी 101 पंचायतों के कॉमन सर्विस सेंटर में भी कार्यपालक सहायक के द्वारा लाभुकों का गोल्डन ई. कार्ड बनाया जाएगा। इसके साथ ही जिले के सभी अस्पतालों में रोग्य मित्र और सभी सामुदायिक, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क कर बीपीएल परिवार के लाभुक अपने राशन कार्ड, आधार कार्ड और प्रधानमंत्री द्वारा भेजे गए पत्र को दिखाकर ऑनलाइन पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन के बाद निःशुल्क गोल्डन ई. कार्ड बनवाकर सभी सरकारी और सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में पांच लाख तक निःशुल्क इलाज की सुविधा प्राप्त कर सकते हैं । जिले भर में 10 मार्च तक बना है 21,675 गोल्डन ई. कार्ड : डेली बेसिस आयुष्मान भारत गोल्डन ई. कार्ड निर्माण पखवारा की रिपोर्ट के अनुसार मुंगेर जिले में कुल 6, 26,747 गोल्डन कार्ड बनने के निर्धारित लक्ष्य के विरुद्ध 10 मार्च तक कुल 21,675 का गोल्डन ई. कार्ड बनाया जा चुका है। रिपोर्ट के अनुसार असरगंज में 35791 के लक्ष्य के विरुद्ध 693, बरियारपुर में 54,455 लक्ष्य के विरुद्ध 1105, धरहरा में 72,272 के लक्ष्य के विरुद्ध 1365, जमालपुर में 48, 265 के लक्ष्य के विरुद्ध 2094, हवेली खड़गपुर में 92,050 के लक्ष्य के विरुद्ध 3314, मुंगेर सदर में 70,911 के लक्ष्य के विरुद्ध 2567, संग्रामपुर में 45,949 के लक्ष्य के विरुद्ध 930, तारापुर में 36,435 के लक्ष्य के विरुद्ध 2328, टेटिया बम्बर में 41,180 के लक्ष्य के विरुद्ध 1323 और मुंगेर, जमालपुर और हवेली खड़गपुर के शहरी क्षेत्र में 1,29,439 के लक्ष्य के विरुद्ध 5956 का गोल्डन ई. कार्ड बनाया जा चुका है। विस्तृत जानकारी के लिए आगे सुने मोबाइल वाणी मुंगेर की आवाज धन्यवाद
मुंगेर गंगा नदी पर निर्माणाधीन सड़क पुल का एप्रोच पथ को लेकर जिला प्रशासन के कार्यशैली संवेदनहीनता एवं मनमानी के कारण रैयती किसानों का जमीन अधिग्रहण का मामला आज तक अधर में लटका है उक्त बातें मुंगेर विधानसभा क्षेत्र से राजद के प्रत्याशी एवं राजद के युवा राष्ट्रीय महासचिव अविनाश कुमार विद्यार्थी उर्फ मुकेश यादव ने लाल दरवाजा स्थित निर्माणाधीन एप्रोच पथ के नीचे धरना पर बैठे किसानों की समस्या सुनने के बाद अपने संबोधन में कहा उन्होंने कहा कि एक और जहां सरकार का नीतिगत फैसला सरकार का है कि किसी भी परियोजना के लिए लिए जाने वाले जमीन का बाजार मूल्य से 4 गुना जमीन मालिकों को मुआवजा दिया जाना है लेकिन लेकिन एक ही जमीन का दो किस्म की दर से मुआवजा की राशी निर्धारित कर विवाद में डाल दिया है।विदित हो कि अधिग्रहित भुमि का निबंधन जमाल किता मारूफ लालदरवाजा के आधार होता रहा है।जिसमे बर्ष 2013-14में नबंधक विभाग द्वारा आवासीय भुमि का मुल्य तीन लाख सात हजार 880 रूपया प्रति डिसमिल निर्धारित है।लेकिन जिला प्रसाशन उसी जमीनका दर मात्र पंद्रह हजार प्रति कठ्ठा निर्धारित कर मनमानी तरीके से रैयतो पर दवाव बना कर मुआवजा की राशी भूगतान करना चाहती है। आगे उन्होने कहा की किसान एप्रोच पथ के लिए अपनी जमीन देने को तैयार है लेकिन मुआवाज की राशी एक समान भुगतान हो।इसी आलोक में मुख्यमंत्री ने मुंगेर में घोषना कर चुके है की अधिग्रहित भुमि का उचित मुआवजा दिया जाएगा जिसका आदेश मुंगेर जिला प्रसाशन को दिया था। वही जिला प्रशासन द्वारा रोज नये नये दर पर मुआवजा की राशी का भुगतान करने का दबाव बना कर इस महत्वकाक्षी परियोजना को लटकाने एंव किसान को तंग तबाह करने की साजिश किया जा रहा है ।साथ ही साथ उपस्थित किसानो को कहा की जब तक जमीन मालिक को उचित मुआवजा नही दिया जाएगा राजद उनकी लडाई में साथ है।इस मामले को लेकर प्रतिपक्ष के ने पुर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव से मिल विधानसभा में उठाने का आग्रह करेगें। इस अवसर पर प्रदेश सचिव दिनेश यादव,जिला प्रवक्ता मंटु शर्मा,कौशल यादव, हेंमंत यादव सहित सैकडौं महिला पुरूष जमीन मालिक उपस्थित थे।
सदर प्रखंड अंतर्गत आरटीपीएस काउंटर पर आवेदन कर्ताओं का काफी भीड़ दिखा लंबी लाइन देखिए वही जब मैं एक दो महिला पुरुष से बात किया तो उन्होंने बताया कि हम लोग सुबह 7:00 बजे 8:00 बजे लाइन में आकर खड़े हो जाते हैं पर भीड़ इतनी बढ़ जाती है कि हम लोगों का काम नहीं हो पाता है उन्हें बातचीत के दौरान यह भी बताया कि यहां सरवर का प्रॉब्लम दिखता है जिससे फॉर्म जमा करने में काफी समय लग जाता है यही कारण लंबी लाइन लगी रहती है लाइन में खड़ी महिला रूबी देवी ,कंचन देवी ,खूनिया देवी इत्यादि ने यह जानकारी दिए
*मुखिया सिर्फ मोहरा असली भ्रष्टाचारी तो पदाधिकारी, ठेकेदार और मंत्री हैं - संजय केशरी* नल-जल योजना में भ्रष्टाचार के आरोप में मुखिया एवं पंचायत प्रतिनिधियों को भ्रष्ट बताकर अगर जेल भेजा जा रहा है तो सबसे पहले संबंधित भ्रष्ट पदाधिकारियों एवं ठेकेदारों को जेल भेजा जाय और उसके संरक्षणकर्ता पीएचइडी मंत्री पर कार्रवाई करते हुए बिहार के मुखिया मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को भी इसकी जिम्मेदारी लेनी होगी। उपर्युक्त बातें एनसीपी श्रमिक प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष संजय केशरी ने भगत सिंह चौक पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का पुतला दहन करते हुए कहा। श्री केशरी ने कहा कि मुखिया को एक तरफ जहां जनता की आकांक्षाओं को पूरा करने का दबाव रहता है तो दूसरी ओर सरकारी पदाधिकारियों, दलालों तथा ठेकेदारों द्वारा हर कदम पर मुखिया को ब्लैकमेल किया जाता है लेकिन उनकी परेशानियों को समझे बगैर उल्टे उन्हें ही जेल भेजने की साज़िश हो रही है। एनसीपी नेता संजय केशरी ने कहा कि सिर्फ नल-जल योजना ही क्यों नीतीश कुमार के संरक्षण में बिहार के सभी विभागों में भ्रष्टाचार की गंगोत्री बह रही है। अंतर्जातीय अंतर्धर्मीय कमिटी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश कुमार गुप्ता एवं बेरोजगार सेना के प्रांतीय संयोजक मनोरंजन कुमार सिंह ने कहा कि नीतीश कुमार का जुमला है कि हमारी सरकार ना तो किसी को फंसाती है और ना ही किसी को बचाती है लेकिन दोषियों को बचाया और निर्दोषों को फंसाया जा रहा है। एनसीपी प्रदेश महासचिव राजीव शर्मा एवं महिला नेत्री सोनी सिन्हा ने कहा कि पूरे देश में नीतीश कुमार भ्रष्टाचारियों के सबसे बड़े संरक्षक मुख्यमंत्री साबित हो रहे हैं। पुतला दहन कार्यक्रम में एनसीपी नेता आजाद शर्मा, अजित कुमार, दयानंद यादव, अजय प्रसाद, मो० सलाम, बंटी राम एवं पप्पू मंडल सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित थे।
