उत्तरप्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर ज़िला के मझवां प्रखंड से सुनीता देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि जमीन में महिलाओं का अधिकार हो ताकि महिलाएँ आगे चल कर स्वावलम्बी बन सके।

उत्तरप्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर ज़िला के मझवां प्रखंड से 40 वर्षीय सुनीता देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि वो मशरुम की खेती करना चाहती है। इसके लिए इन्हे ट्रेनिंग और आर्थिक सहायता चाहिए

उत्तरप्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर ज़िला के मझवां प्रखंड से मनोरमा देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि जमीन में महिलाओं का अधिकार मिलना चाहिए। जिससे महिलाओं का मनोबल बढ़ सके।

उत्तरप्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर ज़िला के मझवां प्रखंड से 35 वर्षीय मनोरमा मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि वो रुद्राक्ष का माला बनाने का रोज़गार चाहती है। इसके लिए ट्रेनिंग और पैसों की ज़रुरत है

उत्तर प्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर जिला के कोण ब्लॉक से श्वेता मोबाइल वाणी के माध्यम से ये कहती हैं कि महिलाओं को भी जमीनी अधिकार मिलना चाहिए। इससे महिलाएं भी पुरुष के बराबर ही रहेंगी

उत्तर प्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर ज़िला के सागरपुर से इशांत यादव मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते हैं कि वो पेड़ा का दूकान खोले हैं और इसे आगे बढ़ाना चाहते हैं। इसके लिए पैसों की आवश्यकता है

उत्तरप्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर ज़िला के कोण प्रखंड के सागरपुर ग्राम से 35 वर्षीय पूजा मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि वो फूल का खेती करना चाहती है। इसके लिए इन्हे लोन चाहिए

उत्तरप्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर ज़िला के कोण प्रखंड से 35 वर्षीय रीता देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि ये पहले गृहिणी थी। जिसके बाद ग्राम वाणी की मीटिंग में संवाददाता शिवधनी ने रीता देवी को व्यापार करने की सलाह दी ताकि इनका परिवार का आर्थिक रूप से भरण पोषण अच्छे से हो सके। जिसके बाद रीता ने कपड़े का दूकान शुरू किया। अब दूकान अच्छे से चल रहा है। इसके लिए वो ग्राम वाणी और मोबाइल वाणी संवाददाता शिवधनी की शुक्रगुज़ार है

उत्तर प्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर जिला के मझवां ब्लॉक से सुनीता मोबाइल वाणी के माध्यम से ये कहती हैं कि महिलाओं को भी जमीनी अधिकार मिलना चाहिए। ताकि बेटियां भी आगे चल कर स्वावलंबी बन सकती है

उत्तरप्रदेश राज्य के मिर्ज़ापुर ज़िला के कोण प्रखंड से सौरव यादव मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते है कि महिलाओं को जमीनी अधिकार मिलना चाहिए। इससे महिलाएँ आत्मनिर्भर होंगी