शुक्रवार को अंचलाधिकारी पूजा कुमारी के अगुवाई में सदर अंचल के कार्यालय में जनता दरबार का आयोजन किया गया जिसमें कुल 26 नए मामले आए जिन का निष्पादन कर दिया गया वही एक पुराने मामले का भी निष्पादन किया गया इसकी जानकारी अंचलाधिकारी पूजा कुमारी ने दी वही राजस्व अधिकारी रजत प्रकाश ने बताया कि हम लोग हर संभव किसी भी प्रकार का मामला को निष्पादन करने का प्रयास कर रहे हैं ताकि लोगों को किसी प्रकार का कोई परेशानी ना हो।

शुक्रवार से 3 जून से 5 जून तक मुंगेर गंगा पुल पर किसी भी प्रकार के वाहन का आवागमन जिला प्रशासन के आदेशानुसार बंद कर दी गई है किसी भी प्रकार का कोई वाहन दो पहिया चार पहिया साइकिल पैदल आवागमन नहीं किया जाएगा।

जिला संतमत सत्संग का वार्षिक अधिवेशन मुंगेर जिले के मय पंचायत अंतर्गत जनता उच्च विद्यालय तौफिर मैं आयोजन की गई है प्रवचन कर्ता महर्षि योगानंद परमहंस जी महाराज रहेंगे जबकि संतमत के जिला मंत्री स्वामी निर्मल बाबा की देखरेख में सत्संग आयोजन की जाएगी।

समर कैंप के बच्चो ने सिंगर केके को दी श्रद्धांजली रुला गया सिंगर केके का जाना : हीरो राजन कुमार आज मुंगेर ,राजवीर हाउस,शादीपुर में चल रहे समर कैंप में भाग ले रहे बच्चो ने सिंगर केके को दी भावभीनी श्रद्धांजली । समर कैंप की डायरेक्टर पल्लवी कुमारी ने गीत गाकर महान गायक की याद को ताजा कर दिया। शुभम कुमार ने केके को अपना फेवरेट सिंगर कहा समर कैंप में ट्रेनिंग ले रही सृष्टि ने कहा मैं भी सिंगर केके की तरह गाना चाहती हूं मास्टर यश ने भी फूल चढ़ा कर महान सिंगर को याद किया। गायिका ऋतु राज ने केके को अपना सब कुछ बताया। शायर इकबाल अहमद ने चंद पंक्तियों में कहा वक्त का एक नामवर फनकार रुकसत हो गया आज मेरा हमदम व गमखार रुखसत हो गया गीत और संगीत का जादू बिखेरा करते थे देखते ही देखते एक यार रुखसत हो गया । बफ्टा के प्रेसिडेंट हीरो राजन कुमार ने आगरा उत्तर प्रदेश में केके के साथ अपने परफार्मेंस को याद किया जब सिंगर चार्ली चैपलिन द्वितीय से स्टेज पर आकर लिपट गया था और कहने लगा कलाकारी को नमन है। हीरो राजन कुमार उन लम्हों को याद कर रोने लगे l कोलकाता के नज़रूल मंच में गुरुदास कॉलेज के उत्सव के लिए एक संगीत कार्यक्रम में प्रदर्शन करते समय के के का अचानक गिर जाने उनके लिए जान लेवा साबित हुआ। उनको बेहतर इलाज के लिए 31 मई, मंगलवार को रात करीब साढ़े दस बजे जब उन्हें कलकत्ता मेडिकल रिसर्च इंस्टीट्यूट (सीएमआरआई) लाया गया तो उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। डॉक्टरों की टीम ने मौत की वजह हार्ट अटैक बताया है। 53 वर्षीय केके के निधन से पूरी फिल्म इंडस्ट्री में शोक का माहौल पैदा हो गया है। पूरे बॉलीवुड को रुला गया केके का जाना। 90 के दशक से अब तक के भारत के सबसे चर्चित गायकों में से एक, कृष्णकुमार कुन्नाथ उर्फ के के पालन-पोषण नई दिल्ली में हुआ था। केके ने बॉलीवुड में कदम रखने से पहले 3500 जिंगल गाए थे। उन्होंने 1999 के क्रिकेट विश्व कप के दौरान भारतीय क्रिकेट टीम के समर्थन के लिए 'भारत के जोश' गीत में अपना स्वर दिया था। केके ने 1991 में अपने बचपन के प्यार ज्योति से शादी की। उनके बेटे नकुल कृष्ण कुन्नाथ ने उनके साथ उनके एल्बम 'हमसफर' में गाया था। केके की एक बेटी भी है जिसका नाम तमारा कुन्नाथ है, जो पियानो बजाना पसंद करती हैं। गायक किशोर कुमार और संगीत निर्देशक आर डी बर्मन को अपना आदर्श मानने वाले सिंगर केके हिंदी, तमिल, तेलगु, कन्नड़, मलयालम, मराठी, बंगाली और गुजराती भाषाओं की फिल्मों के चर्चित गायक थे। 23 अगस्त 1968 को दिल्ली में जन्मे केके माइकल जैक्सन, बिली जोएल, ब्रायन एडम्स, लेड जेपेलिन जैसे अंतरराष्ट्रीय गायक और बैंड से काफी प्रभावित थे। सबसे खास बात यह है कि केके ने कभी भी संगीत का कोई औपचारिक प्रशिक्षण नहीं लिया था। 1994 में मुम्बई पहुँच कर उन्होंने संगीत के क्षेत्र में एक ब्रेक पाने के लिए लुइस बैंक्स, रंजीत बरोट, लेस्ली लुईस को अपना म्यूजिक डेमो टेप दिया उसके बाद ही यूटीवी से उन्हें ब्रेक मिला था। उनका पहला एल्बम 'पल 'अप्रैल 1999 में रिलीज़ हुआ था। एल्बम में उनके प्रदर्शन को सर्वश्रेष्ठ पुरुष गायक के लिए स्क्रीन इंडिया से स्टार स्क्रीन अवार्ड मिला था। केके को एआर रहमान के हिट गीत 'कल्लूरी साले' और 'हैलो डॉ' के साथ पार्श्व गायक के रूप में पेश किया गया था । कादिर के 'कधल देशम' से और फिर उसके बाद एवीएम प्रोडक्शंस की संगीतमय फिल्म 'मिनसारा कानावु '(1997) से 'स्ट्रॉबेरी कन्ने' । उन्हें बॉलीवुड में ब्रेक 'तड़प तड़प' हम दिल दे चुके सनम (1999) से मिला था। इस गाने के पूर्व केके ने गुलजार की फिल्म 'माचिस' का गीत 'छोड़ आए हम...' के संक्षिप्त हिस्से में अपना स्वर दिया था। टेलीविजन की बात करें तो केके ने 2008 में हम टीवी पर प्रसारित होने वाले पाकिस्तानी टीवी शो 'द घोस्ट 'के लिए 'तन्हा चला' नामक एक गीत भी गाया । इस गीत को फारुख आबिद और शोएब फारुख ने संगीतबद्ध किया था, और मोमिना दुरैद ने गीत लिखे थे। इसके साथ ही केके ने 'जस्ट मोहब्बत' , 'शाका लाका बूम बूम' , 'कुछ झुकी सी...', 'हिप हिप हुर्रे' , और 'काव्यांजलि', जैसे कई टेलीविजन सीरियल गाने भी गाए हैं । उन्होंने श्रेया घोषाल के साथ स्टार परिवार पुरस्कार 2010 के लिए थीम गीत भी गाया है। केके टेलीविजन पर भी नजर आए। उन्हें टैलेंट हंट शो फेम गुरुकुल के लिए जूरी सदस्य के रूप में आमंत्रित किया गया था । 29 अगस्त 2015 को, केके टेलीविजन गायन रियलिटी शो इंडियन आइडल जूनियर सीजन 2 में भारत के उभरते गायकों को खुश करने के लिए दिखाई दिए, जहां उन्होंने 'खुदा जाने', 'मेरा पहला पहला प्यार', 'मेक सम नॉइज़ फॉर द देसी बॉयज़' का प्रदर्शन किया। , 'अजब सी', 'सच कहता है दीवाना' और जूनियर प्रतिभाओं के साथ कई और गाने और विशाल ददलानी के साथ 'तू आशिकी है', सलीम मर्चेंट के साथ 'आशाएं' और सोनाक्षी सिन्हा के साथ 'तड़प तड़प'। 10 साल बाद, वह एक सिंगिंग रियलिटी शो में जज और गेस्ट जूरी सदस्य के रूप में भी दिखाई देने के साथ साथ 13 सितंबर 2015 को, केके सोनी मिक्स पर 'बातों बातों में' में भी नज़र आए थे। अपने फिल्मी करियर के शुरुआती दौर से ही केके अपने जीवन काल मे स्टेज शो के प्रति काफी गंभीर थे। भारत के अलावा विदेशों में भी उनका म्यूजिकल लाइव शो काफी लोकप्रिय था। डॉ राजन कुमार ने कहा आज भले ही सिंगर केके हमारे बीच नहीं हैं लेकिन अपने मधुर हृदयस्पर्शी गीतों के जरिये युगों युगों तक संगीतप्रेमियों के दिलों में कायम रहेंगे।

5 साल तक के बच्चों को पोलियो के संक्रमण से बचाने के लिए दो चरणों में चलेगा पल्स पोलियो अभियान - 19 से 23 जून और 18 से 22 सितंबर तक जिलाभर में पांच साल तक के बच्चों को पिलाई जाएगी पोलियो की खुराक - राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक निदेशक ने जिलाधिकारी सहित अन्य पदाधिकारियों को जारी किए निर्देश मुंगेर, 01 जून। 0 से 5 साल तक के बच्चों को पोलियो वायरस के संक्रमण से बचाने के लिए दो चरणों में पल्स पोलियो अभियान चलेगा । मालूम हो कि आगामी 19 से 23 जून और 18 से 22 सितंबर तक जिलाभर में पांच साल तक के बच्चों को पल्स पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी। इसको ले राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक निदेशक संजय कुमार सिंह ने सभी जिलों के जिलाधिकारी सहित अन्य पदाधिकारियों को अभियान के गुणवत्तापूर्ण तरीके से सफल संचालन को ले चिठ्ठी जारी कर आवश्यक निर्देश दिए हैं। जिला स्वास्थ्य समिति मुंगेर के जिला कार्यक्रम समन्वयक (डीपीसी) विकास कुमार ने बताया कि भारत के दो पड़ोसी देशों अफगानिस्तान और पाकिस्तान में पोलियो संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए राज्य भर में दो चरणों में पल्स पोलियो अभियान चलाए जाने को ले आवश्यक निर्देश जारी हुए हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 2022 में अभी तक अफगानिस्तान में 1 और पाकिस्तान में 2 पोलियो के मरीज मिले हैं। जब तक विश्व के किसी भी देश में पोलियो का संक्रमण जारी है तब तक राज्य और जिला में पोलियो वायरस के संक्रमण का खतरा बना हुआ है। इस खतरे से बचाव के लिए आवश्यक है कि उच्च गुणवत्ता के साथ पल्स पोलियो अभियान को चलाया जाए और नियमित टीकाकरण से भी बच्चों को आच्छादित किया जाए। उन्होंने बताया कि पल्स पोलियो अभियान के सफल संचालन के लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में जिला टास्क फोर्स और प्रखण्ड स्तर पर प्रखण्ड टास्क फोर्स का गठन किया जाना है। प्रखण्ड स्तर पर प्रखण्ड विकास पदाधिकारी और बाल विकास परियोजना पदाधिकारी की सहभागिता से गुणवत्तापूर्ण तरीके से अभियान का संचालन किया जाना है। ट्रांजिट स्थल जैसे बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, चौक-चौराहों आदि पर प्रशिक्षित टीककर्मियों के द्वारा वहां से गुजरने वाले सभी बच्चों पर विशेष ध्यान देते हुए उन्हें पल्स पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी। अभियान के दौरान नवजात शिशुओं को पल्स पोलियो की खुराक दी जाएगी। किसी भी परिस्थिति में किसी भी क्षेत्र, सामान्य दूर-दराज के क्षेत्र, बासा, ईट भट्टा, प्रवासी एवं भ्रमणशील आबादी के बच्चे पोलियो की खुराक पीने से वंचित नहीं रहे , इसके लिए विशेष निगरानी दल गठित कर शत-प्रतिशत बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाना सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि पल्स पोलियो के राष्ट्रीय टीकाकरण अभियान के दौरान टीककर्मियों और अन्य लोगों के द्वारा मास्क, आदि का उपयोग करते हुए कोविड 19 के तहत बनाये गए कोविड प्रोटोकॉल का अनिवार्य रूप से अनुपालन किया जाएगा ।

विश्व तम्बाकू निषेध दिवस: तम्बाकू सेवन के दुष्परिणाम के प्रति जागरूक करने को छात्राओं ने निकाली प्रभात फेरी - प्रभातफेरी को प्रभारी सिविल सर्जन, डीपीएम, डिप्टी सुपरिटेंडेंट और एनसीडीओ ने दिखाई हरी झंडी - स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी और कर्मचारियों ने ली तम्बाकू उत्पाद इस्तेमाल नहीं करने की शपथ मुंगेर, 31 मई। विश्व तम्बाकू दिवस के अवसर पर लोगों को तम्बाकू सेवन के दुष्परिणाम और माहवारी स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से मंगलवार को एएनएम स्कूल की छात्राओं ने एनसीडीसी कार्यालय से प्रभात फेरी निकली । प्रभात फेरी को जिला के सिविल सर्जन डॉ. आनंद शंकर शरण सिंह, डीपीएम नसीम रजि, हॉस्पिटल के डिप्टी सुपरिटेंडेंट डॉ. प्राण मोहन सहाय , एनसीडीओ डॉ. के. रंजन और एनसीडी कार्यालय की राखी मुखर्जी ने संयुक्त रूप से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर डीपीसी विकास कुमार, लेखापाल उत्तम कुमार, साइकोलॉजिस्ट नितिन आनंद, डेटा ऑपरेटर राहुल कुमार सहित सदर अस्पताल में कार्यरत कई अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे। प्रभातफेरी को हरी झंडी दिखाते हुए जिला के प्रभारी सिविल सर्जन डॉ. आनंद शंकर शरण सिंह ने बताया कि तम्बाकू निषेध और माहवारी स्वच्छता के प्रति लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से जिला में कई कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि प्रत्येक वर्ष 28 मई को माहवारी स्वच्छता दिवस मनाया जाता है। इस दिवस को मनाए जाने का मुख्य उद्देश्य महिलाओं और किशोरियों को माहवारी के दौरान साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखने और कपड़ा के स्थान पर सैनिटरी पैड का इस्तेमाल करने के लिए जागरूक किया जाता है ताकि वो माहवारी के दौरान किसी प्रकार के संक्रमण की शिकार न हो। उन्होंने बताया कि तम्बाकू उत्पादों के इस्तेमाल से होने वाले दुष्परिणाम से लगभग सभी लोग परिचित हैं। सरकार के द्वारा भी तम्बाकू उत्पादों की बिक्री और उपयोग पर प्रतिबंध लगाया गया है। बावजूद इसके जागरूकता की कमी के कारण लोग धड़ल्ले से तम्बाकू उत्पादों का इस्तेमाल कर रहे हैं। मौके पर मौजूद लोगों को सम्बोधित करते हुए गैर संचारी रोग पदाधिकारी डॉ. के. रंजन ने बताया कि मुंगेर बिहार का पहला ऐसा जिला है जो जिला कोटपा एक्ट 2003 के अंतर्गत सम्मिलित है। इस अवसर पर उन्होंने एनसीडी द्वारा बनाए गए स्लोगन को दुहराते हुए बताया कि " तम्बाकू एवं धूम्रपान की यदि है आपको आदत तो आप देते हैं कई बीमारियों को दावत"। इसलिए तम्बाकू को छोड़िए और अच्छी सेहत से जुड़िए। उन्होंने बताया कि तम्बाकू छोड़ने के कई फायदे हैं - 1 - हार्ट बीट और ब्लड प्रेशर सामान्य रहता है। 2 - ब्लड में ऑक्सीजन लेवल बेहतर रहता है। 3 - ब्लड सर्कुलेशन और लंग्स बेहतर ढंग से काम करता है। 4 - खाँसी, थकान और सांस टूटने की शिकायत कम होती है। 5 - हार्ट अटैक का जोखिम कम रहता है। 6 - मुंह, गला, भोजन की नली और पेशाब की थैली के कैंसर का जोखिम कम रहता है।

हीरो राजन कुमार विक्रमशिला हिंदी विद्यापीठ द्वारा "भारत गौरव" की उपाधि से सम्मानित वाईस चांसलर डॉ तेजनारायण कुशवाहा के हाथों यह सम्मान मिलना मेरे लिए बड़ी उपलब्धि : डॉ राजन कुमार विक्रमशिला हिंदी विद्यापीठ गांधीनगर भागलपुर द्वारा हीरो डॉक्टर राजन कुमार को भारत गौरव की उपाधि से सम्मानित किया गया है। इस सम्मान के लिए हीरो डॉ राजन कुमार को मुंगेर की तमाम जनता, उनके फैन्स की ओर से हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी जा रही हैं। डॉ तेजनारायण कुशवाहा इस यूनिवर्सिटी के वाईस चांसलर और डॉ देवेंद्र नाथ साहा इसके कुलसचिव हैं। इस मौके पर सर्टिफिकेट, शॉल और फूलों का हार देकर डॉ राजन कुमार को सम्मानित किया गया। हीरो राजन कुमार ने कहा कि यह हमारे लिए सौभाग्य की बात है कि विक्रमशिला हिंदी विद्यापीठ गांधीनगर भागलपुर के वाईस चांसलर डॉ तेजनारायण कुशवाहा हमारे साथ रहे। मैं आश्चर्यचकित हूँ कि ऐसी हस्ती के हाथों मुझे भारत गौरव सम्मान मिला जिन्होंने दुनिया भर के लोगों की हौसलाअफजाई की है। सारा विश्व आपको साहित्य सेवा के लिए जानता है। मेरे लिए आज का दिन बहुत ही बड़ा रहा। मैं विक्रमशिला हिंदी विद्यापीठ गांधीनगर का शुक्रिया अदा करता हूँ, भागलपुर के लोगों का और इस यूनिवर्सिटी के वाईस चांसलर डॉ तेजनारायण कुशवाहा का आभारी हूँ। मेरे लिए यह बेहद सुखद लम्हा रहा। भारत गौरव की उपाधि मिलना अपने आप मे बड़ी उपलब्धि है। तमाम दोस्तों का शुक्रिया। इस अवार्ड की घोषणा पहले हो गई थी लेकिन यह अवार्ड आज वाइस चांसलर के हाथों मिला। आपको बता दें कि भागलपुर में 29 मई को वाइब्रेंट डांस कम्पटीशन को होस्ट करने के लिए हीरो राजन कुमार मुम्बई से गए थे। एंकर के रूप में राजन कुमार की परफॉर्मेंस को यहां सभी ने सराहा। राजन कुमार के साथ उनके अभिनेता दोस्त अभिषेक थे, वह भागलपुर डांस कम्पटीशन में लगातार सपोर्ट करते रहे हैं। ग़ौरतलब है कि गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड होल्डर राजन कुमार को दिल्ली की यूनिवर्सिटी द्वारा हाल ही में डॉक्टरेट की मानद उपाधि से नवाजा गया है। राजन कुमार को एआईआईपीपीएचएस स्टेट गवर्मेंट यूनिवर्सिटी दिल्ली द्वारा ऑनरेरी डॉक्टरेट की डिग्री दी गई है। बिहार के मुंगेर के रहने वाले एक आर्टिस्ट को भारत गौरव की उपाधि से नवाजा जाना तमाम मुंगेर निवासियों, बिहार वासियों के लिए खुशी और गर्व की बात है। राजन कुमार ने चार्ली चैपलिन 2 के रूप में लोगों को लगातार हंसाया है। बतौर हीरो बॉलीवुड में उन्होंने शहर मसीहा नहीं और नमस्ते बिहार जैसी फिल्मों में अपनी अदाकारी के जौहर दिखाए हैं।

वेक्टर जनित रोग से बचाव के लिए जन-जागरूकता और सतर्कता बेहद जरूरी : प्रभारी सिविल सर्जन - वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम पर जन-जागरूकता को ले एक दिवसीय मीडिया कार्यशाला - सीफार के सहयोग से स्वास्थ्य विभाग के द्वारा क्षेत्रीय कार्यक्रम प्रबंधन इकाई सभागार में आयोजित की गई कार्यशाला मुंगेर, 30 मई। सोमवार को मुंगेर क्षेत्रीय कार्यक्रम प्रबंधन इकाई (आरपीएमयू) सभागार में वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम पर स्वास्थ्य विभाग एवं सेंटर फाॅर एडवोकेसी एंड रिसर्च (सीफार) के संयुक्त तत्वावधान में जन-जागरूकता के लिए एक दिवसीय मीडिया कार्यशाला आयोजित की गयी । कार्यशाला में उपस्थित अतिथियों के द्वारा वेक्टर जनित 6 रोग से संबंधित चर्चा की गई। इस अवसर पर मुख्य रूप से एईएस- जेई, डेंगू- चिकनगुनिया, कालाजार, फाइलेरिया और मलेरिया सहित अन्य रोगों के लक्षण और रोकथाम के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए विस्तृत चर्चा की गई। कार्यशाला को सम्बोधित करते हुए जिला के प्रभारी सिविल सर्जन डाॅ. आनंद शंकर सिंह ने कहा कि वेक्टर जनित रोग नियंत्रण पर रोकथाम एवं इससे बचाव के लिए जागरूकता के साथ-साथ सतर्कता भी बेहद जरूरी है। इसलिए, मैं तमाम जिलावासियों से अपील करता हूँ कि वो कालाजार, फाइलेरिया, मलेरिया, डेंगू और चिकनगुनिया से बचाव के लिए साफ-सफाई सहित अन्य सावधानियों का ख्याल रखें और इन बीमारियों का कोई भी लक्षण दिखते ही तुरंत स्थानीय स्वास्थ्य संस्थान में जाकर जाँच कराएं। उन्होंने बताया कि ऐसे मरीजों के लिए जिला में ना सिर्फ निःशुल्क जांच की सुविधा उपलब्ध है बल्कि सरकार के द्वारा ऐसे मरीजों को सरकार के द्वारा सहायता राशि भी दी जाती है। इस अवसर पर जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण पदाधिकारी डॉ. अरविंद कुमार सिंह, केयर इंडिया के डीपीओ मानस कुमार नायक, डीटीओएफ डाॅ. नीलू, डब्ल्यूएचओ के पदाधिकारी सहित जिला मलेरिया कार्यालय के कई पदाधिकारी और प्रखण्ड स्तर और कार्यरत स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी और केयर इंडिया के अधिकारी उपस्थित थे। - जन- जागरूकता से ही वेक्टर जनित रोग पर रोकथाम संभव : कार्यशाला को संबोधित करते हुए जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण पदाधिकारी डॉ. अरविंद कुमार सिंह ने बताया कि वेक्टर जनित रोग से संबंधित सभी रोगों से बचाव के लिए जन- जागरूकता के साथ-साथ सतर्कता बेहद जरूरी है। इसी उद्देश्य से इस कार्यशाला का आयोजन भी किया गया है ताकि सामुदायिक स्तर पर लोगों को उक्त बीमारी से बचाव के लिए आवश्यक जानकारी के साथ-साथ मरीजों के लिए सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध सुविधा की जानकारी ससमय मिल सके। उन्होंने बताया कि आम लोगों की जागरूकता से ही वर्तमान में मात्र पीकेडीएल कालाजार (चमड़ा वाला) का एक मरीज है जबकि, मलेरिया और डेंगू का एक भी मरीज नहीं है। बावजूद इसके लोगों को अभी भी बचाव के लिए जागरूक और सतर्क रहने की जरूरत है । अभी भी उक्त बीमारी के दौर के शुरू होने की संभावना प्रबल है। - कालाजार के लक्षण : - लगातार रुक-रुक कर या तेजी के साथ दोहरी गति से बुखार आना। - वजन में लगातार कमी होना। - दुर्बलता। - मक्खी के काटे हुए जगह पर घाव होना। - व्यापक त्वचा घाव जो कुष्ठ रोग जैसा दिखता है। - प्लीहा में नुकसान होता है। - छिड़काव के दौरान इन बातों का रखें ख्याल : - छिड़काव के पूर्व घर की अन्दरूनी दीवार की छेद/दरार बंद कर दें। - घर के सभी कमरों, रसोई घर, पूजा घर, एवं गोहाल के अन्दरूनी दीवारों पर छः फीट तक छिड़काव अवश्य कराएं। छिड़काव के दो घंटे बाद घर में प्रवेश करें। - छिड़काव के पूर्व भोजन समाग्री, बर्तन, कपड़े आदि को घर से बाहर रख दें। - ढाई से तीन माह तक दीवारों पर लिपाई-पोताई ना करें, जिसमें कीटनाशक (एसपी) का असर बना रहे। - अपने क्षेत्र में कीटनाशक छिड़काव की तिथि की जानकारी आशा दीदी से प्राप्त करें।

सोलह सिंगार कर महिलाओं ने अपनी पति की लंबी आयु के लिए आज सोमवार को munger जिले के चंडिका स्थान में बट वृक्ष के नीचे पूजा अर्चना की यहां बताते चले कि महिलाओं ने अपने पति की लंबी आयु को लेकर वट सावित्री पूजा कामन को लेकर सुहागिन महिलाओं ने आज सोमवार की सुबह को वटवृक्ष के नीचे बट सावित्री का पूजन किया इस दौरान सुहागिनों ने वृक्ष की तरह अपने पति को अटल और उनके छांव तले अपने परिवारजनों और अन्य की छत्रछाया बने रहने की मन्नत भी मांगी वटवृक्ष को रक्षा सूत्र भी बांधी । बट सावित्री पूजा को लेकर आज मुंगेर जिले के चंडी का स्थान मेंऔर मुंगेर जिले के विभिन्न इलाकों के मंदिरों में समेत अन्य स्थानों पर वटवृक्ष के नीचे पूजा अर्चना करते भीड़ देखने को मिल रही है

शुक्रवार को मुंगेर की ओर से चावल लेकर बरियारपुर की ओर जा रही ट्रैक्टर एवं एंबुलेंस ओवरटेक करने के कर्म में नौवागढ़ी इलाके के कंन्तपुर मोर पास चावल से लधी ट्रैक्टर गड्ढे में पलट गई चालक एवं उपचालक किसी तरह से अपनी जान बचाई सूचना मिलते ही मुफस्सिल पुलिस मौके पर पहुंचकर मामले की छानबीन कर रही थी।