उत्तरप्रदेश राज्य के जिला बलरामपुर से प्रियंका सिंह , मोबाइल वाणी के माध्यम से समाज के बारे में अपनी राय दे रही है।
उत्तर प्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से प्रियंका सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया की कन्या भ्रूण हत्या के लिए भारतीय समाज सामुहिक रूप से जिम्मेदार है। भारतीय चिकित्सक अगर चाहे तो इस कार्य में शामिल ना हो कर इसे कम कर सकते हैं। पीसी-पीएनडीटी अधिनियम कन्या भ्रूण हत्या के लिए भ्रूण के लिंग का निर्धारण करने के लिए प्रसव पूर्व निदान तकनीकों पर रोक लगाने के इरादे से अधिनियमित किया गया था। स्त्री रोग विशेषज्ञों द्वारा कन्या भ्रूण हत्या की रोकथाम में प्रमुख योगदान पीसी-पीएनडीटी अधिनियम की अनिवार्य आवश्यकताओं को पूरा करके प्राप्त किया जा सकता है।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
उत्तर प्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से प्रियंका सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया की महिला की पहचान एक बेटी, एक पत्नी और एक माँ के रूप में की जाती है। समाज की प्रकृति ऐसी है कि महिलाओं के साथ अनादर का व्यवहार किया जाता है। शिक्षा और धार्मिक समानता के साथ-साथ प्राचीन काल में परिवार का कोई भी काम महिलाओं की सहमति और भागीदारी के बिना नहीं किया जाता था। प्राचीन काल में महिलाओं की स्थिति उच्च और सम्मानजनक थी। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
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उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से स्मृति मिश्रा ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि डायरी सुन कर बहुत अच्छा लगता है और इससे लोगों को फायदा भी हो रहा है। साथ ही उन्होंने बताया कि दहेज़ प्रथा एक ऐसी महामारी है जिससे अधिक लोग ग्रषित है। ये कुप्रथा सदियों से हमारे समाज में चली आ रही है। दहेज़ के कारण ही कन्या भ्रूण हत्या, लड़कियों के प्रति भेदभाव तथा महिलाओं के प्रति अपराध में वृद्धि होती है। इस कुप्रथा को लेकर लोगों के बीच जागरूकता फैलाने की आवश्यकता है
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से स्मृति मिश्रा ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि भारतीय समाज मेदहेज प्रथा प्रमुख समस्याओं में से एक है। हर माता पिता के द्वारा बेटी की शादी के समय उपहार बनाम दहेज़ दिए जाने की परम्परा रही है। ये परम्परा हमारे समाज में सदियों से चली आ रही है। लेकिन यह परम्परा अब कन्या पक्ष के लिए शोषण का रूप धारण कर चूका है। विवाह जैसे पवित्र रीति में जब लालच की भावना शामिल हो जाती है तो यह दहेज़ का रूप धारण कर लेती है
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से स्मृति मिश्रा ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि पहले लोगों की सोच कुछ और थी, लेकिन अब लोगों की सोंच में बदलाव आ रहा है। लोग समझ रहे है कि कन्या भी बहुत महत्वपूर्ण है। और हर स्तर पर लड़कियां अपनी कामयाबी का झंडा भी गाड़ रही हैं। साथ ही उन्होंने बताया कि कन्या भ्रूण हत्या मुख्य कारण दहेज़ है, बेटियों को समाजिक और आर्थिक बोझ माना जाता है। भारत विश्व का वह देश है जहाँ कन्या को भगवन का दर्जा दिया जाता है, खुशहाली और समृद्धि का प्रतीक भी मन जाता है
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से स्मृति मिश्रा ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि जब एक लड़की पैदा होती है तो समाज से उसे बहुत बचा कर रखना पड़ता है। और जब बेटी बड़ी हो जाती है तो उसे पढ़ाना लिखाना और शादी के लिए चिंतित होना पड़ता है। क्योकि आज के समाज में बिना दहेज़ के लड़की की शादी नहीं होती है। साथ ही उन्होंने बताया कि उनके अनुसार कन्या भ्रूण हत्या का यही मुख्य कारण है
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से वीर बहादुर यादव ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि पक्ष-विपक्ष कार्यक्रम में बताया गया है कि चुनाव का दौर चल रहा है और किसी भी राजनीतिक पार्टी को बिजली, पानी और सड़क को चुनावी मुद्दा नहीं बनाना चाहिए
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर ज़िला से नीलू ,मोबाइल वाणी के माध्यम से बताती है कि आज भी बहुत जगह भ्रूण हत्या हो रही है। इसे रोकना है तो जागरूकता ज़रूरी है। देश की ख़बरों पर ध्यान देना पड़ेगा। जागरूकता के साथ ही इस अपराध के खिलाफ लड़ना होगा।
