देश की भलाई के लिए राजनीति में पक्ष विपक्ष ज़रूरी है। यह दोनों का काम है कि वे सरकार की कार्य शैली की आलोचना करें और समाज के मुद्दों पर विचार करें। विपक्ष में हमेशा एक-दूसरे की बुराई की हिंसा होती है, नीति के विकास में दोनों पक्षों का योगदान महत्वपूर्ण है।
उत्तर प्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से काजल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि लैंगिक समानता आंतरिक रूप से सतह के विकास से जुड़ी हुई है और सभी के लिए मानवाधिकारों की प्राप्ति के लिए महत्वपूर्ण है। लैंगिक समानता का उद्देश्य पुरुषों और महिलाओं को हर क्षेत्र में समान अधिकार और अवसर दिलाना है। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
महिलाओं के स्वास्थ्य पर लोगों के विचारों में असमानता, जो दोनों लिंगों को भी प्रभावित करती है, लेकिन आंकड़ों के आधार पर, यदि आंकड़ों से पता चलता है कि विश्व स्तर पर, जन्म के समय लड़कियों की जीवित रहने की दर अधिक है, लेकिन साथ ही उनका विकास भी विषम है। लेकिन भारत एकमात्र बड़ा देश है जहाँ लड़कियों की मृत्यु दर लड़कों की तुलना में अधिक है
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से प्रियंका सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि लैंगिक असमानता न केवल महिलाओं के विकास में बाधा डालती है, बल्कि राष्ट्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को भी प्रभावित करती है।
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से पूजा यादव ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि ज्यादातर महिलाएं बिना अपने पति से बात किये हुए अपने लिए बोलना नहीं चाहती हैं
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से श्रीदेवी सोनी ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि लैंगिक असामनता महिलाओं के ऊपर एक बहुत बड़ी चुनौती है। ई कारण हैं कि जिन महिलाओं को आज भी जिम्मेदारी दी जाती है, उन्हें सामाजिक और पारिवारिक रूढ़ियों के कारण विकास का अवसर नहीं मिलता है।
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर ज़िला से नीलू ,मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि महिलाओं को उनका अधिकार नहीं मिल रहा है। सरकार द्वारा चलाया जा रहा बेटी बचाव बेटी पढ़ाओ मिशन का कोई पालन नहीं कर रहा है। महिलाओं को उनके हक़ के लिए आगे बढ़ना होगा और आवाज़ उठानी पड़ेगी
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर ज़िला से श्रीदेवी सोनी ,मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि बच्चे आगे बढ़ने की सोच रखते है लेकिन लैंगिक असमानता के कारण वो मुकाम हासिल नहीं कर पाता जिसे वो पाने में सक्ष्म है। बच्चों का अधिकार छीन लिया जाता है। लड़कियों और लड़कों के बीच न केवल घर में बल्कि हर जगह लिंग के आधार पर भेदभाव किया जाता है
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर ज़िला से श्रीदेवी सोनी ,मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि 97 प्रतिशत पानी खारा है जो पानी पीने योग्य नहीं है। सही मायने में 1 प्रतिशत पानी ही पीने योग्य है। लेकिन औद्योगीकरण ,शहरीकरण,बढ़ता प्रदूषण ,जनसंख्या में निरंतर वृद्धि के साथ, प्रत्येक व्यक्ति को पीने के पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करना एक बड़ी चुनौती बनती जा रही है। जैसे जैसे गर्मी बढ़ रही है ,पानी की समस्या विकराल रूप ले रहा है। बारिश आने से पानी की समस्या दूर होगी ,यही सोच के कारण लोग जल संरक्षित नहीं करते है।
Transcript Unavailable.
