दिल्ली से नंदनगरी से निशा मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि महिलाओं को संपत्ति में हिस्सा मिलना चाहिए। ताकि वो अपने बच्चों को शिक्षा दिला कर उनका भविष्य सवार सके
दिल्ली के नन्द नगरी से कुंती देवी की राय है कि महिलाओं का प्रॉपर्टी में अधिकार होना चाहिए
दिल्ली के नन्द नगरी से सुकेशरी की राय है कि महिलाओं को प्रॉपर्टी में हिस्सा मिलना चाहिए। ताकि वो अपने बच्चों को अच्छे से पढ़ा-लिखा सकें। उन्हें अपने पैरों पे खड़ा कर सकें और खुद भी सक्षम हो सकें
दिल्ली से श्रोता की राय है कि महिलाओं का प्रॉपर्टी में अधिकार मिलना चाहिए और बच्चों के भविष्य के लिए उनको कुछ अच्छी सुविधा मिलनी चाहिए।
दिल्ली के नन्द नगरी से असाइन परवीन ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि महिलाओं को भी सम्पत्ति में हिस्सा मिलना चाहिए ,ताकि वो अपने बच्चों को पढ़ा - लिखा सकें।
दिल्ली के नन्द नगरी से आरजू की राय है कि महिलाओं का प्रॉपर्टी में अधिकार होना चाहिए। ताकि वो अपने बच्चों को पढ़ा सकें और खुद भी सक्षम हो सकें
ज़िन्दगी के कुछ पलों में लड़को को भी रोने का मन करता है और ऐसे समय में रो लेना कितना ज़रूरी है। पर क्या हमारा समाज इतनी आसानी से लड़कों को रोने की आज़ादी दे दे सकता है ? क्या केबल रोने या न रोने से ही साबित होता है की वो इंसान कितने मज़बूत किरदार का मालिक है ? और क्या इसी एक वाक्य से हम बचपन में ही लिंग भेद का बीज बच्चो के अंदर ने दाल दे रहे है जो पड़े होते होते न जाने कितने और लोगो को अपनी चपेट में ले चूका होता है ! आप के हिसाब से अगर लड़के भी दिलका बोझ हल्का करने के लिए रोयें और दूसरों से नरम बर्ताव करे तो समाज में क्या क्या बदल सकता है ? इस सभी पहलुओं पर अपनी राय प्रतिक्रिया और सुझाव जरूर रिकॉर्ड करें अपने फ़ोन में नंबर 3 दबाकर। और हां साथियों अगर आपके मन में आज के विषय से जुड़ा कोई सवाल हो तो वो भी जरूर रिकॉर्ड करें। हम आपके सवाल का जवाब तलाश कर आप तक पहुंचाने की पूरी कोशिश करेंगे।
Transcript Unavailable.
Transcript Unavailable.
मेरा नाम दिनेश विश्वकर्मा है। जिला वाराणसी से मैं बोल रहा हूँ। मेरा राशन कार्ड उत्तर प्रदेश में महाराष्ट्र में करवाना चाहता हैं। जानकारी चाहिए। धन्यवाद
