Transcript Unavailable.
Transcript Unavailable.
कुल मिलाकर, महिलाओं के लिए संयुक्त स्वामित्व सिर्फ़ काग़ज़ी नियम नहीं है, बल्कि समाज को बदलने का एक मज़बूत ज़रिया है। यह महिलाओं को मज़बूत बनाता है, परिवार में संतुलन लाता है और आने वाली पीढ़ियों के लिए बराबरी की एक अच्छी मिसाल पेश करता है। महिलाओं को ज़मीन और संपत्ति में बराबर हक़ देना एक बेहतर और न्यायपूर्ण समाज की ओर बड़ा कदम है। तब तक आप हमें बताइए कि , *--- क्या आपके परिवार की ज़मीन या घर महिलाओं के नाम पर भी संयुक्त रूप से दर्ज है? *--- अगर नहीं, तो क्या आप संपत्ति में बेटियों और बहुओं को बराबर अधिकार देने पर विचार करेंगे? *--- क्या आप मानते हैं कि महिलाओं को ज़मीन का अधिकार मिलने से परिवार ज़्यादा सुरक्षित और मज़बूत होता है? *--- क्या अगली पीढ़ी को बराबरी की सीख देने के लिए आप संयुक्त स्वामित्व अपनाना चाहेंगे?
Transcript Unavailable.
Transcript Unavailable.
Transcript Unavailable.
Transcript Unavailable.
Transcript Unavailable.
मध्य प्रदेश राज्य के उमरिया जिला से शिव कुमार यादव मोबाइल वाणी के माध्यम से यह बताना चाहते हैं कि महिलाओं को समाज में आगे आकर यह बताना चाहिए वह समाज की सेवक हैं।महिला खुद महिला का ही शोषण करती हैं। पढ़ा लिखा व्यक्ति भी शोषण करते हैं। समाज की सेवा करके लोग तनख्वा लेने का काम करते हैं
मध्य प्रदेश राज्य के उमरिया जिला से शिव कुमार यादव मोबाइल वाणी के माध्यम से यह बताना चाहते हैं कि महिलाओं को पढ़ी लिखी होना और जागरूक होना बहुत जरूरी है। महिला कितना भी बड़ा पद पर रहे लेकिन अगर वह पढ़ी लिखी नहीं है तो वह कुछ नहीं कर पाएंगी और न ही किसी की मदद कर पाएंगी।अनपढ़ महिला खुद की भी समस्या का हल नहीं कर पाएंगी
