नेताओं के भाषणों में कोई सच्चाई नहीं होती, वे हमेशा झूठ बोलकर चुनाव जीतते हैं, यह सोचकर कि जनता यहाँ मूर्ख है, वे कुछ भी कहते हैं और किसी पर कुछ भी आरोप लगाते हैं, वे इतिहास के बारे में कुछ नहीं जानते हैं, वे शिक्षा के बारे में कुछ नहीं जानते हैं, वे शिक्षित नेता नहीं हैं।कभी भी शिक्षित लोगों को नेता नहीं बनाया गया है। वे ऐसे नेता बनाते हैं है जो उनका काम करते रहे और वे उनके ठेकेदार बनके रहें ।

महाराष्ट्र के नागपुर से आदर्श मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे हैं कि देश में जो कुछ भी बनाया जा रहा है, उसमें दो चीजें शामिल होनी चाहिए, पहला, मजदूर और दूसरा, लोगों का पैसा। सरकार लोगों के पैसे से सब कुछ बना रही है, चाहे वह राम मंदिर हो। लेकिन एक बड़े मंच पर बैठे मंत्री को वहाँ आमंत्रित नहीं किया गया था चाहे देश के राष्ट्रपति हों या उच्च पदों पर आसीन लोग, वे केवल विपक्षी दलों को आश्वासन दे रहे हैं ताकि राम राज्य की राजनीति आगे बढ़े और हिंसा और शांति का निर्माण हो। कौन कहता है कि सरकार मज़दूर को पैसे देती है, मज़दूर मेहनत कर रहा है, इसलिए उन्हें पैसे मिलने चाहिए। सरकार के भीतर काम करने वाली कंपनियां श्रमिकों के पैसे खाती हैं, श्रमिकों को पैसा नहीं मिलता है, श्रमिकों को दबाने का काम किया जाता है।

महाराष्ट्र राज्य के नागपुर जिला से आदर्श मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे है की सरकार का विरोध करना भी जरुरी है।हम नेता को वोट देते हैं तो हमें खुलकर विरोध करना भी सीखना चाहिए क्योंकि यह सरकार दूसरों की आलोचना करती है।यदि आप व्यवस्था का हवाला देकर किसी की या किसी चीज़ की आलोचना करते हैं, तो आपको आलोचना करना भी सीखना चाहिए।

महाराष्ट्र के जिला नागपुर से आदर्श श्रमिक वाणी के माध्यम से बता रहे हैं कि सरकार के विरोध में हम बोल सकते है

महाराष्ट्र के जिला नागपुर से आदर्श श्रमिक वाणी के माध्यम से बता रहे हैं कि सरकार जनता के पैसो से ही चुनाव लड़ती है

महाराष्ट्र के जिला नागपुर से आदर्श श्रमिक वाणी के माध्यम से बता रहे हैं कि मजदुर की वजह से ही देश का विकास संभव है।

महाराष्ट्र के जिला नागपुर से आदर्श श्रमिक वाणी के माध्यम से बता रहे हैं कि राज्य सरकार मजदूरों को अनदेखा कर रही है

महाराष्ट्र के जिला नागपुर से आदर्श श्रमिक वाणी के माध्यम से बता रहे हैं कि राज्य सरकार मजदूरों पर ध्यान नही दे रही है

महाराष्ट्र के जिला नागपुर से आदर्श श्रमिक वाणी के माध्यम से बता रहे हैं कि मजदुर की वजह से ही देश का विकास संभव है

महाराष्ट्र के जिला नागपुर से आदर्श श्रमिक वाणी के माध्यम से बता रहे हैं कि आज का दिन मजदूरों के नाम पर है, लेकिन मजदूरों की स्थिति को देखते हुए देश की प्रगति और देश की सत्तारूढ़ सरकार यही बता रही है। यह श्रम दिवस उन श्रमिकों के लिए बहुत महत्वपूर्ण है जो वर्तमान में अपने किसी न किसी कार्य में लगे हुए हैं, जो श्रमिकों की प्रगति को कमजोर करने की कोशिश कर रहे हैं। जिस तरह से कुछ मजदूरों ने यहां अपनी विचारधारा के माध्यम से पुराने आंदोलन को आगे बढ़ाने की कोशिश की है मजदूर वे श्रमिक हैं जिनकी प्रगति के लिए इस देश में एक ओर देश की राज्य सरकार या सरकार को कमजोर करने का प्रयास किया जा रहा है, तो दूसरी ओर श्रमिकों के लिए बड़े-बड़े चुनाव हैं। समय पर दावे, वादे, लेकिन ये निर्णय मजदूरों को अधिकांश नौकरियां प्रदान करने में विफल रहे हैं। साथियों, मजदूर भी हैं, इसलिए देश में बड़ी-बड़ी इमारतें हैं। देश में बहुत काम है, देश का विकास है, लेकिन जो प्रगति मजदूरों के नाम पर है, जो कर्तव्य है, जो काम है, जो रोजगार है, जो कुछ भी मजदूरों के नाम पर है, जो सरकार यहां शासन करती है, उसे अपना नाम मिला है। यह सब कर रहा है और यह सब विकास को व्यक्त करने की कोशिश कर रहा है, लेकिन मजदूरों के बिना बड़े घर नहीं बन सकते हैं, बड़ी इमारतें नहीं बन सकती हैं, बड़ी इमारतें नहीं बन सकती हैं, लेकिन आप जिन घरों में रह रहे हैं, वे अक्सर मजदूरों के नाम पर होने चाहिए।