दिल्ली एनसीआर के कासन से साकेत श्रमिक वाणी के माध्यम से कह रहें हैं की काम की काफी कमी हो गई है जिस कारण मज़दूरों को काफी समस्या हो रही है महंगाई बढ़ गई है तो ऐसे में सर्कार को चाहिए की हर इंसान को रोज़गार दें

दिल्ली के श्री राम कॉलोनी के खजुरी ख़ास से नाजमा श्रमिक वाणी के माध्यम से बताना चाहती है की, महंगाई बढ़ने से आम जनता परेशान है। एक मजदुर अपने परिवार के भरण पोषण के लिए कड़ी मेहनत करना पड़ता है। फैक्ट्री में काम कर के भी लोगो को सही से वेतन नहीं दिया जाता है, फक्ट्री के मालिक के द्वारा बोला जाता है की आज पेमेंट दे देंगे तो कभी 15 दिन में दे देंगे। ऐसा बोल बोल कर मजदूरों को बाद परेशान किया जाता है

दिल्ली के मानेसर से मनीष कुमार ने श्रमिक वाणी के माध्यम से प्रभाकर से बातचीत किया। बातचीत के दौरान प्रभाकर ने बताया की मानेसर में लोगो को काम नहीं मिल रहा है। इस पर सरकार को ध्यान देना चाहिए और मजदूरों को उनके अपने राज्य में ही काम देना चाहिए, ताकि वो अपने घर पर रह कर भी काम कर सके

दिल्ली के मानेसर से मनीष कुमार ने श्रमिक वाणी के माध्यम से प्रभाकर से बातचीत किया। बातचीत के दौरान प्रभाकर ने बताया की, महंगाई बढ़ने से आम जनता बहुत परेशान है । सभी चीजों के दाम में इज़ाफ़ा हो गया है। सरकार को मजदूरों का वेतन बढ़ाना चाहिए, या फिर महंगाई कम करना चाहिए ताकि गरीब मजदूरों को समस्या ना हो

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दिल्ली के मानेसर से रवि मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे कि लेबर चौक पर प्रतिदिन कई मजदुर आते है जिनमे से कुछ को काम मिलता है कुछ को काम नहीं मिलता है। और जब लम्बे समय तक काम नहीं मिलता तो लो अपने गाँव वापस लौट जाते है। इसलिए सरकार से निवेदन है की मजदूरों को नौकरी भी मिले और तनख्वाह भी बढे

महाराष्ट्र राज्य से अनिल श्रमिक वाणी के माध्यम से बताना चाहते है की, सरकार के द्वारा दिव्यांगों को सुविधा देना चाहिए। उनके लिए रोजगार उपलब्ध करवाना चाहिए

दिल्ली के मानेसर से रवि ने रोजगार के विषय पर रामनारायण से साक्षात्कार लिया। रामनारायण ने बताया कि आई एम टी में मजदूरों की हालत बहुत ख़राब है। मजदूरों को काम नहीं मिलता है और इसमें हरियाणा सरकार भी कुछ नहीं करती है

दिल्ली राज्य के मानेसर से मनीष कुमार पांडे ने मोबाइल वाणी के माध्यम से महंगाई के विषय पर भूपेंद्र सिंह से साक्षात्कार लिया। भूपेंद्र ने बताया

2023 आईटी कर्मचारियों के लिए मंदी का भयानक दौर लेकर आया है। जनवरी के पहले कुछ हफ्तों में ही 101 कंपनियों ने वैश्विक स्तर पर 25,436 कर्मचारियों की छंटनी कर दी है। ज्ञात हो कि 2023 की शुरुआत में ही ई- कॉमर्स की प्रमुख कंपनी अमेज़ॅन ने लगभग 18,000 कर्मचारियों की छंटनी कर दी है। जिसमें से भारत में लगभग 1,000 कर्मचारियों की छंटनी की गई है। यह अमेज़न की सबसे बड़ी छंटनी है। वहीं 2022 में दुनिया भर में लगभग 1,024 टेक कंपनियों, जिनमें बड़ी टेक फर्म और स्टार्टअप ने 1,54,336 कर्मचारियों की छंटनी की, जो तकनीकी के क्षेत्र में इस एक दशक की सबसे ज्यादा छंटनियों को दर्शाता है। पिछले साल हुई छंटनियों की संख्या पुराने सभी रिकॉर्डों को पार कर गई है। अब रुख करते हैं फ्रांस की और जहाँ "नई रिटायरमेंट व पेंशन योजना के खिलाफ व्यापक विरोध प्रदर्शन" फ्रांस में राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों की पेंशन सुधार नई योजना के खिलाफ देशभर में प्रदर्शन तेज हो गए हैं। नई पेंशन योजना के विरोध में पेरिस समेत शहरों में प्रदर्शन हुए। फ्रांस की सरकार ने 2030 तक रिटायरमेंट की आयु 62 से बढ़ाकर 64 करने की घोषणा की है। नई योजना के तहत पूर्ण पेंशन पाने के लिए न्यूनतम आयु को धीरे-धीरे हर साल तीन महीने बढ़ाने का प्रावधान है। साल 2030 तक रिटायरमेंट की आयु 64 तक बढ़ाने के लक्ष्य के साथ इस योजना की शुरुआत 2023 से हो रही है। प्रधानमंत्री एलिजाबेथ बोर्न द्वारा इस महीने की शुरुआत में उल्लिखित नई पेंशन योजना के प्रस्तावों के तहत 2027 से लोगों को पूरी पेंशन लेने के लिए कुल 43 साल काम करना होगा। अभी तक ये न्यूनतम सेवा काल 42 साल था। इसके विरोध में पूरे फ्रांस में जोरदार प्रदर्शन हुए।