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दिल्ली के श्री राम कॉलोनी के वार्ड 246 से शहज़ाद श्रमिक वाणी के माध्यम से बताना चाहते है की, सी ब्लॉक गली नंबर 3 में स्ट्रीट लाइट खराब है, जिसका पोल नंबर 59 है

गुड़गांव कोर्ट में मज़दूरों की हक़ की लडाई लड़ने वाले वकील गणेश जी बताते हैं आज एक महिला को उनकी मेहनत का हक़ न्यायालय के आदेश पर कम्पनी देना पड़ा पर महिला अपना बकाया राशि लेने नही आयीं ऐसा कम ही होता है।

दिल्ली से असमत अली ने मोबाईल वाणी के माध्यम से भगवान सेप्टा से साक्षात्कार लिया। भगवान सेप्टा ने बताया कि ये किसानों की मांगों को लेकर रामलीला मैदान पहुंचे हैं। इनकी मुख्य मांग कर्ज माफी और एमएसपी है।किसान की हालत बहुत ख़राब है और खेती में घाटा हो रहा है। खेती में लागत ज्यादा है और बाज़ार में माल की कीमत नही मिलती है। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

दिल्ली से असमत अली ने मोबाईल वाणी के माध्यम से चतुर्वेदी जी से साक्षात्कार लिया। चतुर्वेदी जी ने बताया कि ये चंदौली से आये हैं और भारतीय किसान यूनियन टिकैत के मंडल प्रवक्ता हैं।इनके साथ सौ लोग भी आए हैं। किसानों की मांगों को लेकर ये आंदोलन कर रहे हैं। अपने हक़ के लिए दिल्ली आए बच्चे,बूढ़े और महिलाओं सभी लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा है।रास्ते में जगह-जगह पुलिस ने रोका,जिनसे जूझते हुए ये रामलीला मैदान पहुंचे। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

दिल्ली से असमत अली ने मोबाईल वाणी के माध्यम से सुनील चौधरी से साक्षात्कार लिया। सुनील चौधरी ने बताया कि इनको अलीगढ़ से दिल्ली आने में छे घंटे लग गए।जगह-जगह पुलिस ने रोका।मगर जज्बा और हिम्मत के साथ ये किसानों की मांग को ले कर रामलीला मैदान पहुंच गए हैं।सुनील चौधरी का कहना है कि किसानों की मांगों को नहीं मानना सरकार को महंगा पड़ेगा। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।

दिल्ली से हमारी एक श्रोता श्रमिक वाणी के माध्यम से बता रही हैं कि महिलाएं इस तरह से घरेलू हिंसा की शिकार हो रही हैं , घरेलू दिशा का कानून बनने के बाद भी यह महिलाओं को प्रभावित नहीं कर रहा है । आज भी महिलाओं की यही स्थिति है ।

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आईएमटी मानेसर से मनीष कुमार पांडेय श्रमिक वाणी के माध्यम से बता रहे हैं कि सरकारी स्कूल में कुछ भी नहीं है , खाना अच्छा नहीं है , शौचालय नहीं है , शिक्षा नहीं है । थोड़ा देखो , इसे सही तरीके से करो , सरकारी स्कूल को जी हमारे समीर जोड़ा रहे हैं , सरकारी स्कूल के शिक्षक जो वहां ठीक से नहीं पढ़ते हैं , आते हैं और स्कूल चलाते हैं । इस पर ध्यान दिया जाना चाहिए और इस पर कार्रवाई की जानी चाहिए

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