मकई के खेत में मिला महिला का शव दुष्कर्म का आशंका जताई जा रही है सबका नहीं हुआ अभी तक पहचान खगरिया खगरिया जिला के गोगरी अनुमंडल क्षेत्र के पसराहा थाना क्षेत्र के पेपर तो आते हैं गांव के बजरंगबली अस्थान के पास एक खेत में एक महिला का शव मिलने से सनसनी फैली हुई है जिसकी सूचना स्थानीय पुलिस प्रशासन तथा थाना को दी गई जहां पर त्वरित कार्रवाई करते हुए थानाध्यक्ष अमलेश कुमार कुमार दल बल के साथ घटनास्थल पहुंचकर घटना की जानकारी में जुड़ चुके हैं खेत को देखने से साफ पता चल रहा है कि महिला के साथ दुष्कर्म हुआ है उसके बाद उसे हत्या की गई है मामले की जांच में पसरा थानाध्यक्ष अमलेश कुमार जुड़ चुके हैं

रविवार को जिलाधिकारी के दौरान से पहले विभिन्न योजना का जांच करने हेतु कुतलूपुर द्वारा पंचायत पहुंचे प्रखंड विकास पदाधिकारी सदर मुंगेर विकास कुमार उन्होंने बताया कि हम लोग योजना संबंधित जानकारी के साथ वृद्धा पेंशन विधवा पेंशन आवास योजना की विस्तृत जानकारी लाभुकों से ले रहे हैं किसी को कोई परेशानी तो नहीं है। या कोई बिचौलिए अवैध वसूली तो नहीं कर रहे हैं। मौके पर उपस्थित मुखिया जितेंद्र रजक, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी सुमित कुमार, आवास सहायक दीपक साहि, वार्ड सदस्य शुभंकर कुमार थे।

रविवार को लता दीदी की मृत्यु की खबर सुनकर बड़े से लेकर छोटे कलाकार में शोक की लहर दिखे वही बजरंग बली नगर नौवागढ़ी मुंगेर के रहने वाले लोक गायक परमानंद परोपकारी ने उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए एक भाव भरी श्रद्धांजलि की अर्पित की उन्होंने कहा कि भारत की महान गायिका दीदी अब मेरे बीच नहीं रही उनकी यादों में हम कभी नहीं भूल पाएंगे

रविवार को मुंगेर जिले के विभिन्न क्षेत्रों में 2891 लोगों की कोविड-19 कराई गई जिसमें दो संक्रमित मरीज मिले हैं। इसकी जानकारी सिविल सर्जन डॉ हरेंद्र कुमार आलोक ने दिए उन्होंने बताया कि यह काफी अच्छी बात है। कि लोग कम संक्रमित पाए जा रहे हैं। पर अभी भी लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।

बफ्टा कलाकार एवं पहचान लाइव फाऊंडेशन ने दी लता दीदी को श्रद्धांजलि मुंगेर महान पार्श्व गायिका भारत रत्न लता मंगेशकर जी का निधन देश के हर घर और भारत के तटों से परे एक दुखद खबर है। लता मंगेशकर का संगीत क्षेत्र, भाषा और समय की सीमाओं को पार कर गया। इसमें सर्वशक्तिमान ईश्वर का आह्वान करने की क्षमता थी। लता जी ने भारतीय संगीत को सरल बनाया और जन-जन तक पहुँचाया। उनकी दिव्य आवाज ने मजदूर वर्ग, किसानों और आम लोगों को नई ऊर्जा, आशा और सकारात्मकता दी। बफ्टा के अध्यक्ष हीरो राजन कुमार ने बिहार राज्य के लोगों की ओर से महान लता दीदी को श्रद्धांजलि अर्पित किया। पहचान की अफसाना प्रवीण ने श्रीमती आशा भोसले, उषा मंगेशकर, मीना खादीकर, पंडित हृदयनाथ मंगेशकर और मंगेशकर परिवार के अन्य सदस्यों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त किया। कलाकार मधुसूदन जी ने भारत और दुनिया भर से लता दीदी के करोड़ों प्रशंसकों के प्रति भी अपनी संवेदना व्यक्त किया। मुंगेर से लता दीदी के कई प्रशंसकों से फूल माला चढ़ा के दीदी को श्रद्धांजलि दी।

यक्ष्मा मरीजों को चिह्नित करने में इस डिजिटल सुविधा से मिलेगा लाभ : सिविल सर्जन डॉ. हरेन्द्र आलोक ने बताया कि आवाज के सैंपल लेने के लिए जिला के सभी प्रखण्डों में काम करने वाले सभी एसटीएस, एसटीएलएस,एलटी सहित अन्य लोगों की ऑनलाइन ज़ूम मीटिंग के जरिये विगत 24 जनवरी को ट्रेनिंग कराई गई है। यदि यह टेक्नोलॉजी सफल होती है तो टीबी की पहचान और इलाज काफी आसान हो जाएगा। इसके साथ ही समय की भी काफी बचत होगी ,जिससे टीबी मरीजों को बहुत फायदा मिलेगा।

अब खांसी की आवाज़ से की जाएगी टीबी की पहचान - वर्चुअल माध्यम से टीबी विभाग से जुड़े अधिकारी और कर्मियों को दो दी गई ट्रेनिंग - 27 जनवरी से 3 फ़रवरी तक जिला के विभिन्न प्रखंड़ों से टीबी रोगियों की पहचान की गई - ऑनलाइन मीटिंग में संग्रहित डाटा के साथ उपस्थित हुए अधिकारी और कर्मचारी मुंगेर, 4 फरवरी। जिला में टीबी के मरीजों की जांच के लिए अब बलगम नहीं, खांसी की आवाज के सैंपल लिए जाएंगे। सरकार ने एडवांस टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करते हुए "फिल्डी एप" नाम से एक मोबाइल एप तैयार कराया है। इसकी मदद से कफ साउंड आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस बेस्ड सॉल्यूशन टू डिटेक्ट टीबी प्रोग्राम के तहत इसका ट्रायल शुरू किया गया है। जिला में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर पहले चरण में प्रत्येक प्रखंड में कम से कम 3 लोगों का सैंपल लिया गया। सैंपल क्लेक्शन विगत 27 जनवरी से 3 फरवरी तक किया गया। जिला के संचारी रोग अधिकारी डॉ. ध्रुव कुमार साह ने बताया कि इस एडवांस टेक्नोलॉजी की मदद से टीबी मरीजों को चिह्नित करने में काफी सहूलियत होगी तथा उनका बेहतर इलाज ससमय हो पाएगा। इस मोबाइल एप के माध्यम से संक्रमित रोगी, दूसरे संक्रमित के संपर्क में आए रोगी तथा तीसरा टीबी के लक्षण पाए गए रोगी से एप के माध्यम से 30 - 30 प्रश्न पूछे गए। इसके बाद उनकी आवाज रिकॉर्ड कर सेंट्रल टीबी डिवीजन भेजी जाएगी। परीक्षण सफल होने पर इस एप के माध्यम से घर- घर जाकर ऐसे रोगियों की पहचान की जा सकेगी। रोगी की पहचान होने के बाद उन्हें प्रोत्साहित कर सफल इलाज कराने वाले ट्रीटमेंट सपोर्टर को 1000 रुपए की प्रोत्साहन राशि जबकि टीबी से संक्रमित मरीजों को पोषण योजना के तहत 500 रुपए प्रति माह कोर्स पूरा करने तक दिया जाएगा। सैंपल कलेक्ट कर की जाएगी स्टडी : संचारी रोग पदाधिकारी डॉ. साह ने बताया कि आवाज के जरिए टीबी की पहचान करने के लिए मुंगेर जिला के सभी प्रखंडों में सैंपल कलेक्ट किए जा रहे हैं । एक्सपर्ट इन सैंपल्स से माइक्रो रिसर्च और स्टडी का काम शुरू करेंगे। इसमें देखा जाएगा कि सामान्य व्यक्ति की आवाज और टीबी के मरीज की आवाज में क्या अंतर आता है। इसके लिए चिह्नित लोगों के नाम व पता गोपनीय रखा जाएगा । उन्होंने बताया कि मरीज के तीन बार खांसते हुए आवाज एप पर रिकॉर्ड की जाती है।10 सेकेंड की रिकॉर्डिंग में 5 स्वर अक्षर के उच्चारण को भी रिकॉर्ड किया जाता है। शुक्रवार को आयोजित वर्चुअल मीटिंग में शामिल हुए जिला भर में कार्यरत एसटीएस और एसटीएलएस : डिस्ट्रिक्ट टीबी /एचआईवी कॉर्डिनेटर शैलेन्दु कुमार ने बताया कि केंद्रीय यक्ष्मा प्रभाग, भारत सरकार के द्वारा " कफ साउंड फ़ॉर द आर्टिफिशल इंटेलीजेंस बेस्ड सॉल्यूशन टू डिटेक्ट टीबी"विषय पर शुक्रवार को आयोजित ऑनलाइन वर्चुअल मीटिंग में 27 जनवरी से 3 फरवरी के बीच संग्रहित डाटा के साथ डिस्ट्रिक्ट टीबी सेंटर में कार्यरत अधिकारी और कर्मचारी के साथ-साथ जिला के सभी प्रखंड़ों में टीबी और एचआईवी मरीजों का डाटा संग्रहित करने वाले एसटीएस और एसटीएल एस शामिल हुए। उन्होंने बताया कि 27 जनवरी से 3 फरवरी तक नए मोबाइल एप के माध्यम से खांसी की आवाज़ के आधार पर टीबी मरीज़ों को चिह्नित करने के इस कार्यक्रम के सफल संचालन को ले अपर निदेशक सह राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी (यक्ष्मा) डॉ. बाल कृष्ण मिश्र का

कोविड संक्रमित मरीजों को स्वस्थ्य होने के तीन माह बाद लगायी जाएगी बूस्टर डोज - कोविड प्रोटोकॉल के पालन के साथ जिले में जारी है लोगों का वैक्सीनेशन - बूस्टर डोज को लेकर नई गाइडलाइन जारी, इसके पालन के साथ लाभार्थियों को लगायी जाएगी बूस्टर डोज मुंगेर, 05 फरवरी। जिले के विभिन्न प्रखंडों में नियमित तौर पर चयनित और चिह्नित जगहों पर शिविर आयोजित कर हर आयु के लोगों को कोविड वैक्सीन दी जा रही है। ताकि संपूर्ण जिलेवासी जल्द से जल्द वैक्सीनेटेड हो सामुदायिक स्तर पर लोग इस घातक महामारी से सुरक्षित हो सकें। वहीं, इसके साथ बूस्टर डोज को लेकर स्वास्थ्य विभाग द्वारा नई गाइडलाइन जारी की गयी है। जिसके पालन के साथ ही बूस्टर डोज लेने वाले योग्य लाभार्थियों को बूस्टर डोज लगायी जाएगी। वहीं, जल्द से जल्द शत-प्रतिशत लोगों के वैक्सीनेशन सुनिश्चित कराने को लेकर जिले में स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा लगातार अभियान चलाकर योग्य व्यक्तियों को जागरूक कर वैक्सीन लेने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। ताकि एक भी व्यक्ति वैक्सीन से वंचित नहीं रहें ,जिससे जल्द से जल्द शत-प्रतिशत लोगों का वैक्सीनेशन सुनिश्चित हो सके। - कोविड संक्रमित मरीजों को स्वस्थ्य होने के तीन माह बाद लगायी जाएगी बूस्टर डोज : जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ राजेश कुमार रौशन ने बताया, बूस्टर डोज को लेकर नई गाइडलाइन जारी की गयी है। जिसके अनुसार जो व्यक्ति दोनों डोज ले चुके और बूस्टर डोज लेने की निर्धारित समयावधि पूरी कर चुके हैं। किन्तु, इसी दौरान वह कोविड संक्रमित हो गए तो उन्हें स्वस्थ्य यानी रिकवर होने के तीन माह बाद बूस्टर डोज लगायी जाएगी। वहीं, उन्होंने कहा, प्रोटोकॉल के पालन के साथ वैक्सीन लेने पर किसी प्रकार परेशानी होने की संभावना नहीं रहती है। इसलिए, मैं ऐसे लाभार्थियों से अपील करता हूँ कि प्रोटोकॉल के पालन के साथ ही बूस्टर डोज लें। - युवाओं के साथ-साथ हर आयु वर्ग के लोगों का जारी है वैक्सीनेशन : जिले में सामान्य कोविड वैक्सीनेशन अभियान भी जारी है। जिसके माध्यम से किशोर- किशोरियों के साथ-साथ हर आयु वर्ग के लोगों को लगातार शिविर आयोजित कर वैक्सीन दी जा रही है। इस दौरान लोगों को कोविड से बचाव के लिए एहतियात जारी रखने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। साथ ही जरूरतमंद लाभार्थियों के घर जाकर वैक्सीन देने की व्यवस्था स्वास्थ्य विभाग द्वारा कराई गई है। ताकि लोगों को वैक्सीन लेने में किसी प्रकार की कोई असुविधा नहीं हो और सभी लोग सुरक्षित माहौल में सुविधाजनक तरीके से वैक्सीन ले सकें। - इन मानकों का करें पालन और कोविड-19 संक्रमण से रहें दूर : - मास्क का उपयोग और शारीरिक दूरी का पालन जारी रखें। - बारी आने पर निश्चित रूप से वैक्सीनेशन कराएं और दूसरों को भी प्रेरित करें। - साफ-सफाई का विशेष ख्याल रखें और प्रोटोकॉल का पालन जारी रखें। - विटामिन-सी युक्त पदार्थों का अधिक सेवन करें। - नियमित तौर पर लगातार साबुन या अल्कोहल युक्त पदार्थों से अच्छी तरह हाथ धोएं।

मुंगेर,स्वास्थ्य विभाग के द्वारा ज्यादा से ज्यादा योग्य लाभार्थियों को कोरोना टीकाकरण से आच्छादित करने की मुहिम लगातार जारी है। वैक्सीन की दोनों डोज लेने के बाद अब योग्य लाभार्थियों एवं फ्रंटलाइन तथा हेल्थ वर्कर को विगत 10 जनवरी से कोरोना वैक्सीन की प्रीकॉशनरी डोज़ लगायी जा रही है। मुंगेर में सभी योग्य लाभार्थियों को जल्द से जल्द टीकाकृत करने के लिए स्वास्थ्य विभाग लगातार प्रयास कर रहा है। टीकाकरण के लिए इस्तेमाल किए जा रहे सिरिंजों के उपयोग एवं स्टॉक के अनुसरण के लिए अपर निदेशक, प्रतिरक्षण सह राज्य प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ. नरेंद्र कुमार सिन्हा के द्वारा नया दिशा-निर्देश जारी किया गया है। कोविड टीकाकरण हेतु उच्च डिनोमिनेशन वाली सिरिंजों का होगा प्राथमिकता के आधार पर उपयोग :

गुरुवार को सदर प्रखंड के अंतर्गत नौवागढ़ी दक्षिणी पंचायत के वार्ड संख्या 15 का वार्ड क्रियान्वयन एवंप्रबंधन समिति के सचिव का चुनाव हेतु मध्य विद्यालय नौवागढ़ी में आम सभा का आयोजन किया गया जिसकी अध्यक्षता वार्ड सदस्य सह उप मुखिया दीपक कुमार (सूरज )ने किए मौके पे प्रखंड कर्मी कार्यपालक सहायक सोनी कुमारी उपस्थित होकर सचिव चुनाव हेतु विस्तृत जानकारी दी वही वार्ड क्रियान्वयन प्रबंधन समिति का सचिव सर्व सहमति से लालमोहन मंडल को निर्विरोध निर्वाचित घोषित किए मौके पर उपस्थित अध्यक्ष द्वारा बताया गया कि यह काफी खुशी की बात है। हमारे वार्ड में निर्विरोध वार्ड सचिव का चयन किया गया उपस्थित ग्रामीण वार्ड सचिव को अबीर लगाकर माला पहनाकर खुशियां मना रहे थे।