जिले में सरकार की अति महत्वाकांक्षी नल जल योजना सभी पंचायतों में संचालित है। ग्रामीणों को शुद्ध पेयजल मुहैया कराने के लिए प्रति नल जल योजना पर लाखों रुपये खर्च किये गये हैं। इसके संचालन की जिम्मेवारी संबंधित वार्ड के वार्ड प्रबंधन व क्रियान्वयन समिति को दी गयी है। लेकिन समिति की लापवरवाही व देखरेख की कमी से जगह जगह नल जल योजना बंद है। जिले के 5248 वार्ड में जिला पंचायत राज विभाग के जरिए नल जल योजना संचालित है। इसमें करीब 300 वार्ड में नल जल योजना बंद है। लिहाजा फिलवक्त 4948 वार्ड में ही ग्रामीणों को नल जल का लाभ मिल रहा है। बताया जाता है कि सभी वार्ड में संचालित नल जल योजना के बेहतर क्रियान्वयन के लिए अनुरक्षकों की तैनाती की गयी है। नल जल में किसी तरह की खराबी से बंद होने पर इसके लिए फंड की व्यवस्था की गयी है। इधर जिला समन्वयक ओमप्रकाश ने बताया कि जिस वार्ड में नल जल बंद है,वहां के अनुरक्षक व वार्ड प्रबंधन व क्रियान्वयन समिति को निर्देश दिया गया है।