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उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर ज़िला से श्रीदेवी सोनी ,मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि लैंगिक समानता के प्रति महिलाओं को जागरूक करना होगा। लैंगिक समानता हमारे चारो ओर से स्पष्ट हो रहा है कि हम समाज में जो बदलाव देखना चाहते है वो हो रहा है कि नहीं। यह तब ही सुनिश्चित हो सकता है जब हम अपने कार्यस्थल पर ध्यान केंद्रित करे। हमारा अनुभव ,प्रतिभा ,नीति प्रथाओं ,भर्ती ,चयन आदि में समानता प्राप्त करने में हमारी रणनीति में लीन रहे। लीन रहना जनता के लिए हितकारी होगा। यह देखना होगा कि हमारा समाज किस प्रथाओं में चल रहा है। महिलाओं में जागरूकता लाना ज़रूरी है
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उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर ज़िला से श्रीदेवी सोनी ,मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती है कि वर्तमान समय में पर्यावरण समय के साथ चुनौतियों का सामना कर रहा है। आने वाली पीढ़ी के लिए यह एक गंभीर समस्या है। पर्यावरण संरक्षण को लेकर हर धर्म के लोगों द्वारा कार्य किया जाता है। पहले पर्यावरण को बचाया जाता था पर अब ऐसा नहीं रहा। लगातार जलवायु में परिवर्तन होते जा रहा है।
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उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर ज़िला से वीर बहादुर ,मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते है कि यह एक बड़ी विडंबना है कि महिलाओं के साथ भेदभाव किया जा रहा है। महिलाओं को किसी भी निर्णय में भाग लेने नहीं दिया जाता है। मुख्य कारण यह है कि महिलाओं को लोग शिक्षा से वंचित रखते है। शिक्षा के अभाव में महिलाएँ शोषण का शिकार होती है। समाज में महिलाओं को पुरुष के बराबर नहीं समझा जाता है। यह कार्यस्थल में देखने को मिलता है कि सामान काम का वेतन सामान नहीं मिलता है।
उत्तर प्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से काजल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि रेलवे में सरकारी नौकरी पाने का सपना देख रहे युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण सूचना। रेलवे के विभिन्न पदों पर भर्ती निकाली गई है। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर ज़िला से श्रीदेवी सोनी ,मोबाइल वाणी के माध्यम से बताती है कि बहुत महिलाएँ चाहे वो शहर की हो या ग्रामीण इलाके की लेकिन वो अभी भी शिक्षा से वंचित है। उनमे शिक्षा के प्रति जागरूकता ही नहीं है । शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, रोजगार और राजनीतिक भागीदारी जैसे क्षेत्रों में महिलाओं के साथ अक्सर भेदभाव किया जाता है। महिलाओं के खिलाफ दहेज़ ,शोषण बढ़ रहा है। महिलाएँ अपने अधिकारों को खुद ही समझ नहीं पा रही है
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