उत्तरप्रदेश राज्य के बलरामपुर ज़िला से अरविन्द श्रीवास्तव ,मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते है कि आधुनिक युग में पेड़ों की कटाई तेज़ी से हो रही है जिससे ग्लोबल वर्मिन में वृद्धि हो रही है। इस साल हीटवेव से लोग परेशान है। अब तक इससे राहत नहीं मिली है। मानसून अब तक आया नहीं है। पेड़ों को काटने से जलवायु परिवर्तन ,ग्रीनहॉउस गैसों का उत्सर्जन ,जीवों का लुप्त होना ,मिट्टी का कटान जैसी समस्या हो रही है। पेड़ों की कटाई से मानव जाति ,जीव जंतु पर विपरीत प्रभाव पड़ रहा है। पेड़ों की कटाई जीवन के लिए नुक्सान दायक हो गया है। पेड़ों की कटाई लगातार हो रही है पर पेड़ों को लगाने में ध्यान नहीं दिया जा रहा है। विकास कार्य के लिए ,सड़क चौड़ीकरण के नाम पर कई पेड़ काट दिया गया। इससे ऑक्सीजन की कमी लोगों को महसूस होने लगा है। अगर पेड़ काट रहे है तो वृक्षारोपण पर भी ध्यान देना चाहिए

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उत्तरप्रदेश राज्य के बस्ती ज़िला से मोहम्मद इमरान ,मोबाइल वाणी के माध्यम से बताते है कि लगातार तेज पड़ रही गर्मी में विद्युत कटौती भी अपने चरम पर है जिससे उपभोक्ताओं को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

उत्तरप्रदेश राज्य के बस्ती ज़िला से मोहम्मद इमरान ,मोबाइल वाणी के माध्यम से बताते है कि धूप की तपिस और उमस से किसानों के पसीने छूट गए है। किसानों को अपने धान की नर्सरी की सिंचाई में दिक्कत आ रही हैं। तेज धूप के कारण हर 24 घंटे बाद किसानों को अपने धान की नर्सरी की सिंचाई करना पड़ रहा है।