बिहार राज्य के हवेली खड़गपुर से मोबाइल वाणी के माध्यम से अंकित राज बता रहें हैं की शराब कारोबारी अब जंगल में शराब का निर्माण करने लगे हैं। खड़कपुर पुलिस ने जंगल में छापामारी के क्रम में 400 किलो फूला हुआ महुआ को बरामद किया है और दो शराब भट्टी को दस्त कर दिया है। वही पुलिस के आने की भनक मिलते ही कारोबारी फरार हो गएँ।
धार्मिक कार्यक्रम में शामिल हुए पंचायती राज्य मंत्री सम्राट चौधरी
अज्ञात हाइवा चालक के विरुद्ध मुकदमा दर्ज
मारपीट मामले में 2 लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज
अधेड़ की मौत मामले में यूडी केस दर्ज
नाबालिग के अपहरण मामले में मुकदमा दर्ज
बिहार राज्य के हवेली खरगपुर से मोबाइल वाणी के माध्यम से लक्ष्मण कुमार सिंह के साथ सुमित कुमार बता रहें हैं कि उनका मकान 9 नंबर वार्ड में पड़ता हैं लेकिन नल जल योजना के द्वारा पानी उनको समय पर नहीं मिल पाटा हैं उन्होंने कहा कि कभी-कभी पानी आता है और थोड़ी देर में ही चला जाता है, कब आता हैं कब चला जाता हैं पता ही नहीं चलता है। सरकार को इस पर ध्यान देना चाहिए सुमित कुमार ने यह भी बताया कि उनके आसपास तालाब हैं लेकिन सुखा हुआ है पशुओं को पानी किसी तरह से कुआं एवं नल से पिलाया जा रहा है लेकिन नल जल योजना से कोई लाभ नहीं मिल रहा है
बिहार राज्य के मुंगेर ज़िला के हवेली खड़कपुर के बेहरा पंचायत के भदौरा ग्राम से लक्ष्मण कुमार सिंह की बातचीत मोबाइल वाणी के माध्यम से नीतीश कुमार से हुई। नीतीश कुमार ने बताया कि मिड डे मील में बहुत ज्यादा लापरवाही देखी जा रही है। बच्चों को समय से भोजन नहीं मिलता है। अगर भोजन दिया भी जाता है तो सही से नहीं मिलता है। उचित मात्रा में भोजन नहीं मिल रहा है। इसकी शिकायत किया गया लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।कोविड काल में बच्चों के मिड डे मील के बदले सूखा अनाज़ भी नहीं दिया गया।
बिहार राज्य के हवेली खरगपुर के बागेश्वरी से मोबाइल वाणी के माध्यम से लक्ष्मण कुमार सींग के साथ परमजीत कुमार बता रहें हैं की बिहार सर्कार के द्वारा जो शराब बंदी नियम लागु हुआ है इसका असर शुरू में पड़ा था लेकिन अभी भी बंद नहीं हुआ है हरेक गाओ और मोहल्ला में चल रहा है। और बता रहें हैं की मिड डे मील का लाभ बच्चो को मिल रहा है।
बिहार राज्य के मुंगेर जिला के हवेली खरगपुर के बहिरा पंचायत से लक्ष्मण कुमार सिंह मोबाइल वाणी के माध्यम से जितेंद्र कुमार से साक्षात्कार किया। जिसमे जीतेन्द्र कुमार ने बताया कि तालाब से पानी पूरी तरह से सूख गया है। उन्होंने बताया कि प्राकृतिक स्रोत छोड़कर और पानी का सुविधा नहीं है जो भी थोड़ा बहुत पानी पीने लायक था वह तालाब गंदा हो चूका है। इसलिए पशु भी पालना मुश्किल हो चुका है। जिसके चलते पीने के लिए पानी खरीदना पड़ता है। उन्होंने यह भी बताया कि नल जल योजना भगवान भरोसे चल रहा है कभी पानी आता है, तो कभी नहीं आता है।
