शिक्षक दिवस के अवसर पर इस बार होने वाले समारोह आयोजित नहीं हो पाई। इस बार कोरोना संक्रमण के कारण पिछले कई महीनों से स्कूल , ट्यूशन , कोचिंग और कॉलेज बंद है।जिस कारण शिक्षक और छात्र -छात्राओं का मिलन नहीं हो पाया है।इस बार शिक्षकों को छात्र फोन करके ही उन्हें अभिनंदन कर रहे हैं। ऐसे में बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अल्प संख्यक प्रकोष्ठ के प्रदेश सचिव शमा अंजुम ने अपने संबोधन में कहा कि आज का दिन हम शिक्षक समाज के लिए शुभ दिन है। आज के ही दिन हमारे भूतपूर्व राष्ट्रपति डा.राधाकृष्णन का जन्म हुआ था। डा राधाकृष्णन पहले शिक्षक थे। राष्ट्रपति बनने के बाद शिक्षक के कई समस्या को दूर किए।बुरे वक्त के समय शिक्षक के सहायता के कल्याण हेतु एक कोष का निर्माण किए। इसके लिए उन्होंने एक टिकट छपवाकर विद्यालय के द्वारा उसका विक्री करवाया। उस समय उसी राशि से शिक्षक के कल्याण किया जाता था। वर्तमान समय में सबकुछ बदल गया है। पूर्व में शिक्षक को ईश्वर से ज्यादा पूजा होता था।अब अच्छे अध्यापक तैयार करने की चुनौती है। गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए युवा वर्ग को शिक्षण व्यवसाय के प्रति आकर्षित करना आवश्यक है। शिक्षक पूरी शिक्षा की धूरी होता है। वर्तमान समय डिजिटल युग का है।अब ऑनलाइन पढ़ाई हो रही है। देश के किसी भी कोने के शिक्षक से शिक्षा प्राप्त घर बैठे किया जा सकता है। इससे शिक्षक और विद्यार्थी के संबंध में थोड़ी मुश्किल बढ़ी है।शमा अंजुम ने शिक्षक दिवस के अवसर पर प्रदेश के सभी शिक्षकों को अभिनंदन किया है। गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से ही देश का नव निर्माण हो सकता है।इस खबर को सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।