गलवान घाटी में शहीद हुए भारत मां के वीर सपूत अमन का पार्थिव शरीर तिरंगे में लिपटा हुआ उनके पैतृक गांव पहुंचा था तो उनके घर तक जाने के लिए सड़क की व्यवस्था उस समय नहीं थी जिससे काफी परेशानी का सामना लोगों को करना पड़ा था और जिसको लेकर अपनी वोट की राजनीति को लेकर पहुंचे नेताओं ने बड़े-बड़े दावे एवं वादे किए थे कि मुख्य सड़क से शहीद के घर तक सड़क का निर्माण अविलंब करा दिया जाएगा बावजूद अभी तक उस सड़क का निर्माण नहीं हो सका है एवं उनके परिवार वालों को आज भी काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। मोबाइल बानी के माध्यम से मैं संबंधित लोगों से अपील करता हूं कि उस सड़क का निर्माण जितना जल्द संभव हो सके आप लोगों करवा दें। और किसी शहीद की शहादत पर राजनीति ना करें।पूरी खबर सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।
