देशभर में लॉकडाउन के कारण तेलंगाना में ग्रेनाइट फैक्ट्री में काम करने वाले यूपी-बिहार के 400 से अधिक मजदूर फंसे हैं। काम बंद होने से उन्हें खाने को लाले पड़ रहे हैं। बिहार के कुछ मजदूरों ने पटना सचिवालय में मदद की गुहार लगायी है। जहां से उन्हें जल्द से जल्द लाने का आश्वासन दिया गया है। फैक्ट्री में इन मजदूरों के साथ आसोम व राजस्थान के भी मजदूर भी हैं। उत्तर प्रदेश के चंदौली के प्रभुपुर (सकलडीहा) गांव के गोपाल सिंह ने मंगलवार को हिंदुस्तान कार्यालय में फोन कर अपनी पीड़ा सुनाई। साथ ही उनके आने के बारे में जानकारी ली। फैक्ट्री में ऑपरेटर गोपाल सिंह बताते हैं कि करीमपुर जिले के बहुपेट गांव में सैकड़ों एकड़ में ग्रेनाइट की फैक्ट्री है। जिसमें यूपी, बिहार, राजस्थान, पंजाब, आसोम सहित कई राज्यों के मजदूर, इंचार्ज और ऑपरेटर काम करते हैं। कोरोना की वजह से प्रधानमंत्री के जनता कर्फ्यू के आह्वान पर फैक्ट्री में काम बंद हो गया था। एक दिन बाद फैक्ट्री चालू हो गयी लेकिन फैक्ट्री में तैनात वरिष्ठ अधिकारी धीरे-धीरे निकल गए। इसके बाद पूरे देश में लॉकडाउन से फैक्ट्री पर फिर ताला लटक गया।
