दिल्ली एनसीआर के गुरुग्राम रोड से नन्द किशोर की बातचीत साझा मंच मोबाइल वाणी के माध्यम से श्रमिक गौतम से हुई। गौतम कहते है कि तीन साल से किराये के मकान में रह रहे है। सप्लाई पानी आता है जिसे इस्तेमाल करते है लेकिन वो पानी पीने योग्य नहीं रहती है । बाज़ार से पीने का पानी लेते है। पीने का पानी व सप्लाई पानी दोनों मिला कर महीने का कुल 1100 से 1200 रूपए खर्च लग जाता है। आने वाले दिनों में अधिक ख़र्च हो सकता है। जल बचाना जरूरी है। बारिश का पानी संचय नहीं हो पाता है जिस कारण जल का स्तर घट रहा है
