बस्ती ज़िला चिकित्सालय में जॉच और ब्लड रिपोर्ट पाना मुश्किल, सेम डे ब्लड रिपोर्ट नहीं दे पा रहे अस्पताल के कर्मचारी
उत्तर प्रदेश पंचायती राज ग्रामीण सफाई संघ ने अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा
Transcript Unavailable.
वायरल फीवर बीमारी
उत्तर प्रदेश राज्य के बस्ती जिले से रीना श्रीवास्तव ने मोबाईल वाणी के माध्यम से बताया कि चौराहे से ले कर रंजीत चौराहे तक सड़क टूटी है
उत्तरप्रदेश राज्य के जिला बस्ती से विजय पाल चौधरी , मोबाइल वाणी के माध्यम से यह बताना चाहते है कि स्कूल की चारदीवारी अधूरी है। स्कूल का गेट भी अभी तक नहीं लगाया गया है । ग्रामीणों की शिकायत पर जी . डी . यू . अनिल कुमार यादव ने ग्राम पंचायत सचिव को सूचित किया । बैठकों में दी गई वस्तुओं को लगातार पूरा करने के निर्देश दिए जा रहे हैं । सचिव को कई बार निर्देश दिया गया है लेकिन उन्हें इसमें कोई दिलचस्पी नहीं है ।
मुख्य मस्ती मोबाइलवाड़ी संवाददाता शुभांग श्रीवास्तव तीन साल से पेयजल परियोजना अधूरी है । बस्ती बगनान महुआ डाबर गाँव में लोग परेशान हैं । पेयजल परियोजना तीन साल से अधूरी है । यह परियोजना दो हजार अठारह उन्नीस में शुरू हुई थी , फिर इसे एक साल में पूरा करने का लक्ष्य था । इसने तीन ग्राम पंचायतों के लोगों को शुद्ध किया है । महादाबर रामापुर सरनागी पंचायत के आधा दर्जन से अधिक राजस्व गांवों को जल जीवन मिशन योजना के तहत शुद्ध पेयजल के साथ कवर किया जाना था । इस योजना के तहत महुआ डाबर गांव में दो नलकूपों को ऊबड़ - खाबड़ बना दिया गया था । गाँव में पाइप लाइनें भी बिछाई गईं , लेकिन परियोजना पूरी नहीं हुई । जानकारी के अनुसार , पहले यह परियोजना उसी निगम के बस्ती , बाद में सतकाबीर नगर मंडल के तहत जल निगम द्वारा शुरू की गई थी । जल निगम संत कबीर नगर के एस . डी . ओ . योगेंद्र प्रसाद के हस्तांतरण पत्रों पर पीने के पानी के कारण सार्वजनिक निर्माण कार्य को सौंपी गई परियोजना में देरी हुई है ।
जर्जर भवन में चार दशक से चल रहा आयुर्वेदिक अस्पताल
3 साल से अधूरी है पेयजल परियोजना
करणपुर में चल रहा जमीन विवाद का समाधान
