धरहरा (संवाददाता):-कोविड-19 से आवाम को बचाने के लिए जहां सरकार हर संभव प्रयास कर रही हैं और कोरोना संक्रमित व्यक्ति के शव को अपने संरक्षण में दाह संस्कार कराने के लिए वाहन मुहैया करा रही है, किन्तु मुंगेर जिला में सरकार के इस आदेश को पूरा करने में स्वास्थ्य विभाग उदासीन दिख रहा है।सनद रहे कि मुंगेर जिलाधिकारी रचना पाटिल ने सरकार के दिशा-निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग को कोरोना के मृतक के शव का दाह संस्कार कराने के लिए वाहन की ठोस ब्यवस्था करने का निर्देश दिया है, किन्तु स्वास्थ्य विभाग की उदासीनता के कारण कोरोना संक्रमित शव अठारह-अठारह घंटो तक यूं ही पड़ा रहता है। शुक्रवार को भी ओड़ाबगीचा के एक कोरोना संक्रमित वृद्ध ने कोरोना की जंग हारते हुए शुक्रवार की सुबह करीब 10 बजे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र धरहरा में अपनी अंतिम सांस ली, किन्तु शाम तक शव उठाने के लिए सरकारी वाहन नहीं मिलने से वृद्ध का शव अस्पताल परिसर में ही पड़ा है, जिस कारण अस्पताल और आसपास के लोगों में दहशत का माहौल ब्याप्त है। विदित हो कि बुधवार की रात वृद्ध की बेटी की भी मौत कोरोना से हो गई थी, जिसके शव को उठाने के लिए अठारह घंटे बाद गुरुवार की शाम करीब 4 बजे सरकारी वाहन आई थी। वहीं एक घर से दो दिनों में पिता-पुत्री की कोरोना से मौत हो जाने पर परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
