लगातार कोरोना वायरस की संख्या में बढ़ोतरी होने से लोगों में हड़कंप मचा हुआ है। गुरुवार को चौथे दिन गोह स्थित पीएचसी में कोविड-19 की जांच हुई। चिकित्सा पदाधिकारी डॉ सुरेंद्र कुमार ने बताया कि विभिन्न गांव से आए 30 लोगों का कोरोना सैंपल लिया गया जिसमें 5 लोगों का पॉजिटिव मिला ऐसे में अपील की जा रही है कि अपने घर मे ही रहे आवश्यक कार्य हो तभी बाहर निकले
उपहारा थाना क्षेत्र के महेश परासी गांव में बुधवार की देर शाम रविंद्र प्रसाद के पुत्र चंदन कुमार 22 वर्ष एवं मिथिलेश चंद्रवंशी के पुत्र गुड्डू कुमार 20 वर्ष टहल कर घर वापस आ रहे थे इसी क्रम में गांव में स्थित ट्रांसफार्मर के समीप जैसे ही पहुंचा तो ट्रांसफार्मर के पास से निकले बिजली के जर्जर तार के संपर्क में आ गया और मौत हो गई।
कुटुंबा प्रखंड का कोरोना बुलेटिन :29 जांच सैम्पल मे एक पॉजिटिव धर्मेंद्र कुमार कुटुम्बा प्रखण्ड ब्यूरो रेफरल अस्पताल , कुटुंबा में कुल 29 कोरोना संदिग्ध की जाँच सैंपल लेकर की गई । जिसमें एक पॉजिटिव केस मिले हैं। ये पॉजिटिव केस किसुनपुर की महिला हैं। ये अपने पति के संपर्क से पॉजिटिव आये हैं जबकि इनके घर के सभी सदस्य का रिपोर्ट नेगेटिव निकला है । बताते चलें कि रेफरल अस्पताल , कुटुंबा में शुरू से अबतक कुल 204 लोगों की जाँच हो चुकी है जिसमें 13 पॉजिटिव अबतक पाए गए हैं। आज रेफरल अस्पताल , कुटुंबा में पूर्व में पॉजिटिव निकले प्रखंड प्रमुख ने भी अपनी सैंपल को दी थी । जिनका रिपोर्ट अब नेगेटिव आ गया है।
नीतीश सरकार में विकास की धारा बह रही है
कोरोना का जांच 11 लोगो को हुई जिसमें 2 लोग संक्रमित पाए गए
किसानों ने जिलाधिकारी से चहका को जीर्णोद्धार कराने की मांग की है
विगत चार महीनों से लोगों के मन में कोरोना को लेकर असुरक्षा की भावना में अधिक बढ़ोतरी हुई है. प्लेग, हैजा, स्पेनिश फ्लू, एशियाई फ्लू, सार्स एवं इबोला जैसी महामारी ने पूर्व में भी वैश्विक स्तर पर लोगों को प्रभावित किया है. लेकिन कोविड-19 की महामारी बिल्कुल अलग पैमाने पर है. वैश्विक स्तर पर निरंतर किए जा रहे प्रयासों के बाद भी कोविड-19 का सटीक उपचार उपलब्ध नहीं होने से लोगों के मन में निरंतर डर की भावना बढ़ रही है. जिससे उनका मानसिक स्वास्थ्य गंभीर रूप से बाधित हो रहा है. इसको लेकर मानसिक स्वास्थ्य पर कार्य करने वाली संस्था नेशनल इंस्टीट्यूट आफ मेंटल हेल्थ एंड न्यूरोसाइंसेज बेंगलुर ने कोरोना संक्रमण काल में लोगों को बेहतर मानसिक स्वास्थ्य सुनिश्चित करने की दिशा में समुदाय के सभी आयु वर्ग के लोगों के लिए मार्गदर्शिका जारी की है. किशोरों की मानसिक स्थिति समझने की जरूरत मार्गदर्शिका में बताया गया है कि किशोरावस्था के दौरान होने वाले मानक विकासात्मक परिवर्तन के बारे में माता-पिता को जागरूक होना चाहिए .किशोरों को बच्चों की तुलना में कोविड-19 संबंधित मुद्दों की बेहतर समझ होती है. कोरोना के कारण किशोरों एवं युवाओं में अपने भविष्य को लेकर अनिश्चितता में काफी बढ़ोतरी हुई है .लंबे समय से स्कूल एवं कॉलेज बंद होना दोस्तों से संपर्क खोना,परीक्षाओं के बारे में अनिश्चितता और उनके कैरियर विकल्पों पर प्रभाव एवं युवाओं के सामने अपनी नौकरी बचाने के दबाव के कारण उनमें अकेलापन उदासी आक्रामकता और चिड़चिड़ापन की भावनाएं पैदा हो सकती है. बच्चों का रखें ख्याल कोरोना काल में बच्चे मानसिक अवसाद का आसानी से शिकार हो सकते हैं. परिवार के किसी सदस्य में कोरोना की पुष्टि होना. किसी सदस्य का कोरोटीन सेंटर जाना ,कोरोना काल मे परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने एवं उनकी जरूरत की चीजें आसानी से उपलब्ध नहीं होने की दशा में बच्चे मानसिक तौर पर अधिक परेशान हो सकते हैं. इसलिए माता-पिता यह सुनिश्चित करें कि बच्चे महामारी से संबंधित जानकारी के संपर्क में न हो. दिनचर्या पर माता-पिता करे कार्य माता पिता बच्चे के लिए एक नई दिनचर्या का चित्र बनाएं. इस दिनचर्या में शैक्षणिक कार्य , साथियों के साथ फोन पर बातचीत या प्रौद्योगिकी के अन्य रूपों के साथ परिवार के समय का उपयोग करना शामिल होना चाहिए. बच्चों का भोजन और सोने का समय निर्धारित करें. इस दिनचर्या के हिस्से के रूप में कुछ इंडोर अभ्यास भी कराना बेहतर पहल होगी जैसे योगा स्ट्रेच समेत अन्य . भ्रामक जानकारियों से बचें देव पीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी ने बताया कि माता-पिता को अपने किशोर बच्चों में किसी भी भावनात्मक या व्यवहार परिवर्तन के लिए उत्सुकता से निरीक्षण करना चाहिए कभी कभी ये परिवर्तन सूक्ष्मा हो सकते हैं. माता-पिता यह सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं ऐसे दौर में कोरोना को लेकर कई भ्रामक जानकारियां भी फैलाई जा रही है इसलिए माता-पिता किशोरों को विश्वसनीय स्रोतों जैसे विश्व स्वास्थ संगठन स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय आईसीएमआर सीडीसी से जानकारी प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित करें ताकि उन्हें सही जानकारी प्राप्त हो सके
मदनपुर थाना क्षेत्र के माया बिगहा गांव में जमीनी विवाद को लेकर दो पक्षों में मारपीट हो गई थी।जिसमें विश्वनाथ सिंह कुंदन कुमार शिव शंकर कुमार सुनील यादव जख्मी हो गए थे।सभी का इलाज प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मदनपुर में कराया गया।
मदनपुर से चितरंजन कुमार की रिपोर्ट:- बिहार सरकार की महत्वकांक्षी योजना जल जीवन हरियाली के तहत मनरेगाकर्मियों को वृक्ष लगाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है।ताकि वे अपने से मजदूरी कर वृक्षारोपण कर अपने खेत और अपने गांव को हर भरा बना सकें।इसके लिए मुफ्त में पौधा रोजगार सेवक के मदद से दिया जा रहा है और उसके रख रखाव के लिए उस मनरेगाकर्मियों को महीना में 15 सौ 52 रुपया दिया जाता है।जबकि सिचाई के लिए 200 पौधा पर एक चापाकल देने का भी प्रवधान हैं।इसी के तहत औरंगाबाद जिले के मदनपुर प्रखण्ड अंतर्गत बनिया पंचायत के सोनवर्षा गांव में रोजगार सेवक नागेंद्र पासवान और समाजसेवी सियाराम यादव के सहयोग से मनरेगाकर्मि शिवकुमार सिंह अजित यादव रामजी यादव और धनेश्वर यादव को चार सौ पौधा लगाने का जिम्मेवारी मिला और वह बुधवार को पौधा लगा भी दिया गया।पौधा लगने ग्रमीणों में खुशी है।ग्रामीण समजसेवी सियाराम यादव और रोजगार सेवक नागेंद्र पासवान को धन्यवाद भी दे रहें हैं।
ऐतिहासिक रहा वर्चुअल सम्मेलन, नेताओं ने जताया आभार ,नयी ऊर्जा का संचार दाउदनगर- जदयू का ओबरा विधानसभा स्तरीय वर्चुअल सम्मेलन आयोजित किया गया, जिसमें नेताओं एवं कार्यकर्ताओं के अलावा बूथ स्तरीय कार्यकर्ताओं ने भाग लिया. वर्चुअल सम्मेलन को जदयू नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने भव्य एवं ऐतिहासिक बताया है और इसकी सफलता के लिये सभी कार्यकर्ताओं का आभार जताया है.वर्चुअल सम्मेलन को संबोधित करते हुये जदयू के राष्ट्रीय महासचिव एवं राज्यसभा सांसद आरसीपी सिंह ,जहानाबाद सांसद चंदेश्वर प्रसाद चंद्रवंशी,बिहार सरकार के मंत्री नीरज कुमार व संतोष कुमार निराला, युवा जदयू के प्रदेश अध्यक्ष अभय कुशवाहा एवं प्रदेश प्रवक्ता अंजम आरा संबोधित करते हुये बिहार सरकार के 15 वर्षों के कार्यकाल को विस्तार पूर्वक रखा .ओबरा विधानसभा क्षेत्र से जदयू प्रत्याशी रह चुके जदयू के वरिष्ठ नेता प्रमोद सिंह चंद्रवंशी ने कहा नेताओं ने विस्तार पूर्वक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा किये गये विकास कार्यों की चर्चा की गयी.बताया गया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपनी मेहनत ,इच्छाशक्ति एवं ईमानदारी के बल पर बदहाल कहे जाने वाले बिहार को विकसित बिहार में बदलने का काम किया .ओबरा विधानसभा क्षेत्र के 99प्रतिशत गांव में बिजली पहुंच गयी. पक्की सड़क बनायी गयी. अनुमंडल अस्पताल का निर्माण किया गया. दाउदनगर- नासरीगंज के बीच सोन नदी पर पुल बनवाया गया. नर्सिंग कॉलेज खोला गया. कई प्राइवेट आईटीआई एवं बीएड कॉलेज खोलने की स्वीकृति मिली.जदयू का विधायक नहीं रहने के बावजूद ओबरा विधानसभा क्षेत्र विकास के मामले में किसी भी विधानसभा क्षेत्र से कम नहीं है .श्री चंद्रवंशी ने इस वर्चुअल सम्मेलन को भव्य एवं ऐतिहासिक बताया है. सेवादल के जिला अध्यक्ष शैलेश यादव को राज्यसभा सांसद आरसीपी सिंह ने धन्यवाद देते हुए कहा कि शैलेश यादव बेहतर कर रहे हैं पिछले चुनाव में काफी ज्यादा मदद किया था इसके कारण बेहतर परिणाम आए थे आगे भी बेहतर करने का उम्मीद है इन्हें पार्टी की ओर से धन्यवाद देता हूं वही जदयू के दाऊदनगर प्रखंड अध्यछ अनिल कुमार चंद्रवंशी अपने संगठन को बेहतर कर रहे हैं साथ ही साथ नीतीश कुमार के किए गए 15 साल में विकास की हर एक बातें जनता तक पहुंचाने की कहा है और कहा कि प्रखंड को बेहतर आप बना सकते हैं किए गए काम को गिना सकते हैं।
