झारखण्ड राज्य के हज़ारीबाग जिला से राजकुमार ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि अधिकांश सरकारी नीतियाँ किसान को जमीन के मालिक के रूप में परिभाषा करती है। जिससे खेतिहर,महिला मजदूर या भूमिहीन महिला किसान बहाल हो जाए। भूमि में क़ानूनी अधिकार प्राप्त होने के बावजूद महिलाओं को इस बात की जानकारी या जागरूकता नही रहती है
