भारत सरकार द्वारा अधिसूचना के माध्यम से 14 प्रकार के कंपोजीशन युक्त दवाओं को प्रतिबंधित कर दिया गया है। इस प्रकार की दवाओं में ब्रोमेक्ससीन, सालबुटामोल, क्लोराफेनारामाइन, कोडिन आदि से संबंधित संयुक्त मिश्रण की दवाएं शामिल हैं। ड्रग इंस्पेक्टर विकास शिरोमणि ने बताया कि इन दवाओं पर प्रतिबन्ध लगाने के लिये उनके ओर देश के ड्रग इंस्पेक्टरों के द्वारा भारत सरकार को भेजे गए रिपोर्ट की जांच पड़ताल कर निर्णय लिया गया है। भारत सरकार के निर्देश के आलोक में जिला के सभी दवा दुकानदार होल सेलर को दवा कम्पनी को लौटा देने का निर्देश जिला ड्रग कार्यालय से भेज दिया गया है। यह दवाएं मानव के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डालती हैं। जांच उपरांत भारत सरकार ने दवाओं को प्रतिबंधित कर दिया गया। अधिसूचना के आलोक में दवा व्यापारियों में उहापोह की स्थिति बनी हुई है। भारत सरकार और ड्रग इंस्पेक्टर के निर्देशों के पालन के लिए दवा व्यापारियों द्वारा इन सभी उत्पादों को रैक से बाहर निकालने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिला संगठन के अध्यक्ष अशफाक करीम और सचिव ध्रुवदेव नारायण सिंह ने बताया कि अधिसूचना का अक्षरस पालन किया जाएगा, लेकिन अनुपालन के लिए सरकार द्वारा समय दिया जाना चाहिए। इसमें हमारी पूंजी फंस जाएगी। इन दवाओं पर लगाया गया है प्रतिबंध निमुस्लाइड पैरासिटामोल डस डिस्प्रेसबएल टेबलेट पर प्रतिबंध लगा है। इसके अलावा अमोक्सीसिलिन व ब्रोम्हेक्सिन के सभी प्रकार के उत्पाद फोल्कोडाइन व प्रोमेथाजिन के सभी प्रकार के उत्पाद, क्लोरफेनीरामिन व डेक्सट्रोमेथोरफन, गुआइआफेनीसिन, मेंथोल, क्लोरफेनीरामिन व कोडीन के सभी उत्पाद, अमोनियम क्लोराइड व ब्रोम् हेक्सिन के सभी प्रकार के उत्पाद, ब्रोम्हेक्सिन, डेक्सट्रोमेथोरफन, अमोनियमक्लोराइड व मेंथोल के सभी उत्पाद, डेक्सट्रोमेथोरफन, क्लोरफेनीरामिन, गुआइआफेनीसिन व अमोनियम क्लोराइड के सभी उत्पाद, पेरासिटामोल, ब्रोम्हेक्सिन, फिनाइलइ़फरीन, क्लोरफेनीरामिन व गुआइआफेनीसिन के सभी उत्पाद, सालबूटामोल व ब्रोम्हेक्सिन के सभी उत्पाद, क्लोरफेनीरामिन, कोडीन व मेंथोल के सभी उत्पाद,फेनीटोइन व फेनोबारबिटोन के सभी उत्पाद, अमोनियम क्लोराइड, सोडियम सीट्रेट व मेंथोल सहित सालबूटामोल, ईटोफायलीन व ब्रोम्हेक्सिन के सभी उत्पाद पर प्रतिबंध लगा है।
