निकिता बुनकर बोमिया बस्ती से साँझा कर रही है की उनकी बस्ती में कचरे की गाड़ी नहीं आरही है कृपया कचरे की गाड़ी भेजे
ममता ट्रांसपोर्ट नगर से साँझा कर रही है की उनकी बस्ती में वृद्ध और विधवा महिलाओ की पेंशन नहीं आरही है | इसके लिए क्या करे |
अनीता ट्रांसपोर्ट नगर से साँझा कर रही है की बस्ती में उनको बहुत टाइम से आंगनवाड़ी से पेड नहीं मिले रहे हैं
ममता ट्रांसपोर्ट नगर से साँझा कर रही है की बस्ती में उनको बहुत टाइम से आंगनवाड़ी से पैड नहीं मिले रहे हैं लगभग १० महीने हो गए हैं
23-24 जनवरी को शेखावाटी क्षेत्र व जयपुर, भरतपुर संभाग के कुछ भागों में भी मेघगर्जन, आकाशीय बिजली के साथ हल्के से मध्यम बारिश होने की संभावना है
नमस्ते साथियो जयपुर वाणी पर आपका स्वागत है यह एक ज़रूरी जनहित सूचना है। राष्ट्रीय हरित अधिकरण, यानी एनजीटी ने कुछ राज्यों में पीने के पानी में सीवर का गन्दा पानी मिलने के मामले पर खुद कार्रवाई शुरू की है। यही आप अख़बार और समाचार देख रहे होंगे तोह आपको अवगत होगा की देश के कई राज्यों और कई शहरों में गंदे पानी की सप्लाई की समस्या सामने आई है। पिने के पानी की पुरानी पाइपलाइनो और टूटी हुई पाइपलाइनों के कारण पीने के पानी में सीवर का गन्दा पानी मिल रहा है। इससे कई लोग बीमार हो रहे हैं उल्टी, दस्त और पेट की गंभीर बीमारीयो के मामले भी सामने आये हैं | कुछ शहरों में गंदा पानी पीने से कुछ लोगों की मौत भी हो चुकी है। एनजीटी ने राज्य सरकारों और संबंधित विभागों से जवाब माँगा है और जाँच के आदेश जारी कर चुके हैं आप सभी से अपील है की अगर नल के पानी में बदबू, गंदगी या गन्दा रंग दिखे तोह, तो उसे न पिएँ और तुरंत प्रशासन को सूचित करें, आप चाहे तोह राजस्थान संपर्क 181 या पानी विभाग का स्टेट कण्ट्रोल रूम 0141-2222585 में अपनी शिकयत दर्ज करा सकते हैं और अपने अनुभव जयपुर वाणी पर नंबर ३ दबा के साँझा कर सकते हैं | हम आपसे जल्द मिलेंगे नई जानकारी और सुचना के साथ धन्यवाद
नमस्ते साथियो जयपुर वाणी पर आपका स्वागत है, आशा करते हैं आप जयपुर वाणी के प्रोगाम सुनते होंगे और साँझा भी करते होंगे | हाल ही में अपने सुना या पढ़ा होगा की मध्य प्रदेश के इंदौर में दूषित पेयजल से कारन आज 17वीं मौत की खबरें प्रकाशित हुई है। रिपोर्ट किया गया है कि मृतक ने भागीरथपुरा की एक होटल में चाय-नाश्ता भर किया, उसके बाद बीमार पड़े, किडनी फेल हुई और मौत। एक गिलास साफ पानी नहीं मिलने से किसी की जिंदगी चली गई, वहीं दूसरी तरफ इंदौर में पेयजल सप्लाई का 65 फीसदी हिस्सा वर्ष 2018 में जलहानि के रूप में दर्ज हुआ। जयपुर वाणी के श्रोता को साँझा करना चहहगय की जल हानि को दो तरह से देखा जाता है। भौतिक हानि में मुख्य रूप से पाइप लाइन जोड़ों, संयोजन जलाशयों में रिसाव तथा सम्प से ज्यादा पानी बहने के कारण हैं, जबकि अभौतिक हानि की श्रेणी में पानी की चोरी, असंबद्ध कनेक्शन, गलत मीटर रीडिंग, पानी की खुली टोंटियां आदि से होने वाली हानि को जोड़ा जाता है। 2013-14 में भोपाल में पानी की बर्बादी 30 प्रतिशत थी, जबकि इंदौर के लिए उस वर्ष कोई आंकड़ा उपलब्ध नहीं है। 2014-15 में भोपाल में जल हानि 30 प्रतिशत रही, वहीं इंदौर में यह 65 प्रतिशत दर्ज की गई।2015-16 में भोपाल में पानी की बर्बादी बढ़कर 38 प्रतिशत हो गई, जबकि इंदौर में यह 70 प्र तिशत तक पहुंच गई। 2016-17 में भोपाल में जल हानि 38 प्रतिशत बनी रही और इंदौर में यह 69 प्रतिशत रही। 2017-18 में भोपाल में भी जल हानि 38 प्रतिशत दर्ज की गई, जबकि इंदौर में यह 65 प्रतिशत रही। हाल की स्तिथि को देखते हुए इंदौर में प्रदूषित जल मामले को लेकर हाईकोर्ट इंदौर में पांच जनहित याचिकाओं की सुनवाई एक साथ की है । कोर्ट ने छह जनवरी को सरकार से इस मामले में स्टेटस रिपोर्ट देने को कहा था। हाईकोर्ट ने सख्त लहजे में कहा कि पानी लोगों का एक मौलिक अधिकार है और इससे कोई समझौता नहीं किया जा सकता है। कोर्ट ने कहा कि इंदौर में दूषित पेयजल मामले से पूरे देश में सबसे साफ शहर की छवि को नुकसान पहुंचा है। मामले की अगली सुनवाई 15 जनवरी को होगी। इधर बीमार होने का मामला थम नहीं रहा है। मंगलवार को 38 नए बीमार लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस घटना को गंभीरता से लेते हुए हम सब यही प्रयास कर सकते हैं की हम हमारे आस पास जल संसाधानो की अच्छे से देख रेख करे, गन्दा पानी आने पर जल अभियंतिकी विभाग को सूचित करे, सीवर और नाले के भराव पर नगर निगम से बातचीत करे, आपस में इन मुद्दों को समझे और प्रतिक्रिया दिखाए | इस समाचार को जानकर, आप अपने सुझाव हमे नंबर 3 दबा कर दे सकते हैं, यदि आपने भी अपने क्षेत्र में पानी और स्वच्छता से जुड़े मुद्दों को समाधान की और लाया है तोह अपनी कहानी हम से जरूर साँझा करे | हम जल्द आपको मिलेगी नए सदेश के साथ धन्यवाद |
राजस्थान मौसम अपडेट 7 जनवरी आज भी राज्य के जयपुर, कोटा, भरतपुर, बीकानेर, अजमेर, उदयपुर संभाग के कुछ भागों में घना से अतिघना कोहरा व अतिशीतदिन (Severe Cold day) दर्ज किया गया है। पिछले 24 घंटों में सबसे कम अधिकतम तापमान पिलानी, झुंझुनू में 11.8 डिग्री (सामान्य से 8.1 डिग्री कम) दर्ज। अधिकांश स्थानों पर न्यूनतम तापमान 4 से 10 डिग्री व अधिकतम तापमान 12 से 25 डिग्री के मध्य दर्ज किए गए है। राज्य में आगामी एक सप्ताह मौसम शुष्क रहने तथा आगामी 2-3 दिन राज्य के कुछ भागों में सुबह के समय घना/अतिघना कोहरा व शीतदिन दर्ज होने की संभावना है। पूर्वी राजस्थान में कहीं-कहीं अतिशीतदिन आगामी 48 घंटे दर्ज होने की संभावना है* आगामी दो-तीन दिनों में न्यूनतम तापमान में हल्की गिरावट होने व राज्य के उत्तरी भागों में शीतलहर की संभावना है। मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर
नायको के टीबी से श्रोता साँझा कर रहे हैं की उनकी बस्ती में सीवर भरा हुआ है कृपया कुछ करे और इसको खले करवाए
सबनम पेंटर कॉलोनी से साँझा कर रही है की उनकी बस्ती में कचरे की गाड़ी आरही है लकिन ३ - ४ महीने से कचरा फिर भी पढ़ा हुआ है | कृपया कुछ करे|
