बिहार राज्य के जमुई जिला अंतर्गत झाझा प्रखंड के शिवपुर थाना क्षेत्र के करौली पंचायत से पंकज कुमार बता रहे हैं कि उनके गांव में अधिकांश लोग हुए काजल पीकर अपनी प्यास बुझा रहे हैं जबकि कुए काजल काफी दूषित होता है फिर भी अपनी प्यास बुझाने के लिए कुएं का सहारा लेना पड़ता है ओए के सिवा उनके पास कोई दूसरा चारा नहीं है जबकि स्वास्थ्य विभाग की थी उस कुएं में कभी भी दवा का छिड़काव नहीं करता है दूसरी जल पीने से बच्चे कुपोषण का शिकार हो रहे हैं जिसका इलाज खुद प्राइवेट अस्पताल में करवा रहे हैं