नंद किशोर जी साझा मंच मोबाईल वाणी के माध्यम से उद्योग विहार फेज-1 के एक श्रमिक से बातचीत कर रहे है।बातचीत के दौरान एक श्रमिक ने बताया की ये इस कम्पनी में सैम्पलिंग करते है है फैशन का पीस बनाते है और येसामान विदेश में ऑनलाइन बिकता है। इस काम के कंपनी ने ओवरटाइम काम के लिए नए कारीगरों की बहाली की।और जो पुराने कारीगर है उनका वेतन एक महीने पहले से रोक कर दिया जा रहा है।और ये सब बिना बताये कारीगरों को भर्ती कर लिया गया और अब कहा जा रहा है की ये कंपनी की समस्या है।इन्हे काम करते हुए दो महीने बीत गए ये तीसरा महीना चल रहा है।और इनलोगों को दो महीने का ओवरटाइम का पैसा नहीं मिला है।कंपनी इनलोगों को तरह हजार रुपये तनख्वाह देती है।और सैलरी स्लीप भी इनलोगों को दी जाती है।लेकिन ईएसआई कार्ड कार्ड अभी तक नहीं मिला है और मांगने पर बोलै जाता है की मिल जायेगा।इनका कहना है की अगर काम करने के दौरान कोई दुर्घटना वाश अगर इनका पेअर टूट जायेगा तो उसके इलाज के लिए उन्हें खुद का पैसा लगाना पड़ेगा।कारीगरों का कहना है की कंपनी समय से इनलोगों को वेतन दे क्योंकि इन्हे घर का किराया भी देना पड़ता है। और इनका कहना है की ये मेहनत मजदूरी करते है और अपने परिवार का भरण-पोषण करते है। इनके लिए ये संभव नहीं है की ये अपना दस-बारह हजार फँसा कर रख सके।