राज्य के स्कूलों में गर्मी की छुट्टी छह जून से हो जाएगी। अभी तक पहली से आठवीं कक्षा के बच्चों के लिए शत-प्रतिशत किताबें प्रखंडों तक नहीं पहुंच सकी हैं। बिहार राज्य पाठ्य पुस्तक प्रकाशन निगम से मिली जानकारी के अनुसार, कुल लक्ष्य के 78 प्रतिशत बच्चों के लिए किताबों का सेट छापकर प्रखंडों तक पहुंचाया गया है। इनमें से कितने किताबे बच्चों को मिली है इसकी रिपोर्ट आनी बाकी है। इस तरह 22 प्रतिशत से अधिक बच्चे अब भी नई किताब से वंचित हैं। निगम से मिली जानकारी के अनुसार अभी तक मात्र चार जिले ऐसे हैं, जहां 100 प्रतिशत किताबों का सेट पहुंच सका है। इनमें अरवल, बांका, सारण और शेखपुरा शामिल है। मालूम हो कि निगम द्वारा किताबों की छपाई कराकर प्रखंडों तक पहुंचाया जा रहा है। प्रखंड से स्कूलों के शिक्षक किताब प्राप्त कर बच्चों को देते हैं। राज्य में कुल एक करोड़ 27 लाख 84 हजार 880 सेट किताब देने का लक्ष्य है, जिनमें शुक्रवार तक 99 लाख 24 हजार 939 सेट ही प्रखंडों तक पहुंचाए गए हैं, जबकि, छह जून से सरकारी स्कूलों में गर्मी की छुट्टी होनी है। विभिन्न कक्षा के बच्चों के लिए समर कैंप का भी आयोजन शुरू कर दिया गया है। इसके बाद भी सभी बच्चों तक किताबें नहीं पहुंच सकी हैं। शिक्षा विभाग का निगम को निर्देश है कि शत प्रतिशत किताबें बच्चों तक शीघ्र पहुंचाना सुनिश्चित करें। मालूम हो कि पहली से आठवीं तक के बच्चों को निशुल्क किताबें हर साल दी जाती हैं।
