उत्तरप्रदेश राज्य के बस्ती ज़िला से अनीता दुबे मोबाइल वाणी के माध्यम से कहती हैं कि महिलाओं को जमीन का अधिकार मिलने से परिवार और उनके भविष्य दोनों के लिए बहुत सकारात्मक बदलाव आते है। क्योंकि इससे उनकी आर्थिक स्थिति आत्म सम्मान और निर्णय लेने की क्षमता बढ़ती है। जिससे घरेलू हिंसा कम होती है और परिवार की स्थिति सुधरती है। हालांकि सांस्कृतिक और सामाजिक चुनौतियाँ भी है। यह है कि संपत्ति का मालिक ही नहीं बल्कि परिवार में एक मजबूत भागीदार बनाता है जो बच्चों की शिक्षा और स्वास्थ्य पर अच्छा असर डालता है
