सोनपुर-बिहार सरकार लगातार मुख्यमंत्री सात निश्चय योजना को सफल बनाने के लिए प्रयत्न कर रही है । इस योजना में करोड़ों रुपए खर्च कर रहे हैं लेकिन भ्रष्टाचार की कारण यह योजना नल जल सफल नहीं हो रहा है । दर्जनों ग्रामीणों ने बताया कि इसमें वार्ड सदस्य व मुखिया अन्य कर्मियों के कमीशन के कारण गुणवत्ता पूर्ण कार्य नही होने के कारण यह योजना सफल नही पूर्ण रूप से हो रही है । कहि नल है तो जल नही ,कहि पाइपलाइन टूटी हुई है तो कही स्टेप्लाइज्र नही तो कही टँकी फूटी हुई है । ऐसा ही एक मामला सारण जिले के सोनपुर प्रखंड के कल्याणपुर पंचायत के वार्ड नंबर 11 में ग्रामवासी 3 वर्षों से शुद्ध जल पानी पीने के लिए विवश है वही पंचायत सचिव मैनेजर सिंह ने वार्ड 11 के वार्ड सदस्य को नल जल के लिए ₹15 लाख के करीब सरकारी राशि दी थी जिसे नल जल योजना का काम पूरा करा कर लोगों को शुद्ध जल मुहैया करा सके लेकिन वार्ड सदस्य के कार्यो में लापरवाही के कारण यहां के लोग शुद्ध जल पानी पीने को विवश है । इस संबंध में पंचायत सचिव एवं अधिकारियों ने वार्ड सदस्यों से निकासी की गई राशि को शीघ्र नल जल मुहैया कराने की बात कही लेकिन इस पर अनदेखी करने के कारण उस पर प्राथमिकी दर्ज किया गया है। प्राथमिकी दर्ज करते हुए पंचायत सचिव मैनेजर सिंह ने कहा कि नल जल योजना में 7 लाख 28000रुपये का गबन का मामला करने का आरोप लगाते हुए सोनपुर थाने में गुरुवार को प्राथमिकी दर्ज की है । प्राथमिकी दर्ज सोनपुर के प्रखंड विकास पदाधिकारी डॉ सुदर्शन कुमार के आदेश पर वार्ड सदस्य व वार्ड सचिव पर प्राथमिकी दर्ज की गई है । पंचायत सचिव का कहना है कि पूर्व के वार्ड सदस्य विष्नु कुमार शर्मा व वार्ड सचिव राहुल कुमार ने मिलकर ₹1500000 के करीब सरकारी खाता से निकासी कर लिया है उसके द्वारा नल जल योजना का पूरा काम भी नहीं कराया गया है । प्रखंड कार्यालय से कई बार कार्य पूरा करने के लिए भी नोटिस दी गई है वही तकनीकी सहायक ने बताया कि उनके द्वारा 7719 00 रुपये मात्र खर्च किए गए हैं विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
