धरहरा(संवाददाता):-डायभर्सन के अभाव के कारण अर्धनिर्मित वन-वे पुल दुर्घटनाओं को दे रहा आमंत्रण।पथ निर्माण विभाग से फुलका-बसौनी मुख्य पथ का निर्माण कछुए की चाल में चल रहा है, जिससे आए दिन सड़क हादसे में लोग घायल हो रहे हैं। विभाग द्वारा करोड़ों रुपए की लागत से फुलका-बसौनी मुख्य पथ में दर्जनों पुल का निर्माण किया जा रहा है।संवेदक की उदासीनता व लूट-खसोट रवैए के कारण पुल निर्माण सरकारी मापदंड के अनुसार नहीं किया जा रहा है, पुल निर्माण के पहले आवागमन को सुगम बनाने हेतु डायभर्सन का निर्माण किया जाता है, परन्तु संवेदक के द्वारा अर्द्धनिर्मित वन-वे पुल बनाकर बिना सही तरीके से सड़क से जोड़े आवागमन को शुरू करवा दिया गया है, लेकिन उत्क्रमित विद्यालय निमियांटाड़ के पास बना अर्धनिर्मित पुल किसी भी बड़ी दुर्घटना को दावत दे रही है, क्योंकि पुल के पास सुरक्षा की दृष्टि से कोई वैरिकेटिंग की ब्यवस्था नहीं की गई है, जिससे सुरक्षा मानकों की अनदेखा कर राहगीरों को मौत के मुंह में भेजने का काम किया जा रहा है। कांग्रेस नेता साहेब सिंह यादव, जदयू के पूर्व महिला जिलाध्यक्ष बबीता राय मंडल, सहित आने-जाने बाले वाहन चालक ने पुल निर्माण मे हो रहे मानको की अनदेखी व संवेदको के लुट-खसौट की उच्चस्तरीय जांच कराने एवं सड़क निमार्ण जल्द से जल्द पुरा कराने की माँग बिहार सरकार के पथ निर्माण मंत्री नीतीन नवीन से किया है।