बिहार राज्य के जिला मुंगेर से अबोध ठाकुर साथ में बीड़ी मजदूर यूनियन संघ के सचिव मोहम्मद इस्लाम मोबाइल वाणी के माध्यम से बीड़ी मजदूर और उनकी समस्याएं पर चर्चा करते हुए कहते है कि बीड़ी मजदूरों को पूरा कमा नहीं मिलता है और ना ही वाजिब मजदूरी मिलती है। किसी भी तरह का सरकारी फंड बीड़ी मजदूरों को नहीं मिलता है। तम्बाकू ,पत्ता सब खरीदना पड़ता है ऊपर से मजदूरी कम मिलती है। यहाँ पर जो बीड़ी कंपनी है पहले उसमे बराबर काम मिलता था पर अब सप्ताह में दो दिन काम मिलता है और बाकी दिन मजदूर खाली बैठे रहतें है जिससे उनका घर खर्च बहुत मुश्किल से चलता है। पीएफ नहीं मिलता है। घर के सारे सदस्य काम करते है बीड़ी का फिर भी उन सब का मेहनताना मात्र हजार रुपये रहता है। बीड़ी मजदूरो की स्थिति बहुत दयनीय है। आये दिन बीड़ी मजदूर प्रदर्शन करते रहते है। समस्याएं सरकार तक पहुंचने का प्रयास कर रहे है पर अभी तक बीड़ी मजदूरों की समस्याए बनी हुई है निदान नहीं हो पाया है।