सवर्ण वोटों में बिखराव बनी मंत्री शैलेश कुमार की हार की वजह बिहार विधानसभा चुनाव के मतगणना का परिणाम मंगलवार की देर रात को सामने आया। जिला के तीनों विधानसभा क्षेत्र में कांटे की टक्कर हुई ।शुरुआती रुझान से ही एनडीए और महागठबंधन के बीच कांटे की टक्कर दिख रही थी। मतगणना के अंतिम परिणाम तक तीनों ही सीट पर रोमांचक संघर्ष हुआ। क्रिकेट के टी-20 मैच की तरह अंतिम चरण तक रोमांच बना रहा। सबसे चौंकाने वाला परिणाम जमालपुर विधानसभा क्षेत्र से आया ।जमालपुर में ग्रामीण कार्य मंत्री शैलेश कुमार लगातार चार बार से विधानसभा चुनाव जीत रहे थे ।पांचवीं जीत के लिए एक बार फिर से वे चुनाव मैदान में थे। एनडीए गठबंधन और अपने काम की बदौलत शैलेश अपनी जीत के प्रति काफी आश्वस्त भी नजर आ रहे थे ।उनके सामने कांग्रेस के जिला अध्यक्ष अजय कुमार सिंह को महागठबंधन ने उम्मीदवार बनाया था ।वहीं लोजपा ने जिला परिषद उपाध्यक्ष दुर्गेश सिंह को उम्मीदवार बनाया था। शुरुआती कुछ चरण के बाद ही कांग्रेस उम्मीदवार ने जदयू प्रत्याशी शैलेश कुमार पर बढ़त बनाना शुरू कर दिया। प्रथम तीन राउंड की गिनती में शैलेश कुमार 477 मतों से आगे रहे। लेकिन चौथे राउंड में शैलेश कुमार कांग्रेस उम्मीदवार से 57 वोट से पीछे हो गए ।एक बार बढ़त बनाने के बाद फिर कांग्रेस उम्मीदवार ने शैलेश कुमार को कभी आगे नहीं होने दिया। कांग्रेस प्रत्याशी के पक्ष में जहां महागठबंधन के कोर वोटर पूरी तरह से एकजुट रहे ।वहीं कांग्रेस प्रत्याशी ने सवर्ण वोटों में भी जबरदस्त सेंधमारी की।
