महिला नक्सली दस्ते पुलिस के लिए चुनौती अनेकों घटनाओं में महिला नक्सलियों ने दी है धमक। गंगा रजक। मुंगेर। नक्सलियों ने महिला नक्सलियों की धमक से जिला खुफिया एवं पुलिस की कान खड़ी कर दी है और सनसनी भी फैल गई है पुलिस के लिए यह बड़ी चुनौती है। पूर्व की घटना को देखे तो कजरा में पुलिस को खुले आम महिला नक्सलियों द्वारा सजा दी गई। एसपी केसी सुरेंद्र बाबू को उड़ाया गया। पर खच्चे उड़ गए थे । रतनपुर स्टेशन को आग के हवाले कर दिया गया अनेकों रेल कर्मियों को बंधक बनाकर ट्रेक को रोकना लेवी लेने सहित अन्य वारदात है।नक्सलियों में महिला नक्सलियों पर पुलिस कभी ध्यान नहीं दी है। जबकि अनेकों घटनाओं में महिला दस्ता ने अपनी उपस्थिति दर्शाया है। कहीं ऐसा तो नहीं कि महिला दस्ता ही सूचना तंत्र का कार्य देख रही हो । जब महिला दस्ता अपराधिक घटनाओं में शामिल हो सकती है , तो अन्य कार्यों में क्यों नहीं ? इसके लिए पुलिस को अब महिला खुफिया दस्ता बनाना होगा । जो नक्सलियों के खुफिया तंत्र को इकट्ठा करेगी। इस का सेल ही अलग बनाना होगा। ज्ञात हो कि खड़गपुर में दो गला रेतकर पुरुष नक्सली के साथ महिला नक्सली ने अपनी धमक देकर सनसनी फैला दी है। नक्सली 10 से अधिक की संख्या में थे।
