जिले में अनेक विद्यालयों में नही है शिक्षक। पूर्व में अतिथि शिक्षकों से लिया जाता रहा है कार्य। परन्तु प्राचार्यो के डिमांड के बाद भी विद्यालयों में नही है कोई आदेश। नही जा रहे अतिथि शिक्षक। विद्यार्थियों का भविष्य अंधकारमय। क्या होगा इस सत्र का रिजल्ट।