जवाहर ज्योति बाल विकास केन्द्र, समस्तीपुर एवं पैरवी, नई दिल्ली के संयुक्त तत्वावधान में *अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस* के अवसर पर *संवाद "तलाश नये अवसर की"* का आयोजन क्रांति ज्योति सावित्री बाई फुले सभा भवन, इडेन वेलफेयर ट्रस्ट, बलभद्रपुर दुधपुरा, समस्तीपुर में किया गया। संवाद कार्यक्रम की अध्यक्षता जवाहर ज्योति बाल विकास केन्द्र की कोषाध्यक्ष सह समाजवादी महिला सभा की संयोजक वीणा कुमारी तथा संचालन किरण कुमारी नें किया।अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महिलाओं के हक, न्यायपूर्ण जीवन सहित किशोरियों के साथ सम्मानपूर्ण जीवन के लिए आयोजित संवाद कार्यक्रम में बीड़ी बनाने के काम लगी नगमा खातुन और अफसाना खातुन नें बताया कि आजादी के इतने साल बाद भी बीड़ी बनाने वाली महिला मजदूरों को 35.00 रुपये दैनिक आमदनी में अपनें 5-6 सदस्यों वाले परिवार का गुजारा करना होता है। संवाद कार्यक्रम के दौरान आस पास के बच्चों, किशोरियों के साथ होने वाले शारीरिक हिंसा, दूर्व्यपार, यौन हिंसा, बाल विवाह, बाल श्रम जैसे सामाजिक-सांस्कृतिक बुराई को दूर करने पर बल दिया गया। जवाहर ज्योति बाल विकास केन्द्र की कार्यकर्ता अंजू कुमारी तथा शीतल कुमारी नें बताया कि बदलते परिवेश में हमें अपनें सोंच को बदलना पड़ेगा। समस्तीपुर झुग्गी की रहनेवाली राजु देवी तथा नरघोघी की रुख्सार प्रवीण नें बताया कि लॉकडाऊन के कारण हमारा गुजर बसर करना कठिनहो गया है। विस्तृत जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।