जोरदार प्रशासनिक विरोध के बाद जलमग्न समस्तीपुर शहर से मुख्य नाला उड़ाही कर जल निकासी की मांग के मद्देनजर बुधवार से प्रशासन द्वारा नाला सफाई शुरू किया गया लेकिन इसमें भी भ्रष्टाचार हावी है. मौके पर नियुक्त इंजिनियर के गायब रहने से कुछ स्थानीय लोगों के ईशारे पर अखज निकालने के नाम पर जेसीबी चालक द्वारा दुकानदार से वसूली कर सलैब समेत बिना सफाई किये नाले छोड़ दिया जाता है एवं कहीं गैर जरूरी रहने पर भी सलैब हटाकर रास्ता बाधित कर दिया जाता है. इसका दर्जनों उदाहरण सर्किट हाउस से पश्चिम मुख्य सड़क किनारे देखा जा सकता है. पानी निकलना बंद है लेकिन सलैब नहीं हटाया गया जबकी शहर के विवेक- विहार मुहल्ला को जोड़ने वाले सड़क के नाले के सलैब को तोड़कर रास्ता बाधित कर दिया गया है. भाकपा माले जिला स्थाई समिति सदस्य सुरेन्द्र प्रसाद सिंह ने जिलाधिकारी श्री शशांक शुभंकर से हस्तक्षेप कर मुख्य नाले को एक ओर से शुरू से अंत तक सफाई कर जल निकासी सुचारू रूप से कराने की मांग की है। पूरी जानकारी के लिए लिंक को अभी क्लिक करें।