झारखण्ड राज्य के हज़ारीबाग़ जिला से राज कुमार मेहता मोबाइल वाणी के माध्यम से यह बताना चाहते हैं कि महिलाओं को संपत्ति में बेटों के बराबर अधिकार मिलता है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश है कि महिलाओं को जन्म से ही जमीन में अधिकार मिलना चाहिए। महिलाओं को बहुत से अधिकार से वंचित रखा जाता है। हिन्दू उत्तराधिकारी अधिनियम 2005 और 2020 के सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद स्पष्ट हुआ है कि महिलाओं को जमीन में पुरुषों के बराबर अधिकार दिया जायेगा।