झारखण्ड राज्य के हज़ारीबाग़ जिला से राज कुमार मेहता मोबाइल वाणी के माध्यम से यह बताना चाहते हैं कि सामाजिक दबाव और प्रचलित सांस्कृतिक प्रथाएं भूमि पर अपने अधिकार का दावा करने से रोकती है। यदि संपत्ति उनके नाम पर है तो चाहे वह उनके माता या पिता के पक्ष में हो या उनके ससुराल पक्ष में हो महिलाओं को उनका हिस्सा भाई या परिवार के किसी अन्य पुरुष के पक्ष में देने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है
