उत्तर प्रदेश राज्य के वाराणसी जिले से हमारे श्रोता जानकारी दे रहे हैं की,वाराणसी जिला में विंडो ब्लॉक के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र वहां से स्वच्छता अभियान की आशा बहुएं गांव में जाकर स्वच्छता के बारे में समझ रही है लेकिन गांव में अभी तक देखा जाए तो ऐसे ही सब पड़े हैं जैसे कि ना तो गलत पहनना और नहीं नाली की व्यवस्था है जबकि पानी बहता है जिस बीमारी होती है और गड्ढा खान के बर्तन धोते हैं उसका भी अपनी उसी में जमा रहता है तो यह सब सुधर नहीं हो पा रहा है तो किस लिए इसलिए माना जाए की स्वच्छता अभियान चला रहा है चला जा रहा है जो वह जमीनी स्तर पर कोई फर्क पड़ता है

सुनिए डॉक्टर स्नेहा माथुर की संघर्षमय लेकिन प्रेरक कहानी और जानिए कैसे उन्होंने भारतीय समाज और परिवारों में फैली बुराइयों के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाई! सुनिए उनका संघर्ष और जीत, धारावाहिक 'मैं कुछ भी कर सकती हूं' में...

"गांव आजीविका और हम" कार्यक्रम के तहत हमारे कृषि विशेषज्ञ कपिलदेव शर्मा बदलते मौसम में पशुओं की विशेष देखभाल और इस समय होने वाले पशुओं में विभिन्न रोगों की जानकारी दे रहें हैं । अधिक जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें

दोस्तों, प्रधानमंत्री के पद पर बैठे , किसी भी व्यक्ति से कम से कम इतनी उम्मीद तो कर ही सकते हैं कि उस पद पर बैठने वाला व्यक्ति पद की गरिमा को बनाए रखेगा। लेकिन कल के भाषण में प्रधानमंत्री ने उसका भी ख्याल नहीं रखा, सबसे बड़ी बात देश के पूर्व प्रधानमंत्री के खिलाफ खुले मंच से झूठ बोला। लोकतंत्र में आलोचना सर्वोपरि है वो फिर चाहे काम की हो या व्यक्ति की, सवाल उठता है कि आलोचना करने के लिए झूठ बोलना आवश्यक है क्या? दोस्तों आप प्रधानमंत्री के बयान पर क्या सोचते हैं, क्या आप इस तरह के बयानों से सहमत हैं या असहमत, क्या आपको भी लगता है कि चुनाव जीतने के लिए किसी भी हद तक जाना अनिवार्य है, या फिर आप भी मानते हैं कि कम से कम एक मर्यादा बनाकर रखी जानी चाहिए चाहे चुनाव जीतें या हारें। चुनाव आयोग द्वारा कोई कार्रवाई न करने पर आप क्या सोचते हैं। अपनी राय रिकॉर्ड करें मोबाइलवाणी पर।

जिस तरह एक देश का विकास ज़रूरी है, उसी तरह प्रकृति भी हमारे लिए बहुत ज़रूरी है। औद्योगिक गतिविधियों के कारण प्रकृति को काफी क्षति पहुंची है।आज के समय वैश्विक ताप वृद्धि, जलवायु परिवर्तन, प्रदूषण जैसी कई बड़ी समस्याएं हमारे समक्ष खड़ी हैं। लोगों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता फ़ैलाने और धरती संरक्षण को लेकर प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से हर वर्ष 22 अप्रेल को विश्व पृथ्वी दिवस मनाया जाता है। पृथ्वी दिवस को मनाने की शुरुआत साल 1970 में हुई थी।

"गांव आजीविका और हम" कार्यक्रम के अंतर्गत कृषि विशेषज्ञ जीवदास साहू गर्मी के मौसम में धनिया की खेती कैसे करनी चाहिए,इसके बारे में जानकारी दे रहे हैं। सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें.

सुनिए डॉक्टर स्नेहा माथुर की संघर्षमय लेकिन प्रेरक कहानी और जानिए कैसे उन्होंने भारतीय समाज और परिवारों में फैली बुराइयों के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाई! सुनिए उनका संघर्ष और जीत, धारावाहिक 'मैं कुछ भी कर सकती हूं' में...

Transcript Unavailable.

उत्तरप्रदेश राज्य से अरूण यादव मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे अभी दिन प्रति दिन धुप बढ़ रही है और लू चल रही है। लू से बचने के लिए हमे सावधानी बरतनी चाहिए। लू से बचने के लिए फ्रिज का पानी ना पीये साथ ही अपने साथ हमेशा एक प्याज लेकर चलें

"गांव आजीविका और हम" कार्यक्रम के तहत हमारे कृषि विशेषज्ञ कपिलदेव शर्मा पपीता के फसल में वृक्ष रोपण के छह महीने बाद प्रति पौधा उर्वरक देना चाहिए की जानकारी दे रहें हैं । अधिक जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें